{"_id":"601adc1f8ebc3e4c626d59d5","slug":"resentment-of-electricity-workers-against-privatization-gonda-news-lko563033770","type":"story","status":"publish","title_hn":"निजीकरण के विरोध में बिजली कर्मियों का फूटा आक्रोश आर्या","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
निजीकरण के विरोध में बिजली कर्मियों का फूटा आक्रोश आर्या
विज्ञापन
गोंडा के मुख्य अभियंता कार्यालय पर धरने को संबोधित करती एक्सईएन प्रज्ञा आर्या।
- फोटो : GONDA
गोंडा। पावर कॉर्पोरेशन के निजीकरण के विरोध में संयुक्त संघर्ष समिति के बैनर तले बिजली कर्मियों ने बुधवार को मुख्य अभियंता कार्यालय पर धरना दिया। एक दिवसीय धरना प्रदर्शन की अध्यक्षता अधिशासी अभियंता एसके साहू व एक्सईएन प्रज्ञा आर्या ने किया।
केंद्र सरकार द्वारा जारी किए गए बिजली बिल 2020 व विद्युत वितरण का शत प्रतिशत निजीकरण करने के विरोध में सभी बिजली कर्मचारी व इंजीनियर्स ने संयुक्त रुप से कार्य बहिष्कार कर एक दिवसीय धरना दिया।
धरने को संबोधित करते हुए एक्सईएन प्रज्ञा आर्या ने कहा कि निजीकरण देश को खोखला करने वाली नीति है। पावर कारपोरेशन के निजी हाथों में सौंपने से उपभोक्ताओं को मंहगी बिजली मिलने के साथ लोगों में रोजगार की बड़ी समस्या पैदा हो जाएगी।
विज्ञापन
बिजली कर्मी निजीकरण का मुखर होकर विरोध करेगा। विद्युत वितरण खंड दो के एक्सईएन रणवीर सिंह ने कहा कि चंडीगढ़ व पुडुचेरी समेत सभी केंद्र शासित प्रदेशों में बिजली विभाग के निजीकरण से कर्मचारियों में भारी रोष व्याप्त है।
राज्य विद्युत परिषद के क्षेत्रीय सचिव रामा जी ने कहा निजीकरण के कारण उपभोक्ताओं को निजी कंपनियों के शोषण का शिकार होना पड़ेगा। एक्सईएन एसके साहू ने कहा कि निजीकरण से बेरोजगारी बढ़ेगी। वहीं पढ़े लिखे नवयुवकों को निजी कंपनियों के शोषण का शिकार होना पड़ेगा।
विज्ञापन
केंद्र सरकार द्वारा जारी किए गए बिजली बिल 2020 व विद्युत वितरण का शत प्रतिशत निजीकरण करने के विरोध में सभी बिजली कर्मचारी व इंजीनियर्स ने संयुक्त रुप से कार्य बहिष्कार कर एक दिवसीय धरना दिया।
विज्ञापन
धरने को संबोधित करते हुए एक्सईएन प्रज्ञा आर्या ने कहा कि निजीकरण देश को खोखला करने वाली नीति है। पावर कारपोरेशन के निजी हाथों में सौंपने से उपभोक्ताओं को मंहगी बिजली मिलने के साथ लोगों में रोजगार की बड़ी समस्या पैदा हो जाएगी।
विज्ञापन
बिजली कर्मी निजीकरण का मुखर होकर विरोध करेगा। विद्युत वितरण खंड दो के एक्सईएन रणवीर सिंह ने कहा कि चंडीगढ़ व पुडुचेरी समेत सभी केंद्र शासित प्रदेशों में बिजली विभाग के निजीकरण से कर्मचारियों में भारी रोष व्याप्त है।
राज्य विद्युत परिषद के क्षेत्रीय सचिव रामा जी ने कहा निजीकरण के कारण उपभोक्ताओं को निजी कंपनियों के शोषण का शिकार होना पड़ेगा। एक्सईएन एसके साहू ने कहा कि निजीकरण से बेरोजगारी बढ़ेगी। वहीं पढ़े लिखे नवयुवकों को निजी कंपनियों के शोषण का शिकार होना पड़ेगा।