फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Hamirpur News ›   Maulana sentenced to life imprisonment for raping a girl in a mosque

Hamirpur News: मस्जिद में बच्ची से दुष्कर्म करने वाले मौलाना को उम्रकैद

Sat, 23 May 2026 12:08 AM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Sat, 23 May 2026 12:08 AM IST
विज्ञापन
Maulana sentenced to life imprisonment for raping a girl in a mosque
हमीरपुर। कुरारा थाना क्षेत्र के एक गांव की मस्जिद में 11 वर्षीय बच्ची से दुष्कर्म करने के मामले में पॉक्सो कोर्ट के विशेष न्यायाधीश अनिल कुमार खरवार ने आरोपी मौलाना मुन्तजिर आलम को दोषी करार देते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई है। घटना ढाई वर्ष पहले 29 नवंबर 2023 को हुई थी। कोर्ट ने दोषी पर 25 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। अदालत ने अपने आदेश में सख्त टिप्पणी करते हुए कहा कि धार्मिक स्थलों पर ऐसे अपराध समाज को कलंकित करते हैं। दोषी को उसके शेष प्राकृतिक जीवनकाल तक जेल में रहना होगा।
विज्ञापन


कुरारा थाना क्षेत्र के एक गांव की मस्जिद में बिहार के गांव कोचगढ़ जिला पूर्णिया निवासी मुन्तजिर आलम मौलाना के रूप में धर्म की शिक्षा देता था। गांव निवासी पीड़िता के बड़े पापा ने पुलिस को सूचित किया था कि उसकी भतीजी अपने भाइयों के साथ मस्जिद में पढ़ने गई थी। जहां मुन्तजिर आलम ने भाइयों को पढ़ाई में लगाकर बच्ची को कमरे में ले गया और दुष्कर्म किया। पीड़िता ने घर पहुंचकर अपनी दादी को पूरी घटना बताई थी। इसके बाद पुलिस को शिकायत दी गई और प्राथमिकी दर्ज की गई।
विज्ञापन



पुलिस ने शिकायत के आधार पर प्राथमिकी दर्ज कर आरोपी मुन्तजिर आलम को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया। पीड़िता का चिकित्सीय परीक्षण कराया गया और ब्लड के नमूने प्रयोगशाला भेजे गए। पीड़िता के बयान मजिस्ट्रेट के समक्ष 161 और 164 के तहत दर्ज किए गए। पुलिस ने सभी साक्ष्य जुटाकर आरोपी के खिलाफ कोर्ट में आरोप पत्र दाखिल किया था।
विज्ञापन
विज्ञापन



सुनवाई के दौरान पीड़िता ने अदालत में बयान दिया कि उसे बहाने से कमरे में बुलाया गया। उसने यह भी बताया कि विरोध करने पर उसे जान से मारने की धमकी दी गई थी। अदालत ने पीड़िता के बयान, मेडिकल साक्ष्य, प्रयोगशाला रिपोर्ट और अन्य गवाहों की गवाही को आधार बनाया। इन सभी सबूतों के आधार पर आरोपी को दोषी ठहराया गया और उम्रकैद की सजा सुनाई गई।


कोर्ट में दोषी को शेष प्राकृतिक जीवनकाल तक जेल में रहने का आदेश दिया है। 25 हजार रुपये का अर्थदंड न देने पर उसे एक वर्ष का अतिरिक्त साधारण कारावास भुगतना होगा। धारा 506 के तहत एक वर्ष के कठोर कारावास और एक हजार रुपये अर्थदंड की सजा भी सुनाई गई। अदालत ने जिला विधिक सेवा प्राधिकरण को पीड़िता को पीड़ित प्रतिकर योजना का लाभ दिलाने का निर्देश दिया है।





अदालत ने कहा, दोषियों के प्रति दया दिखाना न्याय के साथ अन्याय

फैसले में अदालत ने टिप्पणी की है कि समाज में बच्चे धार्मिक स्थलों पर भी सुरक्षित नहीं हैं। जब किसी मस्जिद या धार्मिक स्थल का धर्मगुरु ही इस तरह का अपराध करे तो उसका दुष्प्रभाव कई गुना बढ़ जाता है। अदालत ने कहा कि ऐसे मामलों में दोषियों के प्रति दयाभाव दिखाना न्याय के साथ अन्याय होगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed