फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Gonda News ›   स्वाइन फ्लू से 83 वर्षीया वृ्द्धा की मौत, दो बच्चे बीमार

स्वाइन फ्लू से 83 वर्षीया वृ्द्धा की मौत, दो बच्चे बीमार

Tue, 29 Aug 2017 10:03 PM IST
Updated Tue, 29 Aug 2017 10:03 PM IST
विज्ञापन
स्वाइन फ्लू से 83 वर्षीया वृ्द्धा की मौत, दो बच्चे बीमार

विज्ञापन
स्वाइन फ्लू से 83 वर्षीया महिला की मौत, दो बच्चे बीमार
पीड़ित परिवार का आरोप, 72 घंटे बाद भी नहीं मिली जांच रिपोर्ट
शासन के संचारी विभाग से आई रिपोर्ट में हुआ स्वाइन फ्लू का खुलासा
अमर उजाला ब्यूरो
गोंडा। शहर के आवास विकास मोहल्ले में रहने वाले एक टीवी चैनल के पत्रकार की मां ललित मोहनी श्रीवास्तव की सोमवार को लखनऊ के राम मनोहर लोहिया अस्पताल में स्वाइन फ्लू से मौत हो गई। जबकि स्वाइन फ्लू से ही करनैलगंज इलाके में रहने वाले दो बच्चे बीमार चल रहे हैं। जिनका उपचार लखनऊ के केजीएमयू में हो रहा है।
मंगलवार को शासन के संचारी विभाग से आई रिपोर्ट में आवास विकास में रहने वाले टीवी चैनल के पत्रकार की मां को जहां स्वाइन फ्लू से मौत होना माना गया है तो वहीं पत्रकार अंचल श्रीवास्तव का आरोप है कि उन्हें स्वाइन फ्लू से बीमारी की कोई रिपोर्ट 78 घंटे बीतने के बाद भी अस्पताल से नहीं मिली है। जबकि नियम है कि ऐसे केस में मरीज के परिजनों को इसकी रिपोर्ट 48 घंटे में मिल जानी चाहिए। अंचल के मुताबिक शुक्रवार को उनकी मां ललित मोहनी श्रीवास्तव की तबियत अचानक काफी खराब हो गई थी। इस पर वह उन्हें लेकर जिला अस्पताल गए। जहां डॉ. समीर गुप्ता को दिखाने के बाद उन्होंने तत्काल उन्हें हायर सेंटर लखनऊ ले जाने को कहा। जिसपर वह मां को लेकर लखनऊ के राममनोहर लोहिया अस्पताल आ गए। यहां उन्होंने अपनी मां को अस्पताल में भर्ती कराया। जहां आरएमएल अस्पताल के डा. बीआर जायसवाल उनकी मां का इलाज कर रहे थे। शनिवार को उनकी मां का सैंपल लेकर जांच के लिए भेजा गया था। डाक्टर से पूछने पर उन्हें बताया गया कि वह अपना नम्बर अस्पताल में दर्ज करा दें। अगर सैंपल की जांच के बाद स्वाइन फ्लू जैसी बीमारी का पता चलता है कि इसकी सूचना उन्हें 48 घंटे के अंदर मोबाइल नम्बर पर मैसेज के जरिए भेज दी जाएगी और अगर ऐसी कोई बात नहीं है तो मैसेज नहीं आएगा।
विज्ञापन

सोमवार को 48 घंटे की मियाद पूरी होने के बावजूद जब ऐसा कोई मैसेज उनके मोबाइल पर नहीं आया तो वह स्वाइन फ्लू बीमारी को लेकर बेफिक्र हो गए। लेकिन रात में ही उनकी मां का अस्पातल में निधन हो गया। जिसके बाद वह उनका शव गोंडा लेकर चले आए। जहां मंगलवार को अयोध्या में उनका अंतिम संस्कार कर दिया गया। उधर मंगलवार को ही शासन के संचारी विभाग से सीएमओ गोंडा को एक रिपोर्ट भेजी गई। जिसमें गोंडा के तीन लोगों को स्वाइन फ्लू से बीमार होना बताया गया। इसमें एक अंचल श्रीवास्तव की मां ललित मोहन श्रीवास्तव भी एक थी। जबकि बाकी दो बच्चों में गुलशन तिवारी (2) पुत्र भगवान तिवारी निवासी भटपुरवा करनैलगंज व चांदनी (6) पुत्री कुलदीप निवासी करनैलगंज का नाम शामिल है। जिनका उपचार केजीएमयू में चल रहा है। स्वाइन फ्लू से हुई मौत के बावत पीड़ित पत्रकार अंचल श्रीवास्तव का कहना है कि अगर उन्हें समय रहते यह बात पता चल जाती कि उनकी मां को स्वाइन फ्लू से बीमार हैं तो वह उनका इलाज और बेहतर तरीके से करा सकते थे। लेकिन ऐसा अगर था तो फिर उन्हें समय रहते इसकी रिपोर्ट मोबाइल मैसेज के जरिए क्यों नहीं दी गई। गौरतलब है कि संचारी विभाग से सीएमओ को भेजी गई रिपोर्ट में गोंडा से डाक्टरों की टीम को स्वाइन फ्लू से पीड़ित परिवार को एंटीडोज देने के निर्देश दिए गए हैं। सीएमओ डा. संतोष कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि शासन के संचारी विभाग से तीन लोगों के स्वाइन फ्लू से बीमार होने, जिसमें से एक के मौत की सूचना उन्हें मिली है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed