फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Fatehpur News ›   other

एएनएम हॉस्टल में 2

Sun, 15 Mar 2020 12:48 AM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Sun, 15 Mar 2020 12:48 AM IST
विज्ञापन
other
फतेहपुर। अब खाड़ी या अन्य देशों से लौटने वालों को पूरे चार सप्ताह स्वास्थ्य विभाग की निगरानी में एएनएम हॉस्टल में रहना होगा। जानलेवा कोरोना वायरस के लक्षण न मिलने पर ही उन्हें घर जाने की इजाजत मिलेगी। यदि लक्षण पाए जाते हैं तो आइसोलेनशन (अतिरिक्त) वार्ड में भर्ती कर इलाज होगा।
विज्ञापन

जिले के काफी लोग रोजगार व कारोबार के लिए खाड़ी देशों के साथ अन्य जगह रह रहे हैं। इस समय हर जुबां पर कोरोना का जिक्र है। चीन के वुहान प्रांत से वजूद में आए इस खतरनाक वायरस से जनता को बचाने के लिए सरकार की तरफ से लगातार एडवाइजरी आ रही है। स्वास्थ्य महकमे को अलर्ट किया गया है। जिला मुख्यालय में स्थित ट्रॉमा सेंटर की पहली मंजिल पर आइसोलेशन वार्ड खोला गया है। अभी तक विदेश से लौटे 12 लोगों का स्वास्थ्य विभाग परीक्षण कर चुका है। हालांकि अभी तक किसी के भर्ती होने की नौबत नहीं आई है। इसके बाद भी स्वास्थ्य महकमा किसी प्रकार का रिस्क लेने के मूड में नहीं है। यही वजह है कि अब विदेश से जिले में आने वालों को सीधे अपने घर जाने पर रोक लगा दी गई है। अब जो भी आएगा, उसे कम से कम 28 दिन तुराबली का पुरवा में बने अचल प्रशिक्षण केंद्र के एएनएम हॉस्टल में रखा जाएगा। इस हॉस्टल में पंखा, बेड, बिस्तर, पेयजल, वाटर कूलर और शौचालय की व्यवस्था है। जो कमी हैं उन्हें चौबीस घंटे में दुरस्त करने का निर्देश जारी हुए हैं।
विज्ञापन

जनता को भी होगी सहूलियत
स्वास्थ्य विभाग के इस कदम से न केवल विदेश से आने वालों को सहूलियत होगी बल्कि परिवार व पड़ोसी भी अपने को सुरक्षित महसूस कर सकेंगे। ऐसा इसलिए कि विदेश से लौटने वाले लोगों के संक्रमण मिक्सअप होने के चांस खत्म हो जाएंगे। बता दें कि इससे पहले स्वास्थ्य विभाग की निगरानी अवधि में भी विदेश से लौटे दो लोगों को आम जनता के बीच मास्क लगाए बैठे देखा गया था।
विज्ञापन
विज्ञापन

क्या कहते हैं अफसर
अब विदेश से आने वालों को सीधे घर जाने की इजाजत नहीं होगी। उसे 28 दिन तक एएनएम हॉस्टल पर रखकर वॉच किया जाएगा। अगर कोरोना के जीवाणु नहीं मिलते हैं तभी घर जाने को मिल सकेगा। कोरोना संक्रमण के लक्षण मिलने पर आइसोलेशन (अतिरिक्त वार्ड) में भर्ती कर इलाज किया जाएगा। - डॉ. उमाकांत पांडेय, सीएमओ
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed