{"_id":"5914aaa44f1c1ba74a85123f","slug":"the-sheep-slaughtered-the-shepherd-s-feet-death","type":"story","status":"publish","title_hn":"भेड़ को नहलाते चरवाहे का फिसला पैर, मौत ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
भेड़ को नहलाते चरवाहे का फिसला पैर, मौत
अमर उजाला ब्यूरो, हमीरपुर
Updated Thu, 11 May 2017 11:47 PM IST
विज्ञापन
राठ में पोस्टमार्टम हाउस में गमगीन बैठे परिजन।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कोतवाली के बड़ा गांव के एक खेत में बने तालाब में भेड़ को नहलाते समय चरवाहा का पैर फिसल गया। इससे उसकी डूबने से मौत हो गई। सूचना पर पहुंची कोतवाली पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराया है।
बड़ा गंाव निवासी बृजेश पाल (27) पुत्र विश्वनाथ पाल भेड़ पालन कर अपने परिवार का गुजर बसर करता था। गुरुवार की सुबह वह अपनी करीब 40 भेड़ों को चराने के लिए खेतों की ओर निकल गया। दोपहर करीब 12 बजे बृजेश श्यामला देवी मार्ग पर फूलसिंह के खेत में बने तालाब के किनारे पहुंचा। उस दौरान उसके साथ उसकी पत्नी अनीता भी थी। बृजेश के चचेेरे चाचा गोविंद दास पाल ने बताया कि बृजेश एक भेड़ को पानी के अंदर ले गया और उसे नहलाने लगा।
इसी बीच उसका पैर फिसल गया और वह गहरे पानी में डूब गया। किनारे पर अन्य भेड़ों की रखवाली कर रही पत्नी ने जब डूबता देखा तो चिल्लाई। खेतों के आसपास काम कर रहे लोगों ने आवाज सुनी तो दौड़ पड़े। तब तक बृजेश पानी में डूब चुका था। लोगों ने कड़ी मशक्कत के बाद उसे पानी से बाहर निकाला। बताया कि बीते साल फूलसिंह ने खेत में बने तालाब की गहरी खुदाई कराई थी। तालाब की गहराई करीब 20 फीट बताई जाती है। बताया कि बृजेश को गहराई का पता नहीं था। पति की मौत पर पत्नी और मां बाप का रोरोकर बुराहाल है। मृतक अपने पीछे दो मासूम बच्चे छोड़ गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन
बड़ा गंाव निवासी बृजेश पाल (27) पुत्र विश्वनाथ पाल भेड़ पालन कर अपने परिवार का गुजर बसर करता था। गुरुवार की सुबह वह अपनी करीब 40 भेड़ों को चराने के लिए खेतों की ओर निकल गया। दोपहर करीब 12 बजे बृजेश श्यामला देवी मार्ग पर फूलसिंह के खेत में बने तालाब के किनारे पहुंचा। उस दौरान उसके साथ उसकी पत्नी अनीता भी थी। बृजेश के चचेेरे चाचा गोविंद दास पाल ने बताया कि बृजेश एक भेड़ को पानी के अंदर ले गया और उसे नहलाने लगा।
विज्ञापन
इसी बीच उसका पैर फिसल गया और वह गहरे पानी में डूब गया। किनारे पर अन्य भेड़ों की रखवाली कर रही पत्नी ने जब डूबता देखा तो चिल्लाई। खेतों के आसपास काम कर रहे लोगों ने आवाज सुनी तो दौड़ पड़े। तब तक बृजेश पानी में डूब चुका था। लोगों ने कड़ी मशक्कत के बाद उसे पानी से बाहर निकाला। बताया कि बीते साल फूलसिंह ने खेत में बने तालाब की गहरी खुदाई कराई थी। तालाब की गहराई करीब 20 फीट बताई जाती है। बताया कि बृजेश को गहराई का पता नहीं था। पति की मौत पर पत्नी और मां बाप का रोरोकर बुराहाल है। मृतक अपने पीछे दो मासूम बच्चे छोड़ गया है।
विज्ञापन