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भूख हड़ताल पर बैठी महिला की हालत बिगड़ी
ब्यूरो, अमर उजाला फीरोजाबाद
Updated Sun, 22 May 2016 11:00 PM IST
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मुआवजे की मांग को लेकर किसानों की भूख हड़ताल जारी है
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मुआवजे की मांग करते हुए 15 मई से भूख हड़ताल पर बैठे किसानों की सुध प्रशासन ने नहीं ली। प्रशासन की इस लापरवाही के चलते रविवार को भूख हड़ताल पर बैठी एक महिला की हालत बिगड़ गई। इससे किसानों में आक्रोश है। किसानों की मांग है कि यदि उनको उचित मुआवजा नहीं मिला तो वह उग्र आंदोलन करने के लिए बाध्य होंगे।
किसानों की उपजाऊ भूमि को सिक्सलेन के लिए अधिग्रहण करने के बाद शासन प्रशासन किसानों को मुआवजा देना भूल गया। मुआवजे की मांग को लेकर अधिकारियों के दरवाजे पर दस्तक देकर थक चुके किसान 15 मई से राजा का ताल पर भूख हड़ताल पर बैठ गए। उम्मीद थी कि शायद उनकी आवाज सुन ली जाएगी लेकिन ऐसा नहीं हुआ। सात दिन से भूख हड़ताल पर बैठे किसानों की सुध लेने न तो प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे और न ही उनको कोई नुमाइंदा। भूख हड़ताल पर बैठी ममता देवी की रविवार को हालत बिगड़ गई। इसके बाद भी प्रशासनिक अधिकारी नहीं पहुंचे। ग्रामीणों ने निजी चिकित्सक को बुलाकर महिला का उपचार कराया। दोपहर तीन बजे बाद स्वास्थ्य विभाग की टीम धरना स्थल पर पहुंची और भूख हड़ताल पर बैठे किसानों का स्वास्थ्य परीक्षण किया।
इन किसानों की गई 11 बीघा जमीन
अजय कुमार, संजू देवी, ममतादेवी पौने दो बीघा, मोहनदेवी, श्यामवीर, श्याम सुंदर और भगवान सिंह की 11 बीघा जमीन जरौली कलां में अधिग्रहीत की गई है।
पूर्व विधायक ने दिया अश्वासन
पूर्व विधायक अजीम भाई पीड़ितों का दर्द जानने के लिए धरना स्थल पर पहुंचे। उन्होंने पीड़ितों को न्याय दिलाने का आश्वासन दिया। उन्होंने पीड़ितों से कहा कि वह किसानों के साथ हर वक्त खड़े हैं। भाजपा जिलाध्यक्ष बीएल वर्मा और वरिष्ठ नेता डा. लक्ष्मी नरायन यादव भी धरना स्थल पर पहुंचे। उन्होंने किसानों की समस्या सुनी और शासन तक पहुंचाने का आश्वासन दिया।
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किसानों की उपजाऊ भूमि को सिक्सलेन के लिए अधिग्रहण करने के बाद शासन प्रशासन किसानों को मुआवजा देना भूल गया। मुआवजे की मांग को लेकर अधिकारियों के दरवाजे पर दस्तक देकर थक चुके किसान 15 मई से राजा का ताल पर भूख हड़ताल पर बैठ गए। उम्मीद थी कि शायद उनकी आवाज सुन ली जाएगी लेकिन ऐसा नहीं हुआ। सात दिन से भूख हड़ताल पर बैठे किसानों की सुध लेने न तो प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे और न ही उनको कोई नुमाइंदा। भूख हड़ताल पर बैठी ममता देवी की रविवार को हालत बिगड़ गई। इसके बाद भी प्रशासनिक अधिकारी नहीं पहुंचे। ग्रामीणों ने निजी चिकित्सक को बुलाकर महिला का उपचार कराया। दोपहर तीन बजे बाद स्वास्थ्य विभाग की टीम धरना स्थल पर पहुंची और भूख हड़ताल पर बैठे किसानों का स्वास्थ्य परीक्षण किया।
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इन किसानों की गई 11 बीघा जमीन
अजय कुमार, संजू देवी, ममतादेवी पौने दो बीघा, मोहनदेवी, श्यामवीर, श्याम सुंदर और भगवान सिंह की 11 बीघा जमीन जरौली कलां में अधिग्रहीत की गई है।
पूर्व विधायक ने दिया अश्वासन
पूर्व विधायक अजीम भाई पीड़ितों का दर्द जानने के लिए धरना स्थल पर पहुंचे। उन्होंने पीड़ितों को न्याय दिलाने का आश्वासन दिया। उन्होंने पीड़ितों से कहा कि वह किसानों के साथ हर वक्त खड़े हैं। भाजपा जिलाध्यक्ष बीएल वर्मा और वरिष्ठ नेता डा. लक्ष्मी नरायन यादव भी धरना स्थल पर पहुंचे। उन्होंने किसानों की समस्या सुनी और शासन तक पहुंचाने का आश्वासन दिया।
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