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Gonda News: स्टेडियम में खिलाड़ियों को तराशने वाले ही नहीं
Thu, 27 Aug 2026 11:39 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, गोंडा
संवाद न्यूज एजेंसी, गोंडा
Updated Thu, 27 Aug 2026 11:39 PM IST
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जवाहर लाल नेहरू स्टेडियम। - संवाद
गोंडा। हॉकी के जादूगर मेजर ध्यानचंद की जयंती पर शनिवार को राष्ट्रीय खेल दिवस मनाया जाएगा। जिले में खेल प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने व खिलाड़ियों को बेहतर मंच देने के दावे किए जाते हैं, लेकिन जमीनी हकीकत इससे अलग है। जवाहर लाल नेहरू स्टेडियम में खिलाड़ियों को निखारने व तकनीकी प्रशिक्षण देने के लिए पर्याप्त प्रशिक्षक ही नहीं हैं।
नेहरू स्टेडियम में बैडमिंटन, फुटबॉल, बास्केटबॉल और टेबल टेनिस जैसे लोकप्रिय खेलों सहित 10 खेलों के प्रशिक्षकों का अभाव है। ऐसे में इन खेलों में रुचि रखने वाले खिलाड़ियों को नियमित और विशेषज्ञ प्रशिक्षण नहीं मिल पा रहा है। खिलाड़ी अभ्यास तो कर रहे हैं, लेकिन तकनीकी बारीकियां सीखने के लिए उन्हें उचित मार्गदर्शन नहीं मिल रहा।
खेल प्रेमी पंकज, शिवा, राजेंद्र, देवांश का कहना है कि प्रशिक्षकों की कमी के कारण ग्रामीण और शहरी क्षेत्र से निकलने वाली प्रतिभाएं आगे नहीं बढ़ पा रही हैं। खिलाड़ियों को उम्मीद है कि खेल दिवस के मौके पर जिम्मेदार प्रशिक्षकों की कमी दूर करने की दिशा में भी ठोस पहल करेंगे। खिलाड़ी विनीत व श्याम का कहना है कि यदि स्टेडियम में सभी प्रमुख खेलों के विशेषज्ञ प्रशिक्षक तैनात हों तो जिले की खेल प्रतिभाएं प्रदेश और राष्ट्रीय स्तर पर बेहतर प्रदर्शन कर सकती हैं।
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क्रीड़ाधिकारी रंजीत राज का कहना है कि स्टेडियम में प्रमुख खेलों के प्रशिक्षकों की तैनाती के लिए प्रयास किया जा रहा है। उच्चाधिकारियों को समस्या से अवगत कराया गया है।
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नेहरू स्टेडियम में बैडमिंटन, फुटबॉल, बास्केटबॉल और टेबल टेनिस जैसे लोकप्रिय खेलों सहित 10 खेलों के प्रशिक्षकों का अभाव है। ऐसे में इन खेलों में रुचि रखने वाले खिलाड़ियों को नियमित और विशेषज्ञ प्रशिक्षण नहीं मिल पा रहा है। खिलाड़ी अभ्यास तो कर रहे हैं, लेकिन तकनीकी बारीकियां सीखने के लिए उन्हें उचित मार्गदर्शन नहीं मिल रहा।
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खेल प्रेमी पंकज, शिवा, राजेंद्र, देवांश का कहना है कि प्रशिक्षकों की कमी के कारण ग्रामीण और शहरी क्षेत्र से निकलने वाली प्रतिभाएं आगे नहीं बढ़ पा रही हैं। खिलाड़ियों को उम्मीद है कि खेल दिवस के मौके पर जिम्मेदार प्रशिक्षकों की कमी दूर करने की दिशा में भी ठोस पहल करेंगे। खिलाड़ी विनीत व श्याम का कहना है कि यदि स्टेडियम में सभी प्रमुख खेलों के विशेषज्ञ प्रशिक्षक तैनात हों तो जिले की खेल प्रतिभाएं प्रदेश और राष्ट्रीय स्तर पर बेहतर प्रदर्शन कर सकती हैं।
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क्रीड़ाधिकारी रंजीत राज का कहना है कि स्टेडियम में प्रमुख खेलों के प्रशिक्षकों की तैनाती के लिए प्रयास किया जा रहा है। उच्चाधिकारियों को समस्या से अवगत कराया गया है।