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फैक्टरी के आवासीय परिसर में छात्र फांसी पर झूला हुई मौत
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भरुआसुमेरपुर। फैक्टरी की आवासीय कॉलोनी में शनिवार की रात कंपनी के एक वर्कर के पुत्र ने फांसी लगा ली। वह कक्षा दसवीं का छात्र था। घटना के समय पिता ड्यूटी पर था। सुबह परिजन पुलिस को बगैर सूचित किए शव लेकर गांव के लिए रवाना हो गए।
बिहार प्रांत के सीवान शहर निवासी अखिलेश सिंह पिछले कई वर्षों से कस्बे के एक फैक्टरी में नौकरी कर रहे थे। पांच वर्षों से वह पत्नी एवं बेटे के साथ कंपनी के आवासीय कॉलोनी में रहते थे। उनका पुत्र अंकुर सिंह (17) मुख्यालय के सरदार पटेल इंटर कॉलेज में कक्षा 10 में पढ़ता था। शनिवार रात पिता के ड्यूटी जाने के बाद इसमें मां के कमरे की कुंडी बाहर से बंद कर दी। दूसरे कमरे में जाकर अंदर से दरवाजा बंद कर चादर के सहारे फांसी में झूल गया। सुबह मां की आंख खुलने के बाद घटना का पता चल सका। पत्नी की सूचना पर ड्यूटी छोड़कर घर आए पिता ने किसी तरह से दरवाजा तोड़कर शव को नीचे उतारा, तब तक उसकी मौत हो गई थी।
चर्चा है कि फांसी लगाने से पूर्व छात्र ने किसी से फोन पर काफी देर तक बात भी की थी। इसके बाद घटना को अंजाम दिया। परिजन पुलिस को बगैर सूचित किए शव को लेकर गांव चले गए हैं। घटना का मुख्य कारण क्या है इसका पता अभी नहीं चल सका है। फैक्ट्री मैनेजर मनोज गुप्ता ने बताया कि सुपरवाइजर अखिलेश सिंह के पुत्र ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर लेने की जानकारी मिली है।
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बिहार प्रांत के सीवान शहर निवासी अखिलेश सिंह पिछले कई वर्षों से कस्बे के एक फैक्टरी में नौकरी कर रहे थे। पांच वर्षों से वह पत्नी एवं बेटे के साथ कंपनी के आवासीय कॉलोनी में रहते थे। उनका पुत्र अंकुर सिंह (17) मुख्यालय के सरदार पटेल इंटर कॉलेज में कक्षा 10 में पढ़ता था। शनिवार रात पिता के ड्यूटी जाने के बाद इसमें मां के कमरे की कुंडी बाहर से बंद कर दी। दूसरे कमरे में जाकर अंदर से दरवाजा बंद कर चादर के सहारे फांसी में झूल गया। सुबह मां की आंख खुलने के बाद घटना का पता चल सका। पत्नी की सूचना पर ड्यूटी छोड़कर घर आए पिता ने किसी तरह से दरवाजा तोड़कर शव को नीचे उतारा, तब तक उसकी मौत हो गई थी।
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चर्चा है कि फांसी लगाने से पूर्व छात्र ने किसी से फोन पर काफी देर तक बात भी की थी। इसके बाद घटना को अंजाम दिया। परिजन पुलिस को बगैर सूचित किए शव को लेकर गांव चले गए हैं। घटना का मुख्य कारण क्या है इसका पता अभी नहीं चल सका है। फैक्ट्री मैनेजर मनोज गुप्ता ने बताया कि सुपरवाइजर अखिलेश सिंह के पुत्र ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर लेने की जानकारी मिली है।
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