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88 लाख के घोटाले में पूर्व प्रिंसिपल को जेल
अमर उजाला, धौलाना
Updated Tue, 23 Feb 2016 09:18 PM IST
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88 लाख रुपये का घोटाला करने के आरोप समाना स्थित एक इंटर कॉलेज के पूर्व प्रधानाचार्य को जेल भेज दिया गया है। जांच प्रभावित करने के लिए वित्त नियंत्रक माध्यमिक शिक्षा निदेशालय के नाम से डीआईओएस के पास फर्जी लेटर भी भेजा था।
समाना स्थित एक इंटर कॉलेज के प्रिंसिपल राजपाल सिंह पुत्र रामभूल सिंह ने गांव नरायणपुर निवासी पूर्व प्रधानाचार्य प्रताप सिंह पर 88 लाख 32 हजार रुपये की वित्तीय अनियमितताओं का आरोप लगाया है।
कॉलेज प्रबंध समिति ने मामले की शिकायत जिला विद्यालय निरीक्षक से की। जांच में पाया गया कि कॉलेज के खाता संख्या 876622058517 से करीब 88 लाख बिना प्रबंधक की सहमति से निकाल लिए गए हैं।
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जांच के दौरान पाया कि पूर्व प्रधानाचार्य प्रताप सिंह ने समाना स्थित सिंडिकेट बैंक की शाखा से गलत तरीके से वित्तीय धांधली की, जबकि प्रबंधक व प्रधानाचार्य का संयुक्त खाता है।
यही नहीं जिला विद्यालय निरीक्षक द्वारा जांच को प्रभावित करने के लिए वित्त नियंत्रक माध्यमिक शिक्षा निदेशालय के नाम से पत्र लिखकर दखलंदाजी की गई।
पुलिस ने प्रधानाचार्य राजपाल सिंह की तहरीर पर पूर्व प्रिंसिपल प्रताप सिंह के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर जेल भेज दिया।
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समाना स्थित एक इंटर कॉलेज के प्रिंसिपल राजपाल सिंह पुत्र रामभूल सिंह ने गांव नरायणपुर निवासी पूर्व प्रधानाचार्य प्रताप सिंह पर 88 लाख 32 हजार रुपये की वित्तीय अनियमितताओं का आरोप लगाया है।
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कॉलेज प्रबंध समिति ने मामले की शिकायत जिला विद्यालय निरीक्षक से की। जांच में पाया गया कि कॉलेज के खाता संख्या 876622058517 से करीब 88 लाख बिना प्रबंधक की सहमति से निकाल लिए गए हैं।
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जांच के दौरान पाया कि पूर्व प्रधानाचार्य प्रताप सिंह ने समाना स्थित सिंडिकेट बैंक की शाखा से गलत तरीके से वित्तीय धांधली की, जबकि प्रबंधक व प्रधानाचार्य का संयुक्त खाता है।
यही नहीं जिला विद्यालय निरीक्षक द्वारा जांच को प्रभावित करने के लिए वित्त नियंत्रक माध्यमिक शिक्षा निदेशालय के नाम से पत्र लिखकर दखलंदाजी की गई।
पुलिस ने प्रधानाचार्य राजपाल सिंह की तहरीर पर पूर्व प्रिंसिपल प्रताप सिंह के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर जेल भेज दिया।