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घरों में भरा पानी, खतरे में जिंदगानी
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गंगानगर में घरों के चारों तरफ पानी भरा हुआ है।
- फोटो : FIROZABAD
फिरोजाबाद। मानसून की शनिवार को हुई सबसे तेज हुई बरसात नई आबादी के लोगों के लिए मुसीबत बन गई थी। नई आबादी के इलाकों के हालात गंभीर हैं। घरों में पानी भर गया तो लोग रात भर चारपाई पर बैठकर काटने के लिए विवश हुए। बारिश थमने के 24 घंटे बाद भी नई आबादी वाले क्षेत्रों में जलनिकासी नहीं हो सकी है।
गंगानगर : घरों तक पहुंचना हुआ मुश्किल
नगर निगम की सीमा में आने वाले मोहल्ला गंगा नगर निवासी शहनाज के घर में पानी भर गया। रात चारपाई पर बैठकर काटनी पड़ी। जबकि अन्य घरों के बाहर बरसात थमने के 24 घंटे बाद भी पानी भरा था। जलनिकासी के लिए नगर निगम ने कोई पहल नहीं की। रविवार को अधिकारी क्षेत्र का हाल जानने नहीं पहुंचे। लोगों का कहना है कि जलनिकासी के लिए कई बार अधिकारियों और क्षेत्रीय पार्षद से कहा, पर कोई सुनवाई नहीं हुई।
आनंद नगर : डायरिया से मौतों के बाद भी न सुधरे हालात
यहां पहले ही डायरिया से दो बच्चों की मौत हो चुकी है। आबादी ककरऊ कोठी आंनद नगर की स्थिति अब भी खराब है। जगह जगह जलभराव है। मंदिर के आसपास का क्षेत्र तालाब का रूप ले चुका है। रविवार को मंदिर का ताला तक नहीं खुल सका। लोग पूजा-अर्चना करने भी नहीं पहुंचे। जिन गलियों का निर्माण नहीं हुआ है, उनमें भी पानी भरा है। नगर निगम के अधिकारी कोई ध्यान नहीं दे रहे। लोगों को फिर से डायरिया फैलने का डर सता रहा है।
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सविता नगर : ईट रखकर घरों तक पहुंच रहे लोग
सविता नगर में बरसात के पानी की निकासी न होने के कारण गलियों में पानी भरा हुआ है। लोगों ने ईंटों के चट्टे बनाकर रास्ता बना लिया है, जिनके सहारे प्लाट की बाउंड्री पर पहुंचकर वहां से होकर सड़क पर आने के लिए विवश होना पड़ रहा है। क्षेत्रीय निवासियों की माने तो बरसात के दौरान क्षेत्र में बाढ़ जैसी स्थिति कायम हो गई थी। यदि आधा घंटे और बरसात होती तो पानी घरों के अंदर घुस जाता।
महादेव नगर : पूरा क्षेत्र पानी से घिरा
बाईपास मार्ग किनारे बसे मोहल्ला महादेव नगर की बात करें तो यहां जलभराव की समस्या नासूर बनी हुए है। एक माह पूर्व हुई मानसून की पहली बरसात से क्षेत्र में पानी भरा हुआ है। अभी तक जलनिकासी के लिए नगर निगम अधिकारियों ने कोई पहल नहीं की। पहले ट्राली से पानी की निकासी की जाती थी, लेकिन इस बार ऐसा कुछ नहीं है। बाईपास से गुजरने वाले बंबा का पानी भर क्षेत्र में घुसता है तो नाला ओवरफ्लो होते ही क्षेत्र जलमग्न हो जाता है।
इन क्षेत्रों में भी भरा रहा पानी
शनिवार को हुई झमाझम बारिश के बाद रविवार को शांतिनगर, सती नगर, आसफाबाद नई आबादी, ऊर्दूनगर, एलान नगर, हस्मतनगर, अब्बासनगर के साथ दर्जनों मोहल्ले ऐसे है। यहां रविवार को भी जलभराव का सामना लोगों को करना पड़ा।
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गंगानगर : घरों तक पहुंचना हुआ मुश्किल
नगर निगम की सीमा में आने वाले मोहल्ला गंगा नगर निवासी शहनाज के घर में पानी भर गया। रात चारपाई पर बैठकर काटनी पड़ी। जबकि अन्य घरों के बाहर बरसात थमने के 24 घंटे बाद भी पानी भरा था। जलनिकासी के लिए नगर निगम ने कोई पहल नहीं की। रविवार को अधिकारी क्षेत्र का हाल जानने नहीं पहुंचे। लोगों का कहना है कि जलनिकासी के लिए कई बार अधिकारियों और क्षेत्रीय पार्षद से कहा, पर कोई सुनवाई नहीं हुई।
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आनंद नगर : डायरिया से मौतों के बाद भी न सुधरे हालात
यहां पहले ही डायरिया से दो बच्चों की मौत हो चुकी है। आबादी ककरऊ कोठी आंनद नगर की स्थिति अब भी खराब है। जगह जगह जलभराव है। मंदिर के आसपास का क्षेत्र तालाब का रूप ले चुका है। रविवार को मंदिर का ताला तक नहीं खुल सका। लोग पूजा-अर्चना करने भी नहीं पहुंचे। जिन गलियों का निर्माण नहीं हुआ है, उनमें भी पानी भरा है। नगर निगम के अधिकारी कोई ध्यान नहीं दे रहे। लोगों को फिर से डायरिया फैलने का डर सता रहा है।
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सविता नगर : ईट रखकर घरों तक पहुंच रहे लोग
सविता नगर में बरसात के पानी की निकासी न होने के कारण गलियों में पानी भरा हुआ है। लोगों ने ईंटों के चट्टे बनाकर रास्ता बना लिया है, जिनके सहारे प्लाट की बाउंड्री पर पहुंचकर वहां से होकर सड़क पर आने के लिए विवश होना पड़ रहा है। क्षेत्रीय निवासियों की माने तो बरसात के दौरान क्षेत्र में बाढ़ जैसी स्थिति कायम हो गई थी। यदि आधा घंटे और बरसात होती तो पानी घरों के अंदर घुस जाता।
महादेव नगर : पूरा क्षेत्र पानी से घिरा
बाईपास मार्ग किनारे बसे मोहल्ला महादेव नगर की बात करें तो यहां जलभराव की समस्या नासूर बनी हुए है। एक माह पूर्व हुई मानसून की पहली बरसात से क्षेत्र में पानी भरा हुआ है। अभी तक जलनिकासी के लिए नगर निगम अधिकारियों ने कोई पहल नहीं की। पहले ट्राली से पानी की निकासी की जाती थी, लेकिन इस बार ऐसा कुछ नहीं है। बाईपास से गुजरने वाले बंबा का पानी भर क्षेत्र में घुसता है तो नाला ओवरफ्लो होते ही क्षेत्र जलमग्न हो जाता है।
इन क्षेत्रों में भी भरा रहा पानी
शनिवार को हुई झमाझम बारिश के बाद रविवार को शांतिनगर, सती नगर, आसफाबाद नई आबादी, ऊर्दूनगर, एलान नगर, हस्मतनगर, अब्बासनगर के साथ दर्जनों मोहल्ले ऐसे है। यहां रविवार को भी जलभराव का सामना लोगों को करना पड़ा।