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Fatehpur News: समाज, किसान नेता, पुलिस और प्रशासन चारों की है परिवार की जिम्मेदारी

Mon, 14 Apr 2025 12:57 AM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Mon, 14 Apr 2025 12:57 AM IST
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Society, farmer leaders, police and administration all four are responsible for the family
फतेहपुर/हथगाम। तिहरे हत्याकांड के पीड़ित परिजनों से मिलने किसान नेता राकेश टिकैत थानाक्षेत्र हथगाम के गांव अखरी काफिले के साथ पहुंचे। परिजनों से मिलकर घटना की जानकारी ली। उनकी मांगों को सुनकर पूरे सहयोग का वादा किया। कहा कि यहां के समाज, किसान नेता, पुलिस और प्रशासन चारों की परिवार की सुरक्षा और देखरेख की जिम्मेदारी है। स्थानीय नेताओं को भी घेरा। इस बीच अपने नेता को देख किसानों में उबाल आ गया। उन्होंने पूर्व मंत्री के मुर्दाबाद के नारे लगाए। पुलिस के खिलाफ भी नारेबाजी की।
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भाकियू के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत ने किसान नेता दिवंगत विनोद उर्फ पप्पू की मां रामदुलारी व परिजनों से मुलाकात की। वे बरामदे में ही बैठकर बातचीत करने लगे। परिजनों ने अपनी सुरक्षा, नौकरी, शस्त्र लाइसेंस, आरोपियों के एनकाउंटर व उनके घर पर बुलडोजर की कार्रवाई की मांग की। राकेश टिकैत ने सभी को ढांढस बंधाते हुए मांगों को पूरी कराने का भरोसा दिलाया। इस बीच किसानों के शोर-शराबे पर किसान नेता घर के अंदर परिजनों के साथ चले गए। करीब 20 मिनट की बातचीत के बाद किसानों से रूबरू हुए। कहा कि आज भी लखनऊ के अधिकारियों से बातचीत की गई है। परिवार में कोई नहीं बचा है। छोटे-छोटे बच्चे और महिलाएं हैं। उनकी सुरक्षा और देखरेख की जिम्मेदारी यहां के समाज, किसान नेता, पुलिस और प्रशासन चारों की है। इसके साथ ही स्थानीय नेताओं को भी पीड़ित के पक्ष में आना चाहिए, जो नहीं आए हैं, तो यह माना जाए कि वह हत्यारोपियों के पक्ष में खड़े हैं। कहा कि कई नेता भी संदेह के घेरे में हैं। उनकी भी पुलिस निष्पक्ष जांच करे। गांव में हत्यारोपियों की दहशत का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि 15 गवाहों में सिर्फ दो चश्मदीद ही सामने आए हैं। ऐसी घटनाओं को देखकर समझा जा सकता है कि सरकार की क्या कार्यशैली है। वहीं विपक्षीय भी विपक्ष की भूमिका में नहीं हैं। यहां पर जमीन संबंधी अधिक मामले हैं। उनका प्रशासन को समाधान करना चाहिए। उन्होंने किसानों से समस्याएं जानी और घटनाक्रम के बारे में पूछा। वे करीब सवा घंटे गांव में रुके। करीब चार बजे गांव से रवाना हुए। उनके वाहनों के काफिले से यातायात जाम हो गया। करीब आधे घंटे बाद यातायात सामान्य हुआ।
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