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सेना के जवान से एसओ ने की अभद्रता

Updated Mon, 05 Jun 2017 02:20 PM IST
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जैसे कश्मीर में पत्थर खाते हो, वैसे यहां भी पत्थर से मारे जाओगे
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सेना के जवान से एसओ ने की अभद्रता
दबाव बनाकर बदलवाई तहरीर, लूट की घटना मारपीट में दर्ज
अमर उजाला ब्यूरो
गोंडा। वजीरगंज थाने में शनिवार को अपनी बुजुर्ग मां के साथ हुई लूट की घटना की रिपोर्ट दर्ज कराने गए सेना के एक जवान के साथ एसओ वजीरगंज ने अभद्रता की। अपने बड़बोलेपन में एसओ ने यहां तक कह डाला कि कश्मीर में पत्थर खाने वालों को यहां भी पत्थर ही मिलेगा। आरोप है कि एसओ ने न सिर्फ सैनिक को अपमानित किया बल्कि उस पर दबाव बनाकर लूट की घटना की तहरीर ही बदल दी और मामले को मारपीट में दर्ज कर लिया। रविवार को पीड़ित सैनिक ने अपनी बुजुर्ग मां के साथ समाज कल्याण मंत्री से मिलकर पुलिस की करतूत बताई और एसओे के खिलाफ कार्रवाई की मंाग की है।
वजीरगंज थाना क्षेत्र के हथिनाग गांव के रहने वाले संतोष सिंह सेना में कार्यरत हैं। वर्तमान समय में उनकी तैनाती जम्मू कश्मीर के डोडा सेक्टर में है। संतोष सिंह का कहना है कि शनिवार को जमीन के विवाद को लेकर उनकी बुजुर्ग मां सुशीला सिंह अपने नाती हिमांशु सिंह के साथ थाना समाधान दिवस में शिकायत लेकर जा रही थी। रास्ते में वह इंडियन आयल पेट्रोल पंप के समीप पहंची ही थी कि पीछे से बाइक पर सवार गंाव के ही तीन युवक आ धमके और उनकी बाइक में टक्कर मार दी। जब तक दोनों कुछ समझ पाते तीनों युवकों ने सुशीला व हिमांशु की पिटाई करे लगे। दोनों को पिटता देख जब सड़क से गुजर रहे राहगीर उन्हें बचाने दौड़े तो तीनों युवक भाग निकले। आरोप है कि भागते समय युवकों ने उनकी सोने की चैन भी छीन लिया। बाइक से गिरने व युवकों की पिटाई से सुशीला व हिमांशु घायल हो गए। संतेाष सिंह ने बताया कि घटना की जानकारी मिलने पर वह अपनी मां व भतीजे को लेकर थाने पहुंचे और पुलिस को पूरी बात बताई। संतोष सिंह का आरोप है कि वजीरगंज एसओ गोरखनाथ सरोज ने उसकी बात को सुनने के बजाय उसे ही हड़काना शुरू कर दिया। इतना ही नही एसओ ने सैनिक को कहा कि जैसे तुम कश्मीर में पत्थर खाते हो उसी तरह से यहां भी पत्थर से मारे जाओगे। जवान संतोष का आरोप है कि एसओ ने उसे अपमानित करते हुए तहरीर बदलने के लिए दबाव बनाया और उसकी लूट की रिपोर्ट लिखने के बजाय मारपीट की मामूली धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कर लिया। पुलिस ने घायलों का मेडिकल परीक्षण भी नही कराया। रविवार को पीड़ित जवान अपनी मां सुशीला सिंह के साथ प्रदेश के समाज कल्याण मंत्री से मिला और अपनी पीड़ा सुनाई। इसके अलावा सैनिक ने पुलिस अधीक्षक, डीआईजी व डीएम को शिकायती पत्र भेजकर एसओ के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। थानाध्यक्ष गोरखनाथ सरोज ने बताया कि गांव के ही एक व्यक्ति से संतोष सिंह का विवाद चल रहा है। इसी मामले मे शनिवार को दोनों पक्षों का चालान किया गया था। अभद्रता का आरोप निराधार है।

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