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13 साल की लड़की की चोटी कटी, गांव में दहशत

Thu, 31 Aug 2017 12:04 AM IST
Updated Thu, 31 Aug 2017 12:04 AM IST
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13 साल की लड़की की चोटी कटी, गांव में दहशत
अमर उजाला ब्यूरो
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हमीरपुर।
जिला मुख्यालय के साथ लगती एक पंचायत में 13 साल की लड़की की चोटी कटी है। चोटी कटने की सूचना फैलने से गांव में दहशत का माहौल है। पीड़ित की पहचान पलक ठाकुर पुत्री उधम सिंह निवासी गांव रिहालड़ी डाकघर झनियारा हमीरपुर के रूप में हुई है। हमीरपुर थाना से पुलिस टीम मौके पर पहुंची और मामले की तफ्तीश शुरू की। पुलिस ने पीड़ित लड़की का क्षेत्रीय अस्पताल हमीरपुर में मेडिकल करवाया और सैंपल जांच के लिए फोरेंसिक लैब भेज दिया है। लड़की के पिता उधम सिंह ने बताया कि मंगलवार रात्रि भोजन करने के बाद बड़ी बेटी शिवानी ठाकुर (15), पलक ठाकुर (13), और बेटा ईशु ठाकुर (11) तीनों एक कमरे में सोए थे। शिवानी दसवीं कक्षा में पढ़ती है जबकि पलक नौंवी और ईशु सातवीं कक्षा में पढ़ता है। सुबह छह बजे बड़ी बेटी उठने के बाद घर के कामकाज में हाथ बंटा रही थी। थोड़ी देर में दूसरी बेटी पलक भी उठ गई। बिस्तर से उठते ही पलक ने देखा कि उसकी चोटी कटी हुई है, उसने जोर-जोर से चिल्लाना शुरू किया। परिवार के सभी सदस्य जब एकत्रित हुए तो देखा कि बेटी पलक की चोटी कटी हुई थी। उन्होंने घर के कमरों में भी देखा लेकिन कहीं कोई जीव-जंतु नहीं दिखा। इसके बाद बच्चों से भी पूछताछ की गई लेकिन सभी ने इनकार किया। इसके बाद पुलिस को सूचना दी गई। एएसआई प्रवीण कुमार के नेतृत्व में पुलिस टीम और पंचायत प्रतिनिधि मौके पर पहुंचे।
एसएचओ हमीरपुर कुलदीप कुमार ने कहा कि झनियारा पंचायत के गांव रिहालड़ी में चोटी काटने की सूचना मिलने के बाद पुलिस टीम को मौके पर भेजा था। पुलिस ने मेडिकल करवाने के बाद मामले की जांच शुरू कर दी है।
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हमीरपुर में रहते हैं सबसे अधिक प्रवासी
जिला मुख्यालय हमीरपुर में सबसे अधिक प्रवासी रहते हैं। झनियारा पंचायत में भी प्रवासी लोगों की बहुत ज्यादा तादात है। निवासी सुरेश कुमार ने कहा कि जिला प्रशासन के आदेशों के बावजूद अधिकतर प्रवासियों का संबंधित थाने में कोई पंजीकरण नहीं हुआ है। सुरेश ने कहा कि जिस कमरे में तीनों बच्चे सोए हुए थे, उस कमरे में भीतर से कोई लॉक नहीं लगाया गया था। इसके चलते यह किसी व्यक्ति की शरारत भी हो सकती है। उन्होंने जिला प्रशासन से कार्रवाई करने की मांग की है।
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