{"_id":"5d029023bdec226dc9303e3d","slug":"15604490497-gonda-news64","type":"story","status":"publish","title_hn":"ओपेन एयर थियेटर व कैनवास जागिंग ट्रैक की मिलेगी सुविधा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
ओपेन एयर थियेटर व कैनवास जागिंग ट्रैक की मिलेगी सुविधा
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
2.5 करोड़ से संवरेंगे शहर के चार पार्क
गोंडा। पार्क देखने के लिए अब लखनऊ या इलाहाबाद जाने की जरूरत नहीं। तैयार योजनाएं समय से पूरी हुईं तो जल्द ही शहर के चार पार्कों की रौनक लोगों को आकर्षित करेगी।
अमृत योजना के तहत 2.50 करोड़ की योजना को मंजूरी मिली है। इससे शहर के गांधी पार्क को नई पहचान मिलेगी। गांधी पार्क में अब ओपन एयर थियेटर के साथ ही कैनवास जॉगिंग ट्रैक व वाटर एटीएम से पार्क को संवारा जाएगा। इसी तरह तीन और पार्कों को संवारने का खाका खींचा गया है।
शहर मेें पार्कों की स्थिति ऐसी है कि कोई निश्चिंत होकर घूम भी नहीं सकता है। गांधी पार्क में सुधार के कार्य हुए हैं लेकिन उसे भी आकर्षक नहीं बनाया जा सका है। प्रतिमा के साथ ही चंद बेंच और फिर सड़कों को चारों ओर बीच में बनाया गया है।
विज्ञापन
अब अमृत योजना से गांधी पार्क को जिले का माडल उद्यान बनाने की तैयारी पूरी की गई है। पार्क की बाउंड्री को आकर्षक बनाने के लिए उन पर मॉडल बनाए जाएंगे। इसके अलावा पार्क को हाईटेक बनाने के साथ ही सजाने का कार्य होगा। इसी पार्क पर सिर्फ एक करोड़ रूपए का बजट खर्च होगा।
पार्क में ओपेन एयर थियेटर बनेगा जिससे लोगों को नई तरह की सुविधा हासिल हो सकेगी। इसके अलावा पार्क में कैनवास जॉगिंग ट्रैक का निर्माण होगा। पुलिस या मिलेट्री में जाने की तैयारी करने वालों को भी सुविधा मिल सकेगी।
इन दोनों के अलावा पार्क में वाटर एटीएम लगेगा जिससे लोगों को शुद्व पानी मिलेगा। यह तीनों व्यवस्था तो गांधी पार्क में ही होगी लेकिन इसके अलावा सात तरह की सुविधा से चारों पार्क लैस होंगे।
गांधी पार्क के अलावा डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम पार्क आवास विकास कालोनी-द्वितीय में सात तरह की सुविधाओं के साथ ही डा. कलाम की प्रतिमा व पेड़ों के बीच मिसाइल का स्टैच्यू भी स्थापित होगा।
यह पार्क घूमने-टहलने के लायक बनाने के साथ ही शैक्षिक गतिविधियों के उद्देश्य से ही तैयार होगा। विज्ञान व तकनीकी शिक्षा के छात्रों के लिए यह पार्क उपयोगी साबित होगा। इसके लिए करीब 60 लाख रुपये का प्रस्ताव तैयार किया गया है।
इसके अलावा सिविल लाइन में सरकारी आवास में स्थित चिल्ड्रेन पार्क को संवारने के लिए करीब 40 लाख का बजट तय किया गया है, यहां भी कई सुविधाएं बढ़ाई जाएंगी। इसी के साथ ही पंतनगर में कांशीराम स्मृति पार्क का निर्माण भी होगा। इसके लिए लगभग 50 लाख का बजट तय किया गया है।
पार्क की स्थिति और नाम के हिसाब से विशेष सुविधाओं के अलावा कुछ सुविधाएं ऐसी हैं जो सभी चारों में होंगी। इसमें हर पार्क में ओपेन जिम, योगा प्लेटफार्म, झूला, झरना, बेंच, आरओ, सोलर लाइट्स की व्यवस्था होगी। सभी पार्कों को आकर्षक बनाने के लिए कार्टून की पेंटिंग भी कराई जाएगी।
पहली बार पार्कों को संवारने के बाद भगवान भरोसे नहीं छोड़ा जा रहा है। बाकायदा रखरखाव के लिए कार्य योजना तैयार की गई है। एक ठेकेदार तय होगा जो नियमित पार्कों की देखरेख और साफ-सफाई का ध्यान रखेगा। इसके लिए अतिरिक्त बजट तय होगा। आने वाले खर्च का भुगतान अमृत योजना से होगा। पांच साल बाद के लिए विभाग नई व्यवस्था करेगा जिससे कि पार्क की स्थिति बेहतर ही रहे।
अमृत मिशन के इं. पीयूष यादव ने बताया कि पार्कों की योजना मंजूर हो गई है। शहर को बेहतर सुविधा देने का प्रयास किया जा रहा है। आम लोगों को बेहतर कार्य के लिए आगे आना होगा। लोग शुभ अवसरों पर पर्यावरण के लिए पौधे लगाएं और साफ-सफाई के लिए जागरुक रहें।
विज्ञापन
गोंडा। पार्क देखने के लिए अब लखनऊ या इलाहाबाद जाने की जरूरत नहीं। तैयार योजनाएं समय से पूरी हुईं तो जल्द ही शहर के चार पार्कों की रौनक लोगों को आकर्षित करेगी।
अमृत योजना के तहत 2.50 करोड़ की योजना को मंजूरी मिली है। इससे शहर के गांधी पार्क को नई पहचान मिलेगी। गांधी पार्क में अब ओपन एयर थियेटर के साथ ही कैनवास जॉगिंग ट्रैक व वाटर एटीएम से पार्क को संवारा जाएगा। इसी तरह तीन और पार्कों को संवारने का खाका खींचा गया है।
विज्ञापन
शहर मेें पार्कों की स्थिति ऐसी है कि कोई निश्चिंत होकर घूम भी नहीं सकता है। गांधी पार्क में सुधार के कार्य हुए हैं लेकिन उसे भी आकर्षक नहीं बनाया जा सका है। प्रतिमा के साथ ही चंद बेंच और फिर सड़कों को चारों ओर बीच में बनाया गया है।
विज्ञापन
अब अमृत योजना से गांधी पार्क को जिले का माडल उद्यान बनाने की तैयारी पूरी की गई है। पार्क की बाउंड्री को आकर्षक बनाने के लिए उन पर मॉडल बनाए जाएंगे। इसके अलावा पार्क को हाईटेक बनाने के साथ ही सजाने का कार्य होगा। इसी पार्क पर सिर्फ एक करोड़ रूपए का बजट खर्च होगा।
पार्क में ओपेन एयर थियेटर बनेगा जिससे लोगों को नई तरह की सुविधा हासिल हो सकेगी। इसके अलावा पार्क में कैनवास जॉगिंग ट्रैक का निर्माण होगा। पुलिस या मिलेट्री में जाने की तैयारी करने वालों को भी सुविधा मिल सकेगी।
इन दोनों के अलावा पार्क में वाटर एटीएम लगेगा जिससे लोगों को शुद्व पानी मिलेगा। यह तीनों व्यवस्था तो गांधी पार्क में ही होगी लेकिन इसके अलावा सात तरह की सुविधा से चारों पार्क लैस होंगे।
गांधी पार्क के अलावा डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम पार्क आवास विकास कालोनी-द्वितीय में सात तरह की सुविधाओं के साथ ही डा. कलाम की प्रतिमा व पेड़ों के बीच मिसाइल का स्टैच्यू भी स्थापित होगा।
यह पार्क घूमने-टहलने के लायक बनाने के साथ ही शैक्षिक गतिविधियों के उद्देश्य से ही तैयार होगा। विज्ञान व तकनीकी शिक्षा के छात्रों के लिए यह पार्क उपयोगी साबित होगा। इसके लिए करीब 60 लाख रुपये का प्रस्ताव तैयार किया गया है।
इसके अलावा सिविल लाइन में सरकारी आवास में स्थित चिल्ड्रेन पार्क को संवारने के लिए करीब 40 लाख का बजट तय किया गया है, यहां भी कई सुविधाएं बढ़ाई जाएंगी। इसी के साथ ही पंतनगर में कांशीराम स्मृति पार्क का निर्माण भी होगा। इसके लिए लगभग 50 लाख का बजट तय किया गया है।
पार्क की स्थिति और नाम के हिसाब से विशेष सुविधाओं के अलावा कुछ सुविधाएं ऐसी हैं जो सभी चारों में होंगी। इसमें हर पार्क में ओपेन जिम, योगा प्लेटफार्म, झूला, झरना, बेंच, आरओ, सोलर लाइट्स की व्यवस्था होगी। सभी पार्कों को आकर्षक बनाने के लिए कार्टून की पेंटिंग भी कराई जाएगी।
पहली बार पार्कों को संवारने के बाद भगवान भरोसे नहीं छोड़ा जा रहा है। बाकायदा रखरखाव के लिए कार्य योजना तैयार की गई है। एक ठेकेदार तय होगा जो नियमित पार्कों की देखरेख और साफ-सफाई का ध्यान रखेगा। इसके लिए अतिरिक्त बजट तय होगा। आने वाले खर्च का भुगतान अमृत योजना से होगा। पांच साल बाद के लिए विभाग नई व्यवस्था करेगा जिससे कि पार्क की स्थिति बेहतर ही रहे।
अमृत मिशन के इं. पीयूष यादव ने बताया कि पार्कों की योजना मंजूर हो गई है। शहर को बेहतर सुविधा देने का प्रयास किया जा रहा है। आम लोगों को बेहतर कार्य के लिए आगे आना होगा। लोग शुभ अवसरों पर पर्यावरण के लिए पौधे लगाएं और साफ-सफाई के लिए जागरुक रहें।