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तीन दुराचारियों को 20 साल की कैद
अमर उजाला/बलरामपुर
Updated Fri, 02 Dec 2016 11:44 PM IST
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इलाज कराकर घर लौट रही एक महिला के साथ रास्ते में गैंगरेप करने वाले तीन अभियुक्तों को द्रुतगामी न्यायालय प्रथम ने 20-20 साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। न्यायालय ने तीन पर 22-22 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है।
शुक्रवार को सरकारी वकील रवींद्र यादव ने बताया कि ललिया थाने में एक गांव की महिला बहराइच से इलाज कराकर 30 जून 2014 की शाम घर लौट रही थी। रास्ते में गांव के निकट छिपे तीन लोगों ने महिला के साथ गैंगरेप किया। 28 अगस्त 2014 को न्यायालय के आदेश पर केस दर्ज किया गया।
मामले में मुंसरिफ, नसरू व फखरुद्दीन को आरोपी बनाया गया। न्यायालय में सरकारी वकील ने सात गवाहों को पेश कर दोषियों को कड़ी सजा देने की अपील की। बचाव पक्ष के वकील ने अभियुक्तों को निर्दोष बताया।
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पत्रावली पर उपलब्ध साक्ष्यों व गवाहों के बयान को आधार मानते हुए एफटीसी प्रथम सुनील कुमार ने तीनों आरोपियों को 20-20 वर्ष का कठोर कारावास व 22-22 हजार रुपये के अर्थदंड से दंडित किया है। अर्थदंड न देने पर अभियुक्तों को तीन माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना पड़ेगा।
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शुक्रवार को सरकारी वकील रवींद्र यादव ने बताया कि ललिया थाने में एक गांव की महिला बहराइच से इलाज कराकर 30 जून 2014 की शाम घर लौट रही थी। रास्ते में गांव के निकट छिपे तीन लोगों ने महिला के साथ गैंगरेप किया। 28 अगस्त 2014 को न्यायालय के आदेश पर केस दर्ज किया गया।
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मामले में मुंसरिफ, नसरू व फखरुद्दीन को आरोपी बनाया गया। न्यायालय में सरकारी वकील ने सात गवाहों को पेश कर दोषियों को कड़ी सजा देने की अपील की। बचाव पक्ष के वकील ने अभियुक्तों को निर्दोष बताया।
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पत्रावली पर उपलब्ध साक्ष्यों व गवाहों के बयान को आधार मानते हुए एफटीसी प्रथम सुनील कुमार ने तीनों आरोपियों को 20-20 वर्ष का कठोर कारावास व 22-22 हजार रुपये के अर्थदंड से दंडित किया है। अर्थदंड न देने पर अभियुक्तों को तीन माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना पड़ेगा।