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पति ने डांटा तो पत्नी ने शरीर में लगा ली आग, मौत
Updated Wed, 31 Jan 2018 12:09 AM IST
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जमानिया। स्थानीय नगर के वार्ड नंबर-17 स्थित काली मंदिर रोड स्थित एक विवाहिता ने सोमवार की देर रात पति की डांट से नाराज होकर अपने आप को आग के हवाले कर लिया। उपचार के दौरान वाराणसी में मंगलवार की सुबह उसकी मौत हो गई। आग बुझाने में पति भी झुलस गया।
जानकारी के अनुसार स्थानीय काली मंदिर रोड निवासी राजनारनय का पुत्र श्यामू पासवान सोमवार की रात काम करके घर वापस आया। इसके बाद उसने रात करीब 10 बजे अपनी पत्नी मनीषा से अपने सास, ससुर को खाना देने के लिए कहा। इस पर मनीषा ने उन्हें खाना देने से मना कर दिया। मनीषा के इस दुर्व्यहार पर श्यामू ने उसे खरी-खोटी सुना दी। पति की डांट मनीषा को नागवार गुजरी और वह घर के पीछे चली गई। काफी देर बाद जब मनीषा घर में नहीं लौटी तो श्यामू घर के पीछे उसे देखने पहुंचा तो देखा कि मनीषा आग का गोला बनी हुई थी। यह देख वह चिल्लाने लगा। उसकी आवाज सुनकर परिवार के अन्य सदस्यों के साथ ही पास-पड़ोस के लोग मौके पर पहुंच गए। श्यामू के साथ ही अन्य लोग आग बुझाने में जुट गए। आग बुझाने में श्यामू का हाथ-पैर भी झुलस गया। गंभीर रूप से झुलसी मनीषा को आनन-फानन में परिजन वाराणसी ले गए। प्राइवेट अस्पताल में उपचार के दौरान मंगलवार की सुबह करीब साढ़े सात बजे मनीषा की मौत हो गई। मौत के बाद परिवार में कोहराम मच गया। प ति श्यामू बिलखते हुए यह कहने लगा कि अब उसकी 11 माह की बच्ची के सर से मां का साया उठ गया। अब उसका पालन-पोषण वह कैसे करेगा। श्यामू की शादी चंदौली जनपद के पड़ाव निवासी मनीषा के साथ वर्ष 2016 में हुई थी। इस संबंध में कोतवाल राजाराम ने बताया कि इस यह मामला उनके संज्ञान में है। लेकिन किसी तरह से तरफ से कोई तहरीर नहीं मिली है। तहरीर मिली तो मामले की छानबीन की जाएगी।
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जानकारी के अनुसार स्थानीय काली मंदिर रोड निवासी राजनारनय का पुत्र श्यामू पासवान सोमवार की रात काम करके घर वापस आया। इसके बाद उसने रात करीब 10 बजे अपनी पत्नी मनीषा से अपने सास, ससुर को खाना देने के लिए कहा। इस पर मनीषा ने उन्हें खाना देने से मना कर दिया। मनीषा के इस दुर्व्यहार पर श्यामू ने उसे खरी-खोटी सुना दी। पति की डांट मनीषा को नागवार गुजरी और वह घर के पीछे चली गई। काफी देर बाद जब मनीषा घर में नहीं लौटी तो श्यामू घर के पीछे उसे देखने पहुंचा तो देखा कि मनीषा आग का गोला बनी हुई थी। यह देख वह चिल्लाने लगा। उसकी आवाज सुनकर परिवार के अन्य सदस्यों के साथ ही पास-पड़ोस के लोग मौके पर पहुंच गए। श्यामू के साथ ही अन्य लोग आग बुझाने में जुट गए। आग बुझाने में श्यामू का हाथ-पैर भी झुलस गया। गंभीर रूप से झुलसी मनीषा को आनन-फानन में परिजन वाराणसी ले गए। प्राइवेट अस्पताल में उपचार के दौरान मंगलवार की सुबह करीब साढ़े सात बजे मनीषा की मौत हो गई। मौत के बाद परिवार में कोहराम मच गया। प ति श्यामू बिलखते हुए यह कहने लगा कि अब उसकी 11 माह की बच्ची के सर से मां का साया उठ गया। अब उसका पालन-पोषण वह कैसे करेगा। श्यामू की शादी चंदौली जनपद के पड़ाव निवासी मनीषा के साथ वर्ष 2016 में हुई थी। इस संबंध में कोतवाल राजाराम ने बताया कि इस यह मामला उनके संज्ञान में है। लेकिन किसी तरह से तरफ से कोई तहरीर नहीं मिली है। तहरीर मिली तो मामले की छानबीन की जाएगी।
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