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एम्बुलेंस में फिर गूंजी किलकारी, दोनों सुरक्षित
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पुष्पेंद्र सिंह के हाथ में नवजात शिशु। संवाद
- फोटो : FATEHPUR
विजयीपुर। ब्लाक के रारी गांव से सोमवार रात प्रसूता को लेकर पीएचसी जा रही एंबुलेंस में महिला की हालत बिगड़ गई। एंबुलेंस स्टाफ ने आशा की मदद से गाड़ी में ही प्रसव कराया। इसके बाद दोनों को अस्पताल में लाकर भर्ती कराया।
रारी गांव निवासी नजमा देवी पत्नी मोहम्मद मुस्लिम को सोमवार की शाम प्रसव पीड़ा हुई। रात आठ बजकर 11 मिनट पर पीएचसी से एंबुलेंस गांव पहुंची और प्रसूता को लेकर अस्पताल जाने लगी।
रास्ते में महिला की हालत बिगड़ने लगी। यह देख एंबुलेंस चालक कुलदीप कुमार व मेडिकल टेक्नीशियन पुष्पेंद्र सिंह ने गाड़ी को रोकने का फैसला लिया। गाड़ी को सड़क किनारे खड़ा किया गया और आशा बहू अनीता देवी की मदद से सुरक्षित प्रसव कराया।
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महिला ने बच्चे को जन्म दिया। जच्चा-बच्चा दोनों सुरक्षित हैं। इसके बाद दोनों को पीएचसी विजयीपुर में स्वास्थ्य परीक्षण के लिए भर्ती कराया गया।
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रारी गांव निवासी नजमा देवी पत्नी मोहम्मद मुस्लिम को सोमवार की शाम प्रसव पीड़ा हुई। रात आठ बजकर 11 मिनट पर पीएचसी से एंबुलेंस गांव पहुंची और प्रसूता को लेकर अस्पताल जाने लगी।
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रास्ते में महिला की हालत बिगड़ने लगी। यह देख एंबुलेंस चालक कुलदीप कुमार व मेडिकल टेक्नीशियन पुष्पेंद्र सिंह ने गाड़ी को रोकने का फैसला लिया। गाड़ी को सड़क किनारे खड़ा किया गया और आशा बहू अनीता देवी की मदद से सुरक्षित प्रसव कराया।
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महिला ने बच्चे को जन्म दिया। जच्चा-बच्चा दोनों सुरक्षित हैं। इसके बाद दोनों को पीएचसी विजयीपुर में स्वास्थ्य परीक्षण के लिए भर्ती कराया गया।