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Firozabad News: अमेरिका-वेनेजुएला तनाव से कांच निर्यात संकट में
Sun, 04 Jan 2026 11:49 PM IST
आगरा ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, फिरोजाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, फिरोजाबाद
Updated Sun, 04 Jan 2026 11:49 PM IST
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फिरोजाबाद। अमेरिका और वेनेजुएला के बीच बढ़ते अंतरराष्ट्रीय तनाव ने जिले के कांच हस्तशिल्प उद्योग के लिए भी संकट खड़ा कर दिया है। लैटिन अमेरिकी देशों में उपजी राजनीतिक और आर्थिक अस्थिरता के कारण स्थानीय निर्यातकों ने नौ से अधिक देशों की अपनी प्रस्तावित कारोबारी यात्राएं फिलहाल स्थगित कर दी हैं।
जिले के उद्यमी अमेरिकी टैरिफ (बढ़े हुए कर) के दबाव से बचने के लिए ब्राजील, पेरू, चिली, कोलंबिया, अर्जेंटीना और मैक्सिको जैसे लैटिन अमेरिकी देशों में नए बाजार तलाश रहे थे। फरवरी से जुलाई के बीच होने वाले विदेशी त्योहारों हार्वेस्टर और हैलोवीन के लिए ऑर्डर लेने की तैयारी थी, लेकिन वर्तमान हालात और भुगतान अटकने के डर से निर्यातकों ने कदम पीछे खींच लिए हैं। कारोबारियों का कहना है कि शहर से हर साल लगभग 20 से 25 करोड़ रुपये का कांच हस्तशिल्प इन देशों को निर्यात किया जाता है। इसमें प्रमुख रूप से कांच के मोतियों की माला और ब्रेसलेट, क्रिस्टल ग्लास के क्रॉस और धार्मिक प्रतीक, डिजाइनर कैंडल होल्डर्स और फ्लॉवर पॉट शामिल हैं। ताजा हालातों से इस पर असर पड़ेगा।
उद्यमियों की चिंता
कांच निर्यातक सरवर हुसैन के अनुसार छोटे देशों के बाजारों में पैठ बनाने की कोशिशों को इस तनाव ने बड़ा झटका दिया है। वहीं, कारोबारी कैलाश गोस्वामी का कहना है कि निर्यात प्रक्रिया पहले से ही सुस्त थी, यदि स्थितियां जल्द नहीं सुधरीं, तो शहर की छोटी कांच इकाइयां बंद होने की कगार पर पहुंच सकती हैं।
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जिले के उद्यमी अमेरिकी टैरिफ (बढ़े हुए कर) के दबाव से बचने के लिए ब्राजील, पेरू, चिली, कोलंबिया, अर्जेंटीना और मैक्सिको जैसे लैटिन अमेरिकी देशों में नए बाजार तलाश रहे थे। फरवरी से जुलाई के बीच होने वाले विदेशी त्योहारों हार्वेस्टर और हैलोवीन के लिए ऑर्डर लेने की तैयारी थी, लेकिन वर्तमान हालात और भुगतान अटकने के डर से निर्यातकों ने कदम पीछे खींच लिए हैं। कारोबारियों का कहना है कि शहर से हर साल लगभग 20 से 25 करोड़ रुपये का कांच हस्तशिल्प इन देशों को निर्यात किया जाता है। इसमें प्रमुख रूप से कांच के मोतियों की माला और ब्रेसलेट, क्रिस्टल ग्लास के क्रॉस और धार्मिक प्रतीक, डिजाइनर कैंडल होल्डर्स और फ्लॉवर पॉट शामिल हैं। ताजा हालातों से इस पर असर पड़ेगा।
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उद्यमियों की चिंता
कांच निर्यातक सरवर हुसैन के अनुसार छोटे देशों के बाजारों में पैठ बनाने की कोशिशों को इस तनाव ने बड़ा झटका दिया है। वहीं, कारोबारी कैलाश गोस्वामी का कहना है कि निर्यात प्रक्रिया पहले से ही सुस्त थी, यदि स्थितियां जल्द नहीं सुधरीं, तो शहर की छोटी कांच इकाइयां बंद होने की कगार पर पहुंच सकती हैं।
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