फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Gonda News ›   जिला जज, डीएम, एसपी के निरीक्षण में खुली जेल की पोल

जिला जज, डीएम, एसपी के निरीक्षण में खुली जेल की पोल

Wed, 14 Jun 2017 11:35 PM IST
Updated Wed, 14 Jun 2017 11:35 PM IST
विज्ञापन
जिला जज, डीएम, एसपी के निरीक्षण में खुली जेल की पोल
जेल के दवा वितरण में मिली गड़बड़ी
विज्ञापन

जिला जज, डीएम, एसपी के निरीक्षण में खुली जेल की पोल
अमर उजाला ब्यूरो
गोंडा। जिला जज, डीएम, एसपी ने बुधवार को जिला कारागार में छापा मारा। यहां अस्पताल, रसोईघर, बैरक का निरीक्षण किया जिसमें अस्पताल में दवा वितरण में गड़बड़ी मिली। नाराजगी जताते हुए जिला जज ने दवा वितरण व ओपीडी रजिस्टर को कब्जे में लेने का आदेश दिया। इसके अलावा अन्य खामियों पर कड़ी फटकार लगाते हुए सुधार की चेतावनी दी।
जिला कारागार में पहुंचकर सबसे पहले जिला जज साधना रानी, जिलाधिकारी जेबी सिंह,पुलिस अधीक्षक उमेश सिंह ने जेल की रसोई में बन रहे भोजन व भोजन सामग्रियों का गहन निरीक्षण किया। यहां
विज्ञापन

कैदियों के लिए बनाई गई रोटियों को तराजू पर तौलाकर मात्रा का निरीक्षण किया। जेल के अस्पताल का निरीक्षण कर वहां भर्ती मरीजों से उन्हें दी जा रही स्वस्थ्य सेवाओं के बारे में जानकारी ली। ज्ञात हुआ कि अस्पताल में कुल 16 मरीज कैदी भर्ती पाए गए। दवाओं के स्टॉक के निरीक्षण के दौरान दवाओं के वितरण में गड़बड़ी उजागर हुई। जिला जज ने दवा वितरण व ओपीडी रजिस्टर को कब्जे में लेकर जांच के आदेश दिए हैं। कैदियों से मिलने के दौरान ज्ञात हुआ कि बैरक में लगा आरओ काम नहीं कर रहा है जिससे कैदियों को पीने के पानी की समस्या का सामना करना पड़ रहा है। उन्होने जेल अधीक्षक को फटकार लगाते हुए तत्काल आरओ ठीक कराने के निर्देश दिए हैं। कैदियों की समस्याएं सुनने के दौरान पाक्सो एक्ट के तहत जेल में बन्द कैदी संतोष गुप्ता द्वारा बताया गया कि वह गरीब है और वकील नहीं कर पा रहा है। जिला जज ने कैदी को तत्काल सरकारी वकील उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं। राम जनम ने बताया कि वह बीमार है परन्तु गार्ड न मिल पाने के कारण वह अपना इजाल कराने लखनऊ नही जा पा रहा है। जिला जज ने डीएम व एसपी को गार्ड देकर लखनऊ से इलाज कराने के निर्देश दिए हैं। इसी प्रकार देव प्रकाश शुक्ला, गंगाराम पुत्र नान्हू, सोनू पुत्र राम औतार ने सरकारी वकील उपलब्ध कराने का अनुरोध किया जिस पर जिला जज ने सभी जरूरतमंद कैदियों को सरकारी वकील देने के निर्देश दिए हैं। कैदियों द्वारा यह भी शिकायत की गई कि जेल में लगा हुआ पीसीओ खराब है जिससे वे लोग अपने परिजनों से बात नहीं कर पा रहे हैं। जिला जज ने पीसीओ को दो दिन के भीतर चालू कराने के निर्देश दिए हैं। जिला जज ने दो टूक कहा कि
विज्ञापन
विज्ञापन

जेल में निरूद्ध सभी कैदियों को जेल मैनुअल के अनुसार अनुमन्य सभी सुविधाएं हर हाल में मुहैया कराई जाएं। ऐसे कैदी जो कि आर्थिक परेशानी या किन्हीं अन्य कारणों से अपनी पैरवी कर पाने में अक्षम हैं, उन्हें सरकारी खर्चे पर वकील उपलब्ध कराया जाय। इसके अलावा कैदियों को भोजन व उपचार की समुचित व्यवस्था भी सुनिश्चित की जाए। इस दौरान मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी गरिमा सिंह, जेल अधीक्षक आर0के0 त्रिपाठी, जेलर ए0के0 पाण्डेय, सीओ सिटी भरत यादव सहित अन्य न्यायिक अधिकारी उपस्थित रहे।
फोटो-16,17,18
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed