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नहीं हो सकेंगे शिक्षकों के मनमाने तबादले
Fatehpur
Updated Sun, 08 Jul 2012 12:00 PM IST
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फतेहपुर। बेसिक शिक्षा विभाग में अब मनमर्जी से तबादले नहीं हो सकेंगे। शिक्षकों के तबादले और समायोजन की मानीटरिंग कराई जाएगी। इसके लिए जनपद स्तरीय कमेटी का गठन किया जाएगा। कमेटी में बीएसए के अतिरिक्त एडी बेसिक, डीआईओएस भी शामिल होेंगे। कमेटी सभी शिक्षकों के समायोजन, और तबादले पर संस्तुति करेगी, तभी गाड़ी आगे बढ़ेगी।
पुरानी शिक्षा नीति को शिथिल करते हुए नयी शिक्षा नीति में स्पष्ट किया गया है कि शिक्षकों के स्थानान्तरण अब 31 जुलाई तक ही हो सकेंगे। 1 अगस्त से 28 फरवरी के मध्य तबादला, पारस्परिक स्थानान्तरण, समायोजन करने आदि पर रोक लगाई गई है। सिर्फ एक निश्चित अवधि के मध्य ही कोई भी तबादला करने का अधिकार बीएसए के पास होगा। अनिवार्यता की स्थिति में कोई भी तबादला बेसिक शिक्षा परिषद के सचिव ही कर सकेंगे। विदित हो कि स्थानान्तरण, समायोजन के उपरांत भी पूरे साल पारस्परिक और प्रशासनिक तबादलों के नाम पर शिक्षकाें की मनचाहे विद्यालयों में स्थानान्तरण किए जाते थे। शिक्षकों में चर्चा है कि पहली बार होने जा रही इस प्रक्रिया में निश्चित रूप से बेसिक शिक्षा विभाग की कार्यशैली पर अंकुश लगेगा। शिक्षकाें ने कहा कि इस शासनादेश से विभागीय कार्यालय में चक्कर लगाना बंद हो जायेगा। हालांकि शिक्षक इस नए नियम से अपने लिए मुसीबत बढ़ने की बात भी कह रहे हैं।
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पुरानी शिक्षा नीति को शिथिल करते हुए नयी शिक्षा नीति में स्पष्ट किया गया है कि शिक्षकों के स्थानान्तरण अब 31 जुलाई तक ही हो सकेंगे। 1 अगस्त से 28 फरवरी के मध्य तबादला, पारस्परिक स्थानान्तरण, समायोजन करने आदि पर रोक लगाई गई है। सिर्फ एक निश्चित अवधि के मध्य ही कोई भी तबादला करने का अधिकार बीएसए के पास होगा। अनिवार्यता की स्थिति में कोई भी तबादला बेसिक शिक्षा परिषद के सचिव ही कर सकेंगे। विदित हो कि स्थानान्तरण, समायोजन के उपरांत भी पूरे साल पारस्परिक और प्रशासनिक तबादलों के नाम पर शिक्षकाें की मनचाहे विद्यालयों में स्थानान्तरण किए जाते थे। शिक्षकों में चर्चा है कि पहली बार होने जा रही इस प्रक्रिया में निश्चित रूप से बेसिक शिक्षा विभाग की कार्यशैली पर अंकुश लगेगा। शिक्षकाें ने कहा कि इस शासनादेश से विभागीय कार्यालय में चक्कर लगाना बंद हो जायेगा। हालांकि शिक्षक इस नए नियम से अपने लिए मुसीबत बढ़ने की बात भी कह रहे हैं।
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