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मासूम ने दी मां-बाप को मुखाग्नि: बीएसएफ जवान ने पत्नी की हत्या कर फंदे से लटककर दी थी जान, गांव में पसरा मातम

Sat, 12 Sep 2026 08:15 PM IST
Arun Parashar संवाद न्यूज एजेंसी, फिरोजाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, फिरोजाबाद Published by: Arun Parashar Updated Sat, 12 Sep 2026 08:15 PM IST
सार

ड्यूटी खत्म कर आवास पर पहुंचे दिनेश ने पहले पत्नी पिंकी की गला रेतकर हत्या की और उसके बाद खुद फंदा लगा लिया। इस वीभत्स घटना का खुलासा अगली सुबह 12 साल की मासूम बेटी अनुष्का की चीख-पुकार से हुआ था। दोनों के शव गांव पहुंचे तो कोहराम मच गया।

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Last rites performed for BSF jawan and his wife he had killed his wife before taking his own life
शवों के गांव पहुंचते ही मची चीखपुकार। - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी

विस्तार

पंजाब के फाजिल्का में तैनात बीएसएफ जवान दिनेश कुमार बघेल और उनकी पत्नी पिंकी के शव जैसे ही शनिवार सुबह सेना के ट्रक में उनके पैतृक गांव सांती (थाना मक्खनपुर) पहुंचे पूरा इलाका चीख-पुकार और आंसुओं में डूब गया। गांव का स्थानीय बाजार पूरी तरह बंद रहा। पिछले दो दिनों से कई घरों में चूल्हे तक नहीं जले। हर आंख नम थी। हर कोई इस खौफनाक वारदात से स्तब्ध था। भारत माता की जय के नारों और गमगीन माहौल के बीच दंपती पंचतत्व में विलीन हो गया।
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इस दुखद और मार्मिक क्षण में तब पूरा गांव रो उठा जब दंपती के सात साल के मासूम बेटे जयादित्य बघेल ने अपने कांपते हाथों से माता-पिता को मुखाग्नि दी। जिस उम्र में बच्चे को माता-पिता की छांव की सबसे ज्यादा जरूरत होती है उस मासूम ने अपने हाथों से उन्हें अंतिम विदाई दी। पास ही खड़ी 12 वर्षीय बेटी अनुष्का और परिवार के सदस्यों का रो-रोकर बुरा हाल था। पिता रामबाबू और मां त्रिवेदी देवी अपने बेटे और बहू के शव को देखकर बार-बार बेसुध हो रहे थे।
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छह महीने पहले ही बच्चों को पंजाब ले गए थे
वर्ष 2012 में बीएसएफ की 65वीं बटालियन में भर्ती हुए दिनेश कुमार बघेल पांच भाइयों में सबसे बड़े थे और अपने परिवार की हर जिम्मेदारी संभाल रहे थे। उनके दो भाई यूपी पुलिस और पीएसी में देश सेवा कर रहे हैं। छह माह पहले ही दिनेश अपनी पत्नी पिंकी (32), 12 वर्षीय पुत्री अनुष्का और 7 वर्षीय पुत्र जयादित्य को पंजाब के फाजिल्का स्थित सरकारी आवास में ले गए थे। 9 सितंबर की रात करीब 12 बजे ड्यूटी खत्म कर आवास (क्वार्टर) पर पहुंचे दिनेश ने पहले पत्नी पिंकी की गला रेतकर हत्या की और उसके बाद खुद फंदा लगा लिया। इस वीभत्स घटना का खुलासा अगली सुबह 12 साल की मासूम बेटी अनुष्का की चीख-पुकार से हुआ था।
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दोनों के बीच कभी विवाद की बात सामने नहीं आई
सांती गांव के लोगों का कहना है कि शांत स्वभाव के दिनेश और उनकी पत्नी के बीच कभी किसी विवाद की बात सामने नहीं आई थी। इसलिए अचानक उठाए गए कदम पर हर कोई हैरान है। अंतिम संस्कार के दौरान उमड़ी भारी भीड़ और संवेदनशीलता को देखते हुए क्षेत्र में तीन थानों की पुलिस तैनात रही। सीओ शिकोहाबाद जयबिंद कुमार गुप्ता, थाना प्रभारी शिकोहाबाद अनुज कुमार राणा, मक्खनपुर एसओ चमन कुमार शर्मा, खैरगढ़ एसओ प्रवीण कुमार मिश्रा और सर्विलांस प्रभारी प्रेमशंकर पांडेय भारी फोर्स के साथ सुरक्षा और शांति व्यवस्था की कमान संभाले रहे।
 
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