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निगम प्रशासन ने माना अधिक लगाया टैक्स
ब्यूरो अमर उजाला फीरोजाबाद
Updated Tue, 07 Apr 2015 11:34 PM IST
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आखिर जनता से अधिक टैक्स वसूलने के मामले में नगर निगम प्रशासन बैकफुट पर आ
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ही गया। नगर विधायक द्वारा विधानसभा में मामला उठाने, सांसद द्वारा मामले
की जांच के निर्देश के बाद नगर निगम ने भी जब मामले की जांच पड़ताल कराई तो
माना कि जनता पर टैक्स अधिक लगाया गया है।
नगर विधायक मनीष असीजा द्वारा विधानसभा में प्रदेश के महानगरों लखनऊ, कानपुर, बनारस, अलीगढ़, आगरा सहित अन्य महानगरों के तुलनात्मक टैक्स दरों के आंकड़े प्रस्तुत किए, तब कहीं जाकर सरकार की आंख खुली। मामले की गंभीरता को देखते हुए सांसद अक्षय यादव ने जनता पर लगाए गए टैक्स जांच करने के निर्देश दिए थे। सांसद के निर्देश पर नगर निगम द्वारा की जब मामले की गंभीरता से जांच कराई गई तो अफसरों ने भी पाया कि जनता पर अधिक टैक्स आरोपित किया गया है। अब नगर निगम प्रशासन टैक्स की दरें रिवाइज करने की तैयारी में जुट गया है।
संयुक्त सचिव ने मांगी रिपोर्ट
संयुक्त सचिव सुधीर सिंह चौहान ने नगर निगम को भेजे पत्र में कहा है कि नगर विधायक मनीष असीजा द्वारा जनता से अधिक टैक्स वसूलने के मामले में आख्या मांगी थी, जो अभी तक नहीं भेजी गई है। अत: वांछित आख्या तत्काल उपलबध करा दें। यह मामला नगर विकास मंत्री के संज्ञान में लाने के लिए प्राथमिकता पर है।
हमने वर्तमान में लागू टैक्स की जांच पड़ताल की है, जिसमें रेट अधिक प्रतीत हुए हैं। अब नए सिरे से रेट रिवाइज की जाएंगी। जनता से इस मामले में आपत्तियां मांगी जाएंगी, उसके बाद ही नए रेट से टैक्स लागू किया जाएगा। इस संबंध में शासन को भी रिपोर्ट भेजी जा रही है।
रामऔतार रमन, नगर आयुक्त
नगर विधायक मनीष असीजा द्वारा विधानसभा में प्रदेश के महानगरों लखनऊ, कानपुर, बनारस, अलीगढ़, आगरा सहित अन्य महानगरों के तुलनात्मक टैक्स दरों के आंकड़े प्रस्तुत किए, तब कहीं जाकर सरकार की आंख खुली। मामले की गंभीरता को देखते हुए सांसद अक्षय यादव ने जनता पर लगाए गए टैक्स जांच करने के निर्देश दिए थे। सांसद के निर्देश पर नगर निगम द्वारा की जब मामले की गंभीरता से जांच कराई गई तो अफसरों ने भी पाया कि जनता पर अधिक टैक्स आरोपित किया गया है। अब नगर निगम प्रशासन टैक्स की दरें रिवाइज करने की तैयारी में जुट गया है।
संयुक्त सचिव ने मांगी रिपोर्ट
संयुक्त सचिव सुधीर सिंह चौहान ने नगर निगम को भेजे पत्र में कहा है कि नगर विधायक मनीष असीजा द्वारा जनता से अधिक टैक्स वसूलने के मामले में आख्या मांगी थी, जो अभी तक नहीं भेजी गई है। अत: वांछित आख्या तत्काल उपलबध करा दें। यह मामला नगर विकास मंत्री के संज्ञान में लाने के लिए प्राथमिकता पर है।
हमने वर्तमान में लागू टैक्स की जांच पड़ताल की है, जिसमें रेट अधिक प्रतीत हुए हैं। अब नए सिरे से रेट रिवाइज की जाएंगी। जनता से इस मामले में आपत्तियां मांगी जाएंगी, उसके बाद ही नए रेट से टैक्स लागू किया जाएगा। इस संबंध में शासन को भी रिपोर्ट भेजी जा रही है।
रामऔतार रमन, नगर आयुक्त