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रामगंगा नहर की तली तक ही पहुंचा पानी, किसान चिंतित
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निचली रामगंगा नहर की तलहटी में बह रहा पानी
- फोटो : FATEHPUR
फतेहपुर। ढाई महीना बाद जिले की नहरों में पानी आया है, लेकिन रोस्टर वाली नहर की तली तक ही पानी आ सका है। फसलों की सिंचाई के लिए बनाए गए कुलाबा नहर की तली से दो फुट ऊपर हैं।
ऐसे में फसलों की सिंचाई करने के लिए किसानों को अभी पानी नहीं मिल पा रहा है। नहर में पानी बढ़ने का किसान इंतजार कर रहे हैं।
कानपुर से लगी सीमा पर गुरुवार रात 420 क्यूसेक पानी आया है।
सीमा से करीब 35 किमी की दूरी पर रामगंगा नहर है, जिसका चार से 19 जनवरी तक का रोस्टर है। रामगंगा नहर के हेड पर अभी इतना पानी नहीं पहुंचा है कि सिंचाई विभाग गेज (माप) शुरू कर सके।
इससे साफ पता चल रहा है कि सिंचाई के लिए बनाए गए कुलाबा व रजबहा, माइनरों के हेड से अभी पानी नहीं निकल रहा है। ऐेसे में जो पानी आया है, उससे किसान अभी तक फसलों की सिंचाई नहीं शुरू कर सके हैं।
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जबकि सिंचाई विभाग से बनाए गए रोस्टर में इस समय 1500 क्यूसेक पानी दर्ज है। 19 जनवरी तक रामगंगा नहर में पानी चलेगा। इससे मलवां, तेलियानी, भिटौरा, हथगाम, ऐरायां ब्लाक क्षेत्र के अलावा कौशांबी जिले के किसानों को सिंचाई का पानी दिया जाता है।
19 जनवरी के बाद निचली गंगा नहर का रोस्टर है। निचली गंगा नहर से खजुहा, अमौली, बहुआ और असोथर ब्लाक के किसान फसलों की सिंचाई करते हैं।
अभी 420 क्यूसेक पानी आया है। शुक्रवार सुबह की गेज में 600 क्यूसेक से अधिक पानी हो जाएगा। धीरे-धीरे नहर का पानी बढ़ेगा। 19 जनवरी तक रामगंगा नहर से जुड़े किसानों को पानी मिलेगा। इस बीच में टेल तक के किसानों को सिंचाई का पानी दिलाने का प्रयास किया जाएगा। - महेंद्र सिंह, अधिशासी अभियंता, रामगंगा नहर
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ऐसे में फसलों की सिंचाई करने के लिए किसानों को अभी पानी नहीं मिल पा रहा है। नहर में पानी बढ़ने का किसान इंतजार कर रहे हैं।
कानपुर से लगी सीमा पर गुरुवार रात 420 क्यूसेक पानी आया है।
सीमा से करीब 35 किमी की दूरी पर रामगंगा नहर है, जिसका चार से 19 जनवरी तक का रोस्टर है। रामगंगा नहर के हेड पर अभी इतना पानी नहीं पहुंचा है कि सिंचाई विभाग गेज (माप) शुरू कर सके।
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इससे साफ पता चल रहा है कि सिंचाई के लिए बनाए गए कुलाबा व रजबहा, माइनरों के हेड से अभी पानी नहीं निकल रहा है। ऐेसे में जो पानी आया है, उससे किसान अभी तक फसलों की सिंचाई नहीं शुरू कर सके हैं।
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जबकि सिंचाई विभाग से बनाए गए रोस्टर में इस समय 1500 क्यूसेक पानी दर्ज है। 19 जनवरी तक रामगंगा नहर में पानी चलेगा। इससे मलवां, तेलियानी, भिटौरा, हथगाम, ऐरायां ब्लाक क्षेत्र के अलावा कौशांबी जिले के किसानों को सिंचाई का पानी दिया जाता है।
19 जनवरी के बाद निचली गंगा नहर का रोस्टर है। निचली गंगा नहर से खजुहा, अमौली, बहुआ और असोथर ब्लाक के किसान फसलों की सिंचाई करते हैं।
अभी 420 क्यूसेक पानी आया है। शुक्रवार सुबह की गेज में 600 क्यूसेक से अधिक पानी हो जाएगा। धीरे-धीरे नहर का पानी बढ़ेगा। 19 जनवरी तक रामगंगा नहर से जुड़े किसानों को पानी मिलेगा। इस बीच में टेल तक के किसानों को सिंचाई का पानी दिलाने का प्रयास किया जाएगा। - महेंद्र सिंह, अधिशासी अभियंता, रामगंगा नहर