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Fatehpur News: बारिश में दो कच्चे मकान ढहे, गृहस्थी का सामान मलबे में दबा
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खागा/ थरियांव। जिले में बृहस्पतिवार को बारिश के कारण दो कच्चे मकान भरभराकर गिर गए। खागा और थरियांव क्षेत्रों के दो परिवारों की गृहस्थी का सारा सामान मलबे में दबकर नष्ट हो गया। मकान गिरने के बाद दोनों परिवारों के सामने रहने का गंभीर संकट है।
खागा नगर पंचायत के तुरंग सिंह वार्ड में मजदूर महावीर का कच्चा मकान बृहस्पतिवार सुबह तेज बारिश में ढह गया। मलबे में बर्तन, बिस्तर, चारपाई, खाद्यान्न समेत गृहस्थी का सामान खराब हो गया। महावीर की पत्नी आशा देवी ने बताया कि परिवार के सदस्य समय रहते बाहर निकल आए, जिससे कोई जनहानि नहीं हुई। उन्होंने 2025 में प्रधानमंत्री आवास के लिए आवेदन किया था, पर अब तक लाभ नहीं मिला। उधर, थरियांव क्षेत्र के हथगाम ब्लॉक स्थित मवइया गांव में विधवा रामदुलारी का कच्चा मकान भी बृहस्पतिवार भोर में गिर गया। रामदुलारी की कोई संतान नहीं है। उनके पति की कुछ वर्ष पहले बीमारी से मौत हो चुकी है। उन्होंने सरकारी आवास के लिए ग्राम प्रधान और सचिव से कई बार मांग की थी, लेकिन कोई सहायता नहीं मिली।
लेखपाल जंग बहादुर ने बताया कि पात्रता के अनुसार पीड़ित महिला को सरकारी सहायता का लाभ दिलाया जाएगा।
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खागा नगर पंचायत के तुरंग सिंह वार्ड में मजदूर महावीर का कच्चा मकान बृहस्पतिवार सुबह तेज बारिश में ढह गया। मलबे में बर्तन, बिस्तर, चारपाई, खाद्यान्न समेत गृहस्थी का सामान खराब हो गया। महावीर की पत्नी आशा देवी ने बताया कि परिवार के सदस्य समय रहते बाहर निकल आए, जिससे कोई जनहानि नहीं हुई। उन्होंने 2025 में प्रधानमंत्री आवास के लिए आवेदन किया था, पर अब तक लाभ नहीं मिला। उधर, थरियांव क्षेत्र के हथगाम ब्लॉक स्थित मवइया गांव में विधवा रामदुलारी का कच्चा मकान भी बृहस्पतिवार भोर में गिर गया। रामदुलारी की कोई संतान नहीं है। उनके पति की कुछ वर्ष पहले बीमारी से मौत हो चुकी है। उन्होंने सरकारी आवास के लिए ग्राम प्रधान और सचिव से कई बार मांग की थी, लेकिन कोई सहायता नहीं मिली।
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लेखपाल जंग बहादुर ने बताया कि पात्रता के अनुसार पीड़ित महिला को सरकारी सहायता का लाभ दिलाया जाएगा।