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Fatehpur News: नोटिस के बाद भी बेसमेंट में कोचिंगों और अस्पतालों का संचालन जारी
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फोटो-31-शहर के शांतीनगर स्थित भूतल में संचालित अस्पताल। संवाद
फतेहपुर। लखनऊ में हुए अग्निकांड के बाद मुख्यमंत्री के निर्देश पर जिला प्रशासन पूरी तरह सक्रिय हो गया है। इसके बाद फायर विभाग और प्रशासनिक टीम लगातार छापा मार रहा है। यहां नियमों का पालन न करने वाले प्रतिष्ठानों को नोटिस जारी किया जा रहा है। इसके बावजूद कई स्थानों पर सुरक्षा मानकों को नजरअंदाज कर बेसमेंट और अन्य जगहों पर अवैध रूप से संचालन जारी है।
जिले में 350 से अधिक होटल, 200 से अधिक नर्सिंग होम और अस्पताल संचालित हो रहे हैं। इसमें से अधिकांश के पास फायर सेफ्टी मानक पूरे नहीं हैं। विभागीय जानकारी के अनुसार केवल आठ होटल और 98 नर्सिंग होम के पास ही फायर एनओसी उपलब्ध है। वहीं कोचिंग सेंटर, लाइब्रेरी और अन्य प्रतिष्ठानों के पास एनओसी नहीं है।
प्रशासन की गठित टीम लगातार जांच कर रही है और संचालकों को सुरक्षा मानक पूरे करने के निर्देश दिए जा रहे हैं। वहीं शहर से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों में बने बेसमेंट में कोचिंग और अस्पतालों का संचालन जारी है। जबकि बेसमेंट का इस्तेमाल सिर्फ पार्किंग के लिए होता है।
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अब तक करीब 20 विद्यालयों सहित लगभग 100 प्रतिष्ठानों को नोटिस भेजा जा चुका है। जिन संस्थानों की एनओसी प्रक्रिया अधूरी है या सुरक्षा मानकों का पालन नहीं हो रहा है उनके खिलाफ आगे भी कार्रवाई की चेतावनी दी गई है। अभियान के तहत प्रतिदिन रिपोर्ट उच्च अधिकारियों को भेजी जा रही है और जांच लगातार जारी रहेगी।
- जसबीर सिंह, मुख्य अग्निशमन अधिकारी
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जिले में 350 से अधिक होटल, 200 से अधिक नर्सिंग होम और अस्पताल संचालित हो रहे हैं। इसमें से अधिकांश के पास फायर सेफ्टी मानक पूरे नहीं हैं। विभागीय जानकारी के अनुसार केवल आठ होटल और 98 नर्सिंग होम के पास ही फायर एनओसी उपलब्ध है। वहीं कोचिंग सेंटर, लाइब्रेरी और अन्य प्रतिष्ठानों के पास एनओसी नहीं है।
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प्रशासन की गठित टीम लगातार जांच कर रही है और संचालकों को सुरक्षा मानक पूरे करने के निर्देश दिए जा रहे हैं। वहीं शहर से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों में बने बेसमेंट में कोचिंग और अस्पतालों का संचालन जारी है। जबकि बेसमेंट का इस्तेमाल सिर्फ पार्किंग के लिए होता है।
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अब तक करीब 20 विद्यालयों सहित लगभग 100 प्रतिष्ठानों को नोटिस भेजा जा चुका है। जिन संस्थानों की एनओसी प्रक्रिया अधूरी है या सुरक्षा मानकों का पालन नहीं हो रहा है उनके खिलाफ आगे भी कार्रवाई की चेतावनी दी गई है। अभियान के तहत प्रतिदिन रिपोर्ट उच्च अधिकारियों को भेजी जा रही है और जांच लगातार जारी रहेगी।
- जसबीर सिंह, मुख्य अग्निशमन अधिकारी

फोटो-31-शहर के शांतीनगर स्थित भूतल में संचालित अस्पताल। संवाद