फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Gorakhpur News ›   naturopathy day 2019 Mud bath by people in Gorakhpur makes into asian book of records

नेचुरोपैथी डे: सर्वांग मिट्टी लेपन का नया एशियन रिकॉर्ड गोरखपुर में बना

Mon, 18 Nov 2019 05:59 PM IST
अमर शर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, गोरखपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, गोरखपुर Published by: अमर शर्मा Updated Mon, 18 Nov 2019 05:59 PM IST
विज्ञापन
naturopathy day 2019 Mud bath by people in Gorakhpur makes into asian book of records
नेचुरोपैथी डे पर लोगों ने शरीर में कराया मिट्टी लेपन - फोटो : अमर उजाला
प्राकृतिक चिकित्सा के क्षेत्र में गोरखपुर का नाम अंतरराष्ट्रीय मानचित्र पर रविवार को दर्ज हो गया। शहर में भारत के सबसे पुराने प्राकृतिक चिकित्सालय आरोग्य मंदिर में 508 लोगों ने एक साथ सर्वांग मिट्टी लेपन नया एशियन रिकॉर्ड कायम किया। इससे पहले का एशियन रिकॉर्ड 302 लोगों का एक साथ सर्वांग मिट्टी लेपन का था। 
विज्ञापन


नेचुरोपैथी डे पर नया एशियन रिकॉर्ड कायम करने का जोश और जज्बा शहरवासियों में नजर आया। आरोग्य मंदिर में सर्वांग मिट्टी लेपन का कार्य सुबह 10 बजे से होना था लेकिन पंजीकरण के लिए सुबह आठ बजे से ही लोगों की लाइन लगने लगी थी। निर्धारित समय पर 25 प्रशिक्षित विशेषज्ञों ने 508 लोगों का सर्वांग मिट्टी लेपन किया। एशियन बुक ऑफ रिकॉर्ड की टीम और मीडिया की उपस्थिति में नया एशियन रिकॉर्ड दर्ज किया गया। मिट्टी सूखने के बाद सभी लोगों ने स्नान किया और रिकार्ड का हिस्सा बनने पर खुशी जताई। 
विज्ञापन

छह सप्ताह में 1549 लोगों ने किया मिट्टी लेपन स्नान

आरोग्य मंदिर के निदेशक डॉ. विमल कुमार मोदी ने बताया कि राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की 150वीं जयंती पर आरोग्य मंदिर गोरखपुर में दो अक्तूबर से प्रत्येक सप्ताह (रविवार को) सर्वांग मिट्टी लेपन कार्यक्रम शुरू किया गया था। 11 से 17 नवंबर तक प्रतिदिन सर्वांग मिट्टी का कार्य चला। इस दौरान 1549 लोगों ने निशुल्क सर्वांग मिट्टी लेपन का लाभ उठाया। 
विज्ञापन
विज्ञापन


डॉ. मोदी के अनुसार मिट्टी में शरीर के रोगों को नष्ट करने की अद्भुत क्षमता होती है। यह शरीर से विषाक्त तत्वों को चूस कर बाहर निकाल देती है। मिट्टी लेपन से त्वचा, स्नायु रोग, अनिद्रा, रक्तचाप, नस, जोड़ों का दर्द आदि बीमारियों में लाभ मिलता है।


विश्व प्राकृतिक चिकित्सा दिवस पर आरोग्य मंदिर में सर्वांग मिट्टी लेपन का एशियन रिकॉर्ड तोड़े जाने पर बेहद खुशी है। अगला लक्ष्य तीसरे नेचुरोपैथी डे 18 नवंबर 2020 पर अपने ही रिकॉर्ड को और बेहतर करना और अधिक से अधिक लोगों को प्राकृतिक चिकित्सा पद्धति से जोड़ना है। -डॉ. विमल कुमार मोदी, निदेशक आरोग्य मंदिर, गोरखपुर
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed