गाजीपुर: ब्राह्मण और दलित विरोधी है भाजपा सरकार, काशी विश्वनाथ मंदिर को ध्वस्त किया, अब गंगा को पाट रही- सतीश चंद्र मिश्रा
सतीश चंद्र मिश्रा ने कहा कि दलितों की द्रोही तो ये सरकार पहले से ही रही है। समाजवादी पार्टी और भाजपा की सरकार जब भी आती है ये लोग ब्राह्मणों और दलितों का उत्पीड़न करते हैं। वह गाजीपुर जिले में आयोजित प्रबुद्ध वर्ग संगोष्ठी में बतौर मुख्य अतिथि पहुंचे।
विस्तार
बहुजन समाज पार्टी (बसपा) के राष्ट्रीय महासचिव सतीशचंद्र मिश्रा ने गुरुवार को गाजीपुर जिले में आयोजित प्रबुद्ध वर्ग संगोष्ठी में बतौर मुख्य अतिथि पहुंचे। इस दौरान संबोधन में भाजपा सरकार पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि भाजपा की सरकार शुरू से ही ब्राह्मण और दलित विरोधी रही है। ब्राह्मण और दलित समाज पर पिछले साढ़े चार वर्षों से सरकार लगातार हमलावर है। इन समाज के लोगों की हत्याएं की जा रही हैं। समाज के लोगों का एनकाउंटर किया जा रहा है। सरकारी गोलियों से उनको भूना जा रहा है। ये सरकार की सोच को दिखाता है और इससे ये पता चलता है कि सरकार कितनी ब्रह्मद्रोही है।
सतीश चंद्र मिश्रा ने कहा कि दलितों की द्रोही तो ये सरकार पहले से ही रही है। समाजवादी पार्टी और भाजपा की सरकार जब भी आती है ये लोग ब्राह्मणों और दलितों का उत्पीड़न करते हैं। रायबरेली के पांच ब्राह्मण समाज के भाइयों की हत्या इस सरकार में कर दी गई। समाजवादी पार्टी की नकल करते हुए इन्होंने सोचा कि जितना हम ब्राह्मणों का उत्पीड़न करेंगे, उतना ही हमारा नाम होगा। सपा सरकार में कन्नौज के नीरज मिश्रा का सिर कटवा दिया गया था।
गाजीपुर से सपा से पूर्व मंत्री रहे विजय मिश्रा के बारे में कहा कि इनको सपा ने पहले अपने साथ जोड़ा और जब इनको असलियत पता चली तो उन्होंने सपा छोड़ दी और हमारे साथ आ गए। गाजीपुर के ही गणेशदत्त मिश्रा की भी बसपा राष्ट्रीय महासचिव ने चर्चा की।
उन्होंने कहा कि इनका मकान सरकार ने गिरा दिया और इनके लाइसेंस निरस्त कर दिए। वाराणसी के काशी विश्वनाथ मंदिर को ध्वस्त करने का भी उन्होंने भाजपा पर आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि इन लोगों ने मंदिर का प्रारूप खत्म करके उसको पर्यटन स्थल बना दिया है। अब वहां कुछ नहीं बचा है। वहां गंगा नदी को भी पाटने का काम सरकार कर रही है।
सैकड़ों मंदिर वहां तोड़ दिए गए। ये कैसे धर्माधिकारी लोग हैं, जिन्होंने प्राण प्रतिष्ठित मूर्तियों तक को तोड़ डाला। वाराणसी के नाम पर वोट लेते हैं लेकिन वाराणसी में इन्होंने कुछ नहीं किया। इस मौके पर गाजीपुर सांसद अफजाल अंसारी, पूर्व मंत्री विजय मिश्रा, पूर्व मंत्री नकुल दुबे, पूर्व मंत्री रंगनाथ दुबे, पूर्व विधायक उमाशंकर कुशवाहा, पूर्व एमएलसी विजय प्रताप, रामचंद्र गौतम, अमरजीत, सुभाष राम, डॉ. पप्पू, धर्मेंद्र मिश्रा तथा जिला अध्यक्ष अजय कुमार भारती आदि उपस्थित रहे।