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नहीं भा रही नमी और गंदगी के नाम पर कटौती
Ghazipur
Updated Sat, 28 Dec 2013 05:45 AM IST
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जंगीपुर। जिले में 60 हजार एमटी धान की खरीद का लक्ष्य है जिसके लिए कुल 49 धान क्रय केंद्र खोले गए हैं। इस वर्ष 1310 रुपये प्रति कुंतल धान भुगतान करने के निर्देश है। सभी धान क्रय केंद्रों पर बोरा और पैसा पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध है। फिर भी किसान धान बेचने में रुचि नहीं ले रहे हैं। इसे लेकर लगातार आला अधिकारी धान क्रय एजेंसियों की बैठक भी कर रहे हैं। फिर भी धान खरीद में अपेक्षित सुधार नहीं हो पा रहा है। दिसंबर खत्म होने की कगार पर है। अभी तक मात्र 3695 एमटी धान ही खरीदा जा सका है।
जंगीपुर में पीसीएफ का धान क्रय केंद्र स्थापित किया गया है। इस केंद्र पर अभी तक 22 कुंतल धान की खरीद की गई। पिछले वर्ष इस केंद्र से 65 कुंतल और वर्ष 2011-12 में 620 कुंतल की खरीद हुई थी। पीसीएफ के प्रभारी रामधनी यादव से पता चला कि किसी भी किसान का धान बिना नमी मापक यंत्र से जांच किए नहीं लिया जा सकता। इसके साथ ही किसानों से साफ सुथरा धान ही लेने का आदेश है। कोई किसान यदि साफ धान लेकर नहीं आ रहा है तो उसे केंद्र पर ही साफ करने का निर्देश दिया जा रहा है। यदि धान में नमी है तो उसकी कटौती भी की जाएगी। उन्होंने भी माना कि इस बार किसान केंद्र पर नहीं आ रहे हैं, जिसकी मुख्य वजह विभिन्न प्रकार की जांच है।
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जंगीपुर में पीसीएफ का धान क्रय केंद्र स्थापित किया गया है। इस केंद्र पर अभी तक 22 कुंतल धान की खरीद की गई। पिछले वर्ष इस केंद्र से 65 कुंतल और वर्ष 2011-12 में 620 कुंतल की खरीद हुई थी। पीसीएफ के प्रभारी रामधनी यादव से पता चला कि किसी भी किसान का धान बिना नमी मापक यंत्र से जांच किए नहीं लिया जा सकता। इसके साथ ही किसानों से साफ सुथरा धान ही लेने का आदेश है। कोई किसान यदि साफ धान लेकर नहीं आ रहा है तो उसे केंद्र पर ही साफ करने का निर्देश दिया जा रहा है। यदि धान में नमी है तो उसकी कटौती भी की जाएगी। उन्होंने भी माना कि इस बार किसान केंद्र पर नहीं आ रहे हैं, जिसकी मुख्य वजह विभिन्न प्रकार की जांच है।
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