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Fatehpur News: तेरे इश्क में क्या से क्या हो गए हम...
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खागा। नगर पंचायत के सभागार में मंगलवार को उत्तर प्रदेश पंजाबी अकादमी लखनऊ व निर्बल विकास एवं उत्थान समिति कौशांबी की तरफ से कवि सम्मेलन का आयोजन हुआ।
इस मौके पर महिला कवि जगदीश कौर ने पढ़ा कि पता नहीं कितने गमों का बोझ उठाएगी कविता, इस बार मेरा पूरा स्नेह पाएगी कविता, मैं चाहती हूं कि चांद सितारें रोशनी धूप लिखूं, पर कलम से मन की व्यथा उतारेगी कविता। सरदार मनमोहन सिंह तन्हा ने पढ़ा कि नफरतें मिलती हैं, कैसे दिल मिलाकर देख लें, तू किसी की राह से पत्थर हटाकर देख ले। दूसरों से पूछ कर क्यों फैसला करता है तू, एक दिया तू भी मोहब्बत का जलाकर देख ले। प्रसिद्ध शायर फरमूद इलाहाबादी ने अपनी नज्म में कहा कि तेरे इश्क में क्या से क्या हो गए हम, गजल नज्म थे, मर्सिया हो गए हम। बुरा हो मोहब्बत का, नारियल से सुपारी डली छलिया हो गए हम।
प्रयागराज की मिस्बाह इलाहाबादी, शारिक फूलपुरी, राधा शुक्ला, आयुषी त्रिपाठी, अमीर कौशाम्बी व शीवा कोरालवी ने भी अपनी रचनाएं पढ़ीं। विकास एवं उत्थान समिति के सचिव सैयद आफताब मेहंदी ने कहा कि ऐसे कार्यक्रमों से समाज में एकता व सौहार्द का संदेश जाता है। इस मौके पर चेयरपर्सन खागा गीता सिंह, ईओ देवहूति पांडेय, बार एसोसिएशन खागा के अध्यक्ष रामचंद्र श्रीवास्तव, चेयरमैन किशनपुर सुरेंद्र सोनकर, सज्जाद मेहंदी, मंगरू प्रसाद, अजय सिंह, फिरोज अहमद व दीपक सिंह आदि मौजूद रहे।
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इस मौके पर महिला कवि जगदीश कौर ने पढ़ा कि पता नहीं कितने गमों का बोझ उठाएगी कविता, इस बार मेरा पूरा स्नेह पाएगी कविता, मैं चाहती हूं कि चांद सितारें रोशनी धूप लिखूं, पर कलम से मन की व्यथा उतारेगी कविता। सरदार मनमोहन सिंह तन्हा ने पढ़ा कि नफरतें मिलती हैं, कैसे दिल मिलाकर देख लें, तू किसी की राह से पत्थर हटाकर देख ले। दूसरों से पूछ कर क्यों फैसला करता है तू, एक दिया तू भी मोहब्बत का जलाकर देख ले। प्रसिद्ध शायर फरमूद इलाहाबादी ने अपनी नज्म में कहा कि तेरे इश्क में क्या से क्या हो गए हम, गजल नज्म थे, मर्सिया हो गए हम। बुरा हो मोहब्बत का, नारियल से सुपारी डली छलिया हो गए हम।
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प्रयागराज की मिस्बाह इलाहाबादी, शारिक फूलपुरी, राधा शुक्ला, आयुषी त्रिपाठी, अमीर कौशाम्बी व शीवा कोरालवी ने भी अपनी रचनाएं पढ़ीं। विकास एवं उत्थान समिति के सचिव सैयद आफताब मेहंदी ने कहा कि ऐसे कार्यक्रमों से समाज में एकता व सौहार्द का संदेश जाता है। इस मौके पर चेयरपर्सन खागा गीता सिंह, ईओ देवहूति पांडेय, बार एसोसिएशन खागा के अध्यक्ष रामचंद्र श्रीवास्तव, चेयरमैन किशनपुर सुरेंद्र सोनकर, सज्जाद मेहंदी, मंगरू प्रसाद, अजय सिंह, फिरोज अहमद व दीपक सिंह आदि मौजूद रहे।
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