{"_id":"583465e94f1c1b2b2513b227","slug":"finance-companies-perform-against-women","type":"story","status":"publish","title_hn":" फाइनेंस कंपनियों के खिलाफ महिलाओं ने किया प्रदर्शन ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
फाइनेंस कंपनियों के खिलाफ महिलाओं ने किया प्रदर्शन
ब्यूरो, अमर उजाला/ हापुड़
Updated Tue, 22 Nov 2016 09:18 PM IST
विज्ञापन
महिलाओं ने किया प्रदर्शन
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
निजी फाइनेंस कंपनियों द्वारा दिए गए ऋण के किश्त के रूप में नए नोट मांगे जाने के विरोध में मंगलवार को सैकड़ों महिलाओं ने नगर पालिका के सामने प्रदर्शन किया। इस दौरान महिलाओं ने तीन घंटे तक हाईवे पर जाम लगा दिया।
विज्ञापन
हाईवे पर जाम की सूचना से पुलिस-प्रशासनिक अफसरों में हड़कंप मच गया। अफसरों ने जैसे-तैसे महिलाओं को समझाकर जाम खुलवाकर यातायात सुचारू करवाया। वहीं, जाम में फंसे लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
विज्ञापन
निजी फाइनेंस कंपनियों द्वारा किश्त के रूप में पुराने नोट नहीं लेने के विरोध में सोमवार को महिलाओं ने कलक्ट्रेट में अधिकारियों से समस्या का समाधान करने की मांग की थी।
विज्ञापन
समस्या का समाधान नहीं होने पर मंगलवार को महिलाएं एक बार फिर कलक्ट्रेट पहुंची और नगर पालिका के बाहर गढ़-दिल्ली रोड पर जाम लगा दिया। जाम की सूचना पर तहसीलदार सुभाष सिंह ही मौके पर पहुंचे और महिलाओं को समझाने का प्रयास किया।
महिलाओं का कहना था कि फाइनेंस कंपनियों के कर्मचारी उनसे जबरन उगाही कर रहे हैं। उनके साथ बदसलूकी और मारपीट तक की जा रही है। तहसीलदार ने महिलाओं को समस्या के समाधान का आश्वासन दिया।
वहीं करीब तीन घंटे बाद जाम खुलने से लोगों ने राहत की सांस ली। इस दौरान भारी पुलिस बल तैनात रहा। एसडीएम प्रेम प्रकाश ने बताया कि अगर कोई फाइनेंस कर्मचारी महिलाओं का किसी भी प्रकार से उत्पीड़न करता है तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
वहीं गढ़ में भी महिलाओं ने मंगलवार को तहसील मुख्यालय का घेराव किया। दो घंटे बीतने के बाद भी कोई अधिकारी उनका दुखड़ा सुनने नहीं आया तो महिलाओं ने चौपले पर पहुंचकर जाम लगा दिया।
पुलिस जाम लगा रही महिलाओं को समझाने की कोशिश की, मगर महिलाएं टस से मस नहीं हुईं। इस पर पुलिस ने लाठियां फटकार कर महिलाओं को खदेड़कर जाम खुलवाया।
वहीं, इंस्पेक्टर समरजीत सिंह का कहना है कि पुलिस ने धरने पर बैठीं महिलाओं को समझा बुझाकर जाम खुलवाया। लाठियां फटकारने की बात बेबुनियाद है। इस दौरान सलमा, सुमन, लच्छो, जमीला, खुरशैदी समेत सैकड़ों महिलाएं मौजूद रहीं।
जाम के दौरान निकलने का प्रयास कर रहे कुछ लोगों की महिलाओं ने धुनाई कर दी। महिलाओं ने लोगों के साथ गाली-गलौच भी की। इस दौरान पुलिस पूरी तरह से मूकदर्शक बनी रही। जैसे तैसे लोगों ने अपनी जान बचाई।
जाम के दौरान कई महिलाएं बेहोश होकर सड़क पर गिर गईं। काफी देर तक ये महिलाएं सड़क पर पड़ी रहीं। साथी महिलाओं ने जैसे तैसे इन्हें होश में लाया। हालांकि, पुलिस इस पूरे प्रकरण को नौटंकी करार देती रही।