यूरिया खाद के लिए समितियों में उमड़े किसान
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फतेहपुर। पीसीएफ गोदाम से समितियों में भेजी जाने वाली खाद भी कम पड़ रही है। समितियों में एक ट्रक खाद एक दिन में खत्म हो जाती है। प्राइवेट दुकानों में बिकने वाली यूरिया अधिक दाम पर बिकती है। इससे समिति से खाद लेने की मारामारी है। किसानों की सुबह से ही समितियों में भीड़ जुट जाती है। बता दें कि करीब 15 दिन पहले इफको के दाम घटाने से यूरिया समितियों में कम दाम पर मिल रही है। प्राइवेट दुकानों में बिकने वाली खाद 20 से 50 रुपये अधिक में बिक रही है। 70 साधन सहकारी समितियों से इफको की खाद बिक रही है। कम दाम में यूरिया खरीदने के लिए सुबह से किसान समितियों में पहुंच जाते हैं। खाद की डिमांड बढ़ने से पीसीएफ के अधिकृत ठेकेदार की ढुलाई व्यवस्था कमजोर दिखने लगी है। एक दिन में ही एक ट्रक खाद खत्म हो जाती है। दूसरा ट्रक आने में कम से कम एक सप्ताह लग जाता है।
भिखारीपुर साधन सहकारी समिति में एक सप्ताह बाद मंगलवार को खाद पहुंची। खाद की सूचना मिलते बुधवार को सुबह ही समिति में किसानों की भीड़ इकट्ठा हो गई। त्रिलोकीपुर गांव के किसान पप्पू ने बताया कि धान की फसल में यूरिया छिड़कने की जरूरत है। एक सप्ताह बाद समिति में खाद आती है। इससे किसानों की भीड़ नहीं खत्म हो रही है। खंभापुर गांव के किसान कल्लू ने बताया कि समिति में 320 रुपये की एक बोरी यूरिया मिलती है। प्राइवेट दुकानदार 350 से 375 रुपये तक की एक बोरी बेंच रहे हैं। इसी प्रकार भिखारीपुर, हरिहरगंज और मेवली सहकारी समिति में किसानों की भीड़ लगी रही। समिति के सचिवों ने लाइन से किसानों को निर्धारित दाम पर यूरिया खाद दी। सहायक आयुक्त एवं सहायक निबंधक संजीव कुमार राय ने बताया कि सभी सचिवों को निर्धारित दाम पर खाद बेचने के निर्देश दिए गए हैं। अधिक दाम पर खाद बेचने की शिकायत मिली तो जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी।