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Ghazipur News: सीजेएम कोर्ट में पेश हुए पूर्व एमएलसी बृजेश, दर्ज कराया बयान
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गाजीपुर। मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी नूतन द्विवेदी की अदालत में मंगलवार को बहुचर्चित देवकली पंप कैनाल कांड के आरोपी पूर्व एमएलएसी बृजेश सिंह पेश हुए। जहां उन्होंने अपना बयान न्यायालय में दर्ज कराया और अपने को निर्दाेष बताया। न्यायालय ने अगली तिथि 14 मई नियत की है। मालूम हो कि 3 दिसंबर 1990 की सुबह 7. 30 बजे धरम्मरपुर देवकली पंप कैनाल घटना के मामले में वादी सरफराज अंसारी ने सैदपुर कोतवाली में प्राथमिकी दर्ज कराई थी। विवेचना के दौरान बृजेश सिंह, त्रिभुवन सिंह व विजयशंकर सिंह का नाम प्रकाश में आया और पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ न्यायालय में आरोप पत्र प्रेषित किया था। उक्त मामले में त्रिभुवन सिंह व विजयशंकर सिंह की रिट उच्च न्यायालय में लंबित होने के कारण उनकी पत्रावली अलग कर दी गई है। जबकि बृजेश सिंह का विचारण शुरू हुआ। अभियोजन की ओर से नौ गवाहों को पेश किया गया। अभियोजन की गवाही पूरी होने के बाद आरोपी बृजेश सिंह का न्यायालय में बयान अंकित हुआ। न्यायालय ने पत्रावली 14 मई को प्रस्तुत करने को कहा है।
देवकली पंप कैनाल कांड में ये है आरोप
गाजीपुर। बीते तीन दिसंबर 1990 की सुबह 7.30 बजे सरफराज अंसारी सैदपुर थाना इलाके में नहर में निर्माण कार्य करा रहा था। तब तक एक नीली कार से आरोपी त्रिभुवन सिंह, विजयशंकर सिंह, बृजेश सिंह और दो अज्ञात व्यक्ति राइफल से लैस आ गए और पकड़कर मारने-पीटने लगे थे। साथ ही आरोप है कि सरफराज के बैग में रखे रुपये को छीन लिया गया था। वहां दहशत पैदा करके मजदूरों को भगा दिया गया। इसके बाद साइड पर खड़ी ट्रक के टायर में गोली मार कर टायर फाड़ दिया गया था और उसके सहयोगी को पीटकर भगा दिया गया था।
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देवकली पंप कैनाल कांड में ये है आरोप
गाजीपुर। बीते तीन दिसंबर 1990 की सुबह 7.30 बजे सरफराज अंसारी सैदपुर थाना इलाके में नहर में निर्माण कार्य करा रहा था। तब तक एक नीली कार से आरोपी त्रिभुवन सिंह, विजयशंकर सिंह, बृजेश सिंह और दो अज्ञात व्यक्ति राइफल से लैस आ गए और पकड़कर मारने-पीटने लगे थे। साथ ही आरोप है कि सरफराज के बैग में रखे रुपये को छीन लिया गया था। वहां दहशत पैदा करके मजदूरों को भगा दिया गया। इसके बाद साइड पर खड़ी ट्रक के टायर में गोली मार कर टायर फाड़ दिया गया था और उसके सहयोगी को पीटकर भगा दिया गया था।
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