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देवी मंदिरों में उमड़े भक्त
अमर उजाला/गोंडा।
Updated Wed, 13 Apr 2016 11:33 PM IST
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पूजा करते भक्त
- फोटो : अमर उजाला
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वासंतीय नवरात्र के सातवें दिन बुधवार को आदि शक्ति जगदंबा के सातवें स्वरूप मां कालरात्रि की आराधना के लिए भोर से ही देवी मंदिरों में जमावड़ा रहा। नमो नमो विंदेश्वरी नमो-नमो जगदंबे... की गूंज सुनाई देती रही।
नवरात्र के सातवें दिन मां कालरात्रि की आराधना के लिए देवी मंदिरों में भक्तों का तांता लगा रहा। नगर के काली भवानी मंदिर, खैरा भवानी मंदिर, बाराही देवी मंदिर, मां पटमेश्वरी मंदिर, मंशा देवी मंदिर, बेल्लही माता मंदिर सहित अन्य स्थानों पर भक्तों का जमावड़ा रहा।
कभी चंडिका बनकर दुष्टों का संहार करने वाली तो कभी रुद्राणी बनकर भक्तों को मनवांछित फल देने वाले मां कालरात्रि की आराधना के लिए गृहस्थों, ऋषियों व तांत्रिकों ने अलग-अलग विधियों से साधना की। इस दौरान कालरात्रि की आराधना के मंत्र ऊं ऐं ही क्लीं चामुंडायै विच्चे की गूंज व माता के जयकारों से भक्ति रस की बरसात होती रही।
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नवरात्र के सातवें दिन मां कालरात्रि की आराधना के लिए देवी मंदिरों में भक्तों का तांता लगा रहा। नगर के काली भवानी मंदिर, खैरा भवानी मंदिर, बाराही देवी मंदिर, मां पटमेश्वरी मंदिर, मंशा देवी मंदिर, बेल्लही माता मंदिर सहित अन्य स्थानों पर भक्तों का जमावड़ा रहा।
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कभी चंडिका बनकर दुष्टों का संहार करने वाली तो कभी रुद्राणी बनकर भक्तों को मनवांछित फल देने वाले मां कालरात्रि की आराधना के लिए गृहस्थों, ऋषियों व तांत्रिकों ने अलग-अलग विधियों से साधना की। इस दौरान कालरात्रि की आराधना के मंत्र ऊं ऐं ही क्लीं चामुंडायै विच्चे की गूंज व माता के जयकारों से भक्ति रस की बरसात होती रही।
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