{"_id":"8898725e1243f8c2c46eaecb4fcd1754","slug":"now-the-center-will-be-sent-to-the-districts-of-holding-funds-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"अब केंद्र से जिलों को भेजी जाएगी मनरेगा की धनराशि","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अब केंद्र से जिलों को भेजी जाएगी मनरेगा की धनराशि
ब्यूरो, अमर उजाला फीरोजाबाद
Updated Thu, 19 Feb 2015 11:16 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
नए वित्तीय वर्ष 2015-16 में मनरेगा योजना में केंद्र काफी बदलाव करने जा रहा है। केंद्र सरकार अब प्रदेश सरकार को एकमुश्त धनराशि भेजने के स्थान पर सीधे जिलों को धनराशि भेजेगा। इसके लिए जिला कार्यक्रम अधिकारी, बीडीओ और एपीओ को डोंगल भी बदले जाएंगे। केंद्रीय सचिव का पत्र मिलने के बाद प्रदेश स्तर से भी निर्देशों के आने का इंतजार है।
केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्रालय (मनरेगा सेल) के संयुक्त सचिव आर. सुब्रह्ण्यम की ओर से दस फरवरी को प्रदेश के पंचायती राज विभाग के प्रमुख सचिव आदेश जारी किया गया है। इसमें कहा गया कि ईएफएमएस प्रणाली के तहत धनराशि भेजने का काम सीधे केंद्र करेगा। इसके लिए प्रदेश सरकार को एक भी पैसा नहीं भेजा जाएगा। महज मॉनीटरिंग का काम प्रदेश सरकार करेगी। मनरेगा श्रमिकों के एकाउंट में सीधे धनराशि पहुंचने के कारण भ्रष्टाचार पर भी अंकुश लग सकेगा। उन्होंने कहा इसके लिए प्रत्येक जिला कार्यक्रम अधिकारी, बीडीओ और एपीओ को डिजिटल हस्ताक्षर केंद्र भेजने होंगे। केंद्र सरकार की ओर से मनरेगा साइट पर यह आदेश जिले को मिल गया है लेकिन अभी तक प्रदेश सरकार के पंचायती राज विभाग मनरेगा सेल की ओर से कोई पत्र विभाग को नहीं मिला है। मनरेगा योजना के डीसी रमेशचंद्र ने कहा कि केंद्र सरकार के संयुक्त सचिव आर. सुब्रह्ण्यम की ओर से मनरेगा योजना की धनराशि सीधे जिलों को भेजने के संबंध में पत्र मिला है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार की ओर से निर्देश मिलने के बाद ही प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जाएगा।
विज्ञापन
केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्रालय (मनरेगा सेल) के संयुक्त सचिव आर. सुब्रह्ण्यम की ओर से दस फरवरी को प्रदेश के पंचायती राज विभाग के प्रमुख सचिव आदेश जारी किया गया है। इसमें कहा गया कि ईएफएमएस प्रणाली के तहत धनराशि भेजने का काम सीधे केंद्र करेगा। इसके लिए प्रदेश सरकार को एक भी पैसा नहीं भेजा जाएगा। महज मॉनीटरिंग का काम प्रदेश सरकार करेगी। मनरेगा श्रमिकों के एकाउंट में सीधे धनराशि पहुंचने के कारण भ्रष्टाचार पर भी अंकुश लग सकेगा। उन्होंने कहा इसके लिए प्रत्येक जिला कार्यक्रम अधिकारी, बीडीओ और एपीओ को डिजिटल हस्ताक्षर केंद्र भेजने होंगे। केंद्र सरकार की ओर से मनरेगा साइट पर यह आदेश जिले को मिल गया है लेकिन अभी तक प्रदेश सरकार के पंचायती राज विभाग मनरेगा सेल की ओर से कोई पत्र विभाग को नहीं मिला है। मनरेगा योजना के डीसी रमेशचंद्र ने कहा कि केंद्र सरकार के संयुक्त सचिव आर. सुब्रह्ण्यम की ओर से मनरेगा योजना की धनराशि सीधे जिलों को भेजने के संबंध में पत्र मिला है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार की ओर से निर्देश मिलने के बाद ही प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जाएगा।
विज्ञापन