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इच्छामृत्यु: बीमार पत्नी को ठेले में लेकर तहसील पहुंचा पति, बोला-साहब इलाज करा दो या मौत दिला दो

Thu, 08 Apr 2021 01:45 PM IST
विक्रांत चतुर्वेदी संवाद न्यूज एजेंसी, हापुड़
संवाद न्यूज एजेंसी, हापुड़ Published by: विक्रांत चतुर्वेदी Updated Thu, 08 Apr 2021 01:45 PM IST
सार

  • आयुष्मान कार्ड धारक होने के बावजूद नहीं मिला उपचार
  • पैनल में शामिल निजी अस्पताल पर हजारों रुपये ऐंठने का आरोप

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Hapur: A man who could not get treatment for a sick wife, asked for euthanasia
बीमार पत्नी को अस्पताल लेकर पहुंचा पति - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

आयुष्मान कार्ड धारक होने के बाद भी पत्नी का ठीक से इलाज न होने से परेशान बिजेंद्र बुधवार को उसे ठेले में लेकर तहसील पहुंच गया। यहां उन्होंने एसडीएम सत्य प्रकाश सिंह से पत्नी उर्मिला का इलाज कराने या उसे इच्छामृत्यु दिलाने की गुहार लगाई। उन्होंने बताया कि उर्मिला का आयुष्मान योजना के तहत कार्ड बना हुआ है। उसके बाद भी वह दो साल से इलाज के लिए भटक रही है। बिजेंद्र ने आरोप लगाया कि पैनल में शामिल एक निजी अस्पताल ने जांच के नाम पर उससे हजारों रुपये ऐंठ लिए और बाद में बिना उपचार दिए अस्पताल से निकाल दिया।  

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तहसील पहुंचे हापुड़ के मोहल्ला कन्हैयापुरा निवासी बिजेंद्र ने बताया कि वह माल ठेला चलाकर अपने परिवार का गुजर बसर करता है। उसकी 49 वर्षीय पत्नी उर्मिला कई गंभीर बीमारियों से पीड़ित है। सरकार की आयुष्मान योजना में उसका परिवार शामिल है। उर्मिला का आयुष्मान कार्ड भी बना हुआ है। उसके बाद भी वह पत्नी का इलाज कराने के लिए दो साल से अस्पतालों के चक्कर लगा रहे हैं। जिस भी अस्पताल में जाते हैं, वहां से बाद में आने को कहकर टरका दिया जाता है। 
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उन्होंने एसडीएम से कहा कि दर्द से कराहती पत्नी को घर में तड़पता देखा नहीं जाता है। उनके पास इतने पैसे भी नहीं हैं कि वह निजी अस्पताल में पत्नी का इलाज करा सके, इसलिए पत्नी को इच्छामृत्यु दे दी जाए। बताया कि उन्होंने उर्मिला को आयुष्मान योजना के पैनल में शामिल एक अस्पताल में भर्ती कराया, जहां उससे जांच प्राइवेट तौर पर कराने की बात कही गई। इसके लिए 2650 रुपये की मांग की गई। उसने पड़ोसियों से उधर पैसे लेकर जांच कराई। जांच में फेफड़ों में संक्रमण, ह्दय संबंधी बीमारी, शुगर, हार्निया, पथरी पायी गई।
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आरोप है कि अस्पताल द्वारा उनकी पत्नी को बिना उपचार दिए ही यह कहकर घर भेज दिया कि घर पर व्यायाम आदि कराएं, इसी से वह स्वस्थ हो जाएंगी। इससे परेशान बिजेंद्र बुधवार को हापुड़ तहसील पहुंचा और एसडीएम को ज्ञापन देकर आपबीती सुनाई। इस बारे में एसडीएम सत्य प्रकाश सिंह का कहना है कि एक बुजुर्ग प्रार्थना पत्र लेकर कार्यालय में आया है, जिसमें इच्छामृत्यु देने की बात कही गई थी। 


मामला स्वास्थ्य विभाग से जुड़ा था इसलिए उसे समझाकर स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों के पास जाने को कहा है। मामले से स्वास्थ्य विभाग के अफसरों को भी अवगत करा दिया है। उधर, मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. रेखा शर्मा ने बताया कि मामला अभी उनकी जानकारी में नहीं आया है। इस तरह की परेशानी है तो मरीज उनके पास आए। बेहतर उपचार कराया जाएगा, किसी भी मरीज को परेशान नहीं होने दिया जाएगा।

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