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Gonda News: स्वच्छता सर्वेक्षण शुरू, गांवों का होगा मूल्यांकन
Fri, 20 Jun 2025 11:36 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, गोंडा
संवाद न्यूज एजेंसी, गोंडा
Updated Fri, 20 Jun 2025 11:36 PM IST
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गोंडा। स्वच्छ भारत मिशन ग्रामीण के तहत स्वच्छ सर्वेक्षण की प्रक्रिया शुरू हो गई है। 14 अगस्त तक चलने वाले सर्वेक्षण में ग्रामीण क्षेत्र में विभिन्न बिंदुओं पर टीम सर्वेक्षण करेगी। सर्वेक्षण के लिए कर्मियों को आवश्यक जानकारियां दी गई हैं। सर्वेक्षण के दौरान विभिन्न मापदंड परखे जाएंगे। इसी के आधार पर मूल्यांकन करके राष्ट्रीय रैंकिंग प्रदान की जाएगी।
स्वच्छ सर्वेक्षण को लेकर डीपीआरओ लालजी दूबे ने जिले के सभी 16 ब्लॉकों के सहायक विकास अधिकारी पंचायत को निर्देश जारी किए हैं। प्रत्येक चयनित गांव में पांच सार्वजनिक स्थलों विद्यालय, आंगनबाड़ी केंद्र, स्वास्थ्य केंद्र, पंचायत कार्यालय और हाट व बाजार में स्वच्छता की स्थिति का मूल्यांकन किया जाएगा। उन्होंने बताया कि स्वच्छ भारत मिशन ग्रामीण के पहले चरण में खुले में शौच समाप्त करने पर जोर दिया गया था। इस बार दूसरे चरण में खुले में शौच मुक्ति की स्थिरता बनाए रखने, ठोस एवं तरल अपशिष्ट प्रबंधन को लागू करके संपूर्ण स्वच्छता की दिशा में कदम आगे बढ़ाए जाएंगे।
सर्वेक्षण में ओडीएफ प्लस मॉडर्न सत्यापित गांव का डेस्कटॉप सत्यापन भी कराया जाएगा। स्वच्छ सर्वेक्षण में कुल 1000 अंक हैं। इसमें गांवों की स्वच्छता स्थिति पर 540 अंक, संयंत्रों की कार्य क्षमता के प्रत्यक्ष अवलोकन पर 120, नागरिक प्रतिक्रिया पर 100 अंक तथा सेवा स्तर की प्रगति के आकलन पर 240 अंक निर्धारित किए गए हैं। स्वच्छ सर्वेक्षण ग्रामीण के दौरान सेवा स्तरीय प्रगति की निगरानी, प्रत्यक्ष निरीक्षण, विकासखंड स्तर की इकाइयों के आकलन के साथ ही नागरिकों से फीडबैक लिया जाएगा।
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स्वच्छ सर्वेक्षण को लेकर डीपीआरओ लालजी दूबे ने जिले के सभी 16 ब्लॉकों के सहायक विकास अधिकारी पंचायत को निर्देश जारी किए हैं। प्रत्येक चयनित गांव में पांच सार्वजनिक स्थलों विद्यालय, आंगनबाड़ी केंद्र, स्वास्थ्य केंद्र, पंचायत कार्यालय और हाट व बाजार में स्वच्छता की स्थिति का मूल्यांकन किया जाएगा। उन्होंने बताया कि स्वच्छ भारत मिशन ग्रामीण के पहले चरण में खुले में शौच समाप्त करने पर जोर दिया गया था। इस बार दूसरे चरण में खुले में शौच मुक्ति की स्थिरता बनाए रखने, ठोस एवं तरल अपशिष्ट प्रबंधन को लागू करके संपूर्ण स्वच्छता की दिशा में कदम आगे बढ़ाए जाएंगे।
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सर्वेक्षण में ओडीएफ प्लस मॉडर्न सत्यापित गांव का डेस्कटॉप सत्यापन भी कराया जाएगा। स्वच्छ सर्वेक्षण में कुल 1000 अंक हैं। इसमें गांवों की स्वच्छता स्थिति पर 540 अंक, संयंत्रों की कार्य क्षमता के प्रत्यक्ष अवलोकन पर 120, नागरिक प्रतिक्रिया पर 100 अंक तथा सेवा स्तर की प्रगति के आकलन पर 240 अंक निर्धारित किए गए हैं। स्वच्छ सर्वेक्षण ग्रामीण के दौरान सेवा स्तरीय प्रगति की निगरानी, प्रत्यक्ष निरीक्षण, विकासखंड स्तर की इकाइयों के आकलन के साथ ही नागरिकों से फीडबैक लिया जाएगा।
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