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रिटायर्ड सफाईकर्मी की मौत पर हंगामा
ब्यूरो अमर उजाला, फतेहपुर
Updated Sat, 27 Aug 2016 12:59 AM IST
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नगर पालिका परिषद कार्यालय में बैठे मृतक सफाई कर्मचारी के परिजन।
- फोटो : अमर उजाला
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सेवानिवृत्त सफाई कर्मचारी की मौत पर शव लेकर पहुंचे परिजनों ने शुक्रवार को नगर पालिका में हंगामा किया। आरोप लगाया कि पीएफ और पेंशन भुगतान न होने से हार्टफेल हुआ। अधिशासी अधिकारी रश्मि भारती ने संबंधित दो लिपिकों को कारण बताओ नोटिस जारी किया। साथ ही परिषद की तरफ से सफाई कर्मचारी के अंतिम संस्कार के लिए 15 हजार रुपये देकर मामला शांत कराया।
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शहर के अरबपुर निवासी नत्थूराम (62) दिसंबर 2015 में नगर पालिका परिषद के सफाई कर्मचारी पद से सेवानिवृत्त हुए थे। परिजनों ने बताया कि ग्रेज्युटी आदि का अभी तक सिर्फ दो लाख 15 हजार रुपये का भुगतान हुआ है। पूरे साल भर से नत्थूराम पीएफ और पेंशन के लिए नगर पालिका परिषद के चक्कर लगा रहे थे। बेटे धीरेंद्र की मानें, तो पीएफ और पेंशन न मिलने के कारण पिता काफी चिंता में रहते थे।
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सदमे के कारण गुरुवार की रात दिल का दौरा पड़ने से मौत हो गई। परिजन भुखमरी के कगार पर हैं। आरोप लगाया कि नगर पालिका पीएफ राशि और पेंशन का भुगतान करती तो पिता की मौत न होती। बता दें कि सेवानिवृत्त कर्मचारी के पुत्र धीरेंद्र व जीतेंद्र पड़ोसियों के साथ शव लेकर नगर पालिका पहुंचे थे। कार्यालय गेट पर हंगामा सुन ईओ बाहर निकलीं तब माजरा समझ में आया।
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ईओ ने संबंधिक लिपिक कमल बिहारी और हबीब से पत्रावली मंगाई। पीएफ और पेंशन की पत्रावलियां अधूरी मिली। ईओ ने तत्काल परिवार को कर्मचारी के अंतिम संस्कार के लिए 15 हजार रुपये दिए। दोनों लिपिकों के खिलाफ कारण बताओ नोटिस जारी की। ईओ ने बताया कि पेंशन स्वीकृत करना उनके अधिकार क्षेत्र में नहीं है। यहां से पत्रावली तैयार होकर कमिश्नरी भेजी जाती है।
वहीं से पेंशन स्वीकृत होती है। कुछ जरूरी अभिलेख पत्रावली में नहीं हैं। ऐसी हालत में पत्रावली नहीं भेजी गई है। ऐसी ही हालत पीएफ पत्रावली की है। दोनों लिपिकों से जवाब मांगा गया है। अगर उनकी कमी पाई जाती है, तो कड़ी कार्रवाई की जाएगी। सेवानिवृत्त कर्मचारी के परिजनों को पूरा भुगतान किया जाएगा।