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Firozabad News: बदलता मौसम कर रहा बीमार, बच्चों पर बुखार और डायरिया का प्रहार
Wed, 10 May 2023 11:37 PM IST
आगरा ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, फिरोजाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, फिरोजाबाद
Updated Wed, 10 May 2023 11:37 PM IST
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बदलता मौसम कर रहा बीमार, बच्चों पर बुखार और डायरिया का प्रहार
बालरोग वार्ड फुल, ओपीडी में कतार, 276 मरीजों को दिया गया उपचार
संवाद न्यूज एजेंसी
फिरोजाबाद। तल्ख धूप के तेवर से मौसम में परिवर्तन के चलते डायरिया, उल्टी, दस्त व बुखार का प्रकोप बढ़ गया। नवजात के साथ ही दस वर्ष तक की आयु के बच्चे ऐसी सामान्य बीमारी से पीड़ित हो रहे हैं। मेडिकल कॉलेज की सौ शैया विंग में बना बालरोग वार्ड फुल चल रहा है। यहां 48 बाल रोगी भर्ती हैं। इसमें 30 मरीज तो डायरिया से ही पीड़ित है। अन्य मरीजों को बुखार, पेट दर्द की समस्या बनीं है। वहीं बालरोग विभाग की ओपीडी के बाहर लंबी कतारें नजर आईं। 276 मरीजों को उपचार दिया गया।
मौसम में बार-बार बदलाव हो रहा है। ठंडक और गर्मी के बीच उमस भरा माहौल है। ऐसे में बीमारियां भी बढ़ रही हैं। इस मौसम का असर वैसे तो हर आयु के लोगों पर पड़ रहा है, लेकिन बच्चे ज्यादा प्रभावित हो रहे हैं। सरकारी व निजी अस्पतालों में बीमार बच्चों की भीड़ लग रही है। सबसे ज्यादा डायरिया बच्चों को चपेट में ले रहा है। मेडिकल कॉलेज में बाल रोग विभागध्यक्ष डा. एलके गुप्ता ने बताया कि गर्मी के कारण बच्चों में डायरिया सबसे ज्यादा है। 70 प्रतिशत बीमार बच्चे डायरिया से पीड़ित हैं। बाकी 30 प्रतिशत बच्चे वायरल, टायफाइड बुखार, नजला जुकाम व खांसी से पीड़ित आ रहे हैं। पानी की कमी होने पर डायरिया से पीड़ित बच्चों को भर्ती करना पड़ रहा है। बीमारियों से बचाव के लिए खानपान पर ध्यान देने की जरूरत है। ऐसी चीजों का सेवन ज्यादा करें, जिनका जल्दी पाचन हो सके। ताजा बने भोजन का सेवन करें और साफ-सफाई का खास ध्यान रखें।
मौसम बदल गया है पर बेमौसम बारिश ज्यादा परेशान कर रही है। इस तरह बदलते मौसम में अधिक ध्यान रखने की जरूरत है। गर्मी से एक दम ज्यादा ठंडे वातावरण में जाने से नजला, जुकाम व बुखार होने का खतरा रहता है। इसलिए गर्मी से ठंडे वातावरण में या ठंडे से गर्म वातावरण में जाने से पहले शरीर को कुछ देर सामान्य वातावरण में रखें। इससे बचाव के लिए तरल पदार्थों का सेवन ज्यादा करें और बाजार में बनी चीजों का सेवन करने से बचें।
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डॉ. निखिल गुप्ता, बालरोग विशेषज्ञ, मेडिकल कॉलेज
मेडिसन वार्ड भी चल रहा फुल
मेडिसन वार्ड भी फुल चल रहा है। बुधवार को मेडिसन विभाग की ओपीडी में 360 मरीज इलाज के लिए पहुंचे। अधिकांश मरीज डायरिया, पेट दर्द संबंधित बीमारी से पीड़ित थे। गंभीर मरीजों को भर्ती किया गया। वार्ड में 102 मरीजों का इलाज चल रहा है। इसमें अधिकांशत: पेट दर्द, डायरिया संबंधित बीमारी से पीड़ित है।
ये हैं कारण
-दूषित पानी का सेवन करना
-बाजार की तली भूनी चीजें, फास्ट फूड का ज्यादा सेवन करना
- बासी व दूषित भोजन करना
- गर्म वातावरण से एक दम ठंडे वातावरण में जाना
- साफ-सफाई का ध्यान न रखना
ऐसे करें बचाव
-पानी ज्यादा से ज्यादा पीएं
-तरल पदार्थों का सेवन ज्यादा करें
-बाहर की चीजों का सेवन कम करें
-कटे हुए फल व गन्ने का जूस का सेवन न करें
-घर में बना हुए ताजा भोजन लें
-दही व लस्सी का सेवन करें
-तेज धूप में जाने से बचें
-बीमार होने पर चिकित्सक की सलाह से उपचार कराएं
बीते दिनों में मरीजों की संख्या
तिथि- मेडिसन विभाग- बाल रोग विभाग-
10 मई- 360- 276
09 मई-365- 223
08 मई- 390- 246
06 मई- 365- 182
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बालरोग वार्ड फुल, ओपीडी में कतार, 276 मरीजों को दिया गया उपचार
संवाद न्यूज एजेंसी
फिरोजाबाद। तल्ख धूप के तेवर से मौसम में परिवर्तन के चलते डायरिया, उल्टी, दस्त व बुखार का प्रकोप बढ़ गया। नवजात के साथ ही दस वर्ष तक की आयु के बच्चे ऐसी सामान्य बीमारी से पीड़ित हो रहे हैं। मेडिकल कॉलेज की सौ शैया विंग में बना बालरोग वार्ड फुल चल रहा है। यहां 48 बाल रोगी भर्ती हैं। इसमें 30 मरीज तो डायरिया से ही पीड़ित है। अन्य मरीजों को बुखार, पेट दर्द की समस्या बनीं है। वहीं बालरोग विभाग की ओपीडी के बाहर लंबी कतारें नजर आईं। 276 मरीजों को उपचार दिया गया।
मौसम में बार-बार बदलाव हो रहा है। ठंडक और गर्मी के बीच उमस भरा माहौल है। ऐसे में बीमारियां भी बढ़ रही हैं। इस मौसम का असर वैसे तो हर आयु के लोगों पर पड़ रहा है, लेकिन बच्चे ज्यादा प्रभावित हो रहे हैं। सरकारी व निजी अस्पतालों में बीमार बच्चों की भीड़ लग रही है। सबसे ज्यादा डायरिया बच्चों को चपेट में ले रहा है। मेडिकल कॉलेज में बाल रोग विभागध्यक्ष डा. एलके गुप्ता ने बताया कि गर्मी के कारण बच्चों में डायरिया सबसे ज्यादा है। 70 प्रतिशत बीमार बच्चे डायरिया से पीड़ित हैं। बाकी 30 प्रतिशत बच्चे वायरल, टायफाइड बुखार, नजला जुकाम व खांसी से पीड़ित आ रहे हैं। पानी की कमी होने पर डायरिया से पीड़ित बच्चों को भर्ती करना पड़ रहा है। बीमारियों से बचाव के लिए खानपान पर ध्यान देने की जरूरत है। ऐसी चीजों का सेवन ज्यादा करें, जिनका जल्दी पाचन हो सके। ताजा बने भोजन का सेवन करें और साफ-सफाई का खास ध्यान रखें।
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मौसम बदल गया है पर बेमौसम बारिश ज्यादा परेशान कर रही है। इस तरह बदलते मौसम में अधिक ध्यान रखने की जरूरत है। गर्मी से एक दम ज्यादा ठंडे वातावरण में जाने से नजला, जुकाम व बुखार होने का खतरा रहता है। इसलिए गर्मी से ठंडे वातावरण में या ठंडे से गर्म वातावरण में जाने से पहले शरीर को कुछ देर सामान्य वातावरण में रखें। इससे बचाव के लिए तरल पदार्थों का सेवन ज्यादा करें और बाजार में बनी चीजों का सेवन करने से बचें।
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डॉ. निखिल गुप्ता, बालरोग विशेषज्ञ, मेडिकल कॉलेज
मेडिसन वार्ड भी चल रहा फुल
मेडिसन वार्ड भी फुल चल रहा है। बुधवार को मेडिसन विभाग की ओपीडी में 360 मरीज इलाज के लिए पहुंचे। अधिकांश मरीज डायरिया, पेट दर्द संबंधित बीमारी से पीड़ित थे। गंभीर मरीजों को भर्ती किया गया। वार्ड में 102 मरीजों का इलाज चल रहा है। इसमें अधिकांशत: पेट दर्द, डायरिया संबंधित बीमारी से पीड़ित है।
ये हैं कारण
-दूषित पानी का सेवन करना
-बाजार की तली भूनी चीजें, फास्ट फूड का ज्यादा सेवन करना
- बासी व दूषित भोजन करना
- गर्म वातावरण से एक दम ठंडे वातावरण में जाना
- साफ-सफाई का ध्यान न रखना
ऐसे करें बचाव
-पानी ज्यादा से ज्यादा पीएं
-तरल पदार्थों का सेवन ज्यादा करें
-बाहर की चीजों का सेवन कम करें
-कटे हुए फल व गन्ने का जूस का सेवन न करें
-घर में बना हुए ताजा भोजन लें
-दही व लस्सी का सेवन करें
-तेज धूप में जाने से बचें
-बीमार होने पर चिकित्सक की सलाह से उपचार कराएं
बीते दिनों में मरीजों की संख्या
तिथि- मेडिसन विभाग- बाल रोग विभाग-
10 मई- 360- 276
09 मई-365- 223
08 मई- 390- 246
06 मई- 365- 182