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पांच बीडीओ को नोटिस
basti
Updated Sat, 16 Dec 2017 11:42 PM IST
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बस्ती। मनरेगा मजदूरों के मामले में लापरवाही पर पांच बीडीओ को मनरेगा उपायुक्त अनिल सिंह ने कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। जिले में दो लाख से अधिक मनरेगा मजदूर हैं। इन्हें न तो काम मिल रहा है और किए गए कार्यों का भुगतान ही हो रहा है। नियमानुसार, अगर 15 दिन के अंदर भुगतान नहीं होता है बीडीओ को मजदूरों का जुर्माना देना पड़ता है। अभी तक 14 बीडीओ 36 लाख रुपये का जुर्माना दे चुके हैं। वित्तीय वर्ष 2017-18 के नौ माह के अंदर मनरेगा में मानव दिवस सृजित करने की प्रगति में कोई सुधार नहीं हुआ। 14 ब्लॉकों को 66 लाख 28 हजार से अधिक मानव दिवस सृजित करना है। रिकार्ड के मुताबिक अभी तक 62 फीसदी यानी 38 लाख 88 हजार ही मानव दिवस सृजित हुए हैं। मात्र 124 मजदूरों को ही 100 दिन का काम मिला, जबकि एक साल में सभी 2.16 लाख से अधिक मजदूरों को 100 दिन का काम मिलना अनिवार्य है। आवासों के निर्माण में लगे श्रमिकों का मस्टरोल भी पांचों बीडीओ ने जारी नहीं की। मस्टरोल के बाद ही भुगतान होता है। मनरेगा उपायुक्त ने बताया कि योजना में धन की कोई कमी नहीं हैं। जो कार्य होने चाहिए वे नहीं हो पा रहे हैं। लापरवाही और कम प्रगति के मामले में गौर, परशुरामपुर, रूधौली, साऊंघाट और विक्रमजोत के बीडीओ को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है।
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