{"_id":"5a29a1784f1c1b78548c1bb9","slug":"81512677752-gorakhpur-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"साइलेंस जोन में गरजे सपाई, चुप्पी साधे रहे अफसर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
साइलेंस जोन में गरजे सपाई, चुप्पी साधे रहे अफसर
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Fri, 08 Dec 2017 02:01 AM IST
विज्ञापन
समाजवादी पार्टी
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
गोरखपुर। बिजली की बढ़ी दरों के विरोध में गुरुवार को सपाइयों ने साइलेंस जोन कलेक्ट्रेट परिसर में बिना अनुमति के लाउडस्पीकर लगाकर धरना दिया। प्रशासन और पुलिस के अफसरों ने जब उन्हें शांत कराने की कोशिश की तो उन्होंने मुख्यमंत्री के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। प्रशासन ने सख्ती करनी चाही तो उन्होंने दो टूक शब्दों में कह दिया कि वे गिरफ्तारी के लिए तैयार हैं मगर धरने से नहीं उठेंगे। इसके बाद पुलिस और प्रशासन के अफसर मौके से पीछे हट गए। हालांकि शाम पुलिस ने सपा के पदाधिकारियों के खिलाफ नामजद समेत 100 अज्ञात कार्यकर्ताओं पर कैंट थाने में मुकदमा दर्ज किया।
विज्ञापन
सभी पर बलवा व लोक सेवक की तरफ से जारी आदेश की अवज्ञा करने का आरोप है। सुबह 11 बजे कार्यकर्ता बेतियाहाता स्थित सपा कार्यालय से जिलाध्यक्ष प्रहलाद यादव और महानगर अध्यक्ष जियाउल इस्लाम की अगुवाई में जुलूस की शक्ल में शास्त्री चौक पहुंचे। वहां सिपाहियों ने उन्हें रोकने की कोशिश मगर सपाई धक्का देते हुए डीएम दफ्तर के सामने पहुुंच गए। वहां उन्होंने धरना शुरू कर दिया। इस दौरान जवाहर लाल मौर्या, सिंहासन यादव, जगदीश यादव, मोहसिन खान, विजय बहादुर यादव, अवधेश यादव, रामभुआल निषाद, साधु यादव, मनुरोजन यादव, राजकुमारी देवी, अमरेंद्र निषाद, कीर्ति निधि पांडेय, शहाब अंसारी, शकील अंसारी, मनोज यादव, विंदा देवी, उर्मिदा देवी, अख्तर जहां, नमिता सिंह आदि मौजूद रहीं। नेताओं ने धरने के बाद राज्यपाल को संबोधित ज्ञापन सिटी मजिस्ट्रेट को दिया। इसमें बढ़ी हुई दरें वापस न लेने पर उग्र आंदोलन की चेतावनी दी गई है। उधर, सिटी मजिस्ट्रेट विवेक कुमार श्रीवास्तव का कहना है कि कलेक्ट्रेट परिसर में किसी को भी धरना या प्रदर्शन की अनुमति नहीं है। ऐसे में सपा नेताओं के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कराने का आदेश दिया गया।
विज्ञापन