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बिजली उपकेंद्र संचालक ने 74.80 लाख रुपये हड़पे, केस दर्ज
Tue, 11 Jun 2019 12:21 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
क्राइम डेस्क, अमर उजाला, गोरखपुर।
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Published by: गोरखपुर ब्यूरो
Updated Tue, 11 Jun 2019 12:21 AM IST
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गोरखपुर। बिजली उपकेंद्र की देखरेख करने वाली फर्म के प्रोपराइटर पर गबन का मुकदमा दर्ज किया गया। आरोप है कि संचालक ने संविदा कर्मचारियों के वेतन और ईपीएफ के 74.80 लाख रुपये हड़प लिए हैं। अधिशासी अभियंता की तहरीर पर कैंट पुलिस केस दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है।
अप्रैल 2017 में मेसर्स शुक्ला इंटरप्राइजेज के प्रोपराइटर वेद प्रकाश शुक्ल को बिजली उपकेंद्र पादरी बाजार, खुटहन, भटहट और सरहरी को संचालित करने का ठेका मिला था। वेद प्रकाश ने उपकेंद्र पर कामकाज देखने के लिए संविदा पर एसएसओ और श्रमिक रखे थे। मार्च 2019 तक वेद प्रकाश ने कर्मचारियों के वेतन और ईपीएफ के मद में बिजली विभाग के 74.80 लाख रुपये लिए। पर कर्मचारियों के वेतन भुगतान व ईपीएफ की डिटेल बिजली विभाग के पोर्टल पर अपलोड नहीं किया था।
अधिकारियों कहना है कि कई बार पत्र लिखने के बाद भी फर्म के संचालक ने कोई जवाब नहीं दिया। विद्युत वितरण खंड प्रथम के अधिशासी अभियंता हवलदार रावत ने सोमवार को फर्म संचालक के खिलाफ कैंट पुलिस को तहरीर दी। उसके आधार पर पुलिस ने गबन का मुकदमा दर्ज किया। प्रभारी निरीक्षक कैंट रवि राय ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है।
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अप्रैल 2017 में मेसर्स शुक्ला इंटरप्राइजेज के प्रोपराइटर वेद प्रकाश शुक्ल को बिजली उपकेंद्र पादरी बाजार, खुटहन, भटहट और सरहरी को संचालित करने का ठेका मिला था। वेद प्रकाश ने उपकेंद्र पर कामकाज देखने के लिए संविदा पर एसएसओ और श्रमिक रखे थे। मार्च 2019 तक वेद प्रकाश ने कर्मचारियों के वेतन और ईपीएफ के मद में बिजली विभाग के 74.80 लाख रुपये लिए। पर कर्मचारियों के वेतन भुगतान व ईपीएफ की डिटेल बिजली विभाग के पोर्टल पर अपलोड नहीं किया था।
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अधिकारियों कहना है कि कई बार पत्र लिखने के बाद भी फर्म के संचालक ने कोई जवाब नहीं दिया। विद्युत वितरण खंड प्रथम के अधिशासी अभियंता हवलदार रावत ने सोमवार को फर्म संचालक के खिलाफ कैंट पुलिस को तहरीर दी। उसके आधार पर पुलिस ने गबन का मुकदमा दर्ज किया। प्रभारी निरीक्षक कैंट रवि राय ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है।
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