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अगेती पैदावार वाले किसानों की चांदी
Fatehpur
Updated Fri, 25 Oct 2013 05:41 AM IST
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फतेहपुर। पचीस दिन का समय बीतने के बाद भी समर्थन मूल्य योजना के तहत अभी तक किसी भी सेंटर में बोहनी तक नहीं हुई है। विभाग अभी कांटा-बाट और बारदाना के जुगाड़ में ही लगा हुआ है। लेकिन खुले बाजार ने किसानों की किस्मत खोल दी है। जिन किसानों ने उन्नत प्रजातियों का धान अगेती फसल के तौर पर तैयार कर लिया है। वह चांदी काट रहे हैं। विभिन्न मंडियों में धान की आवक शुरू हो गई है। शुरूआत में ही शरबती, सोनम, सिंदूरी आदि प्रजातियों की कीमत 18 सौ रुपए प्रति क्विंटल या इससे ऊपर है। उसमें भी डैमेज तथा आद्रता आदि को जैसे तकनीकी पेंच नहीं है। किसानों को एक हाथ से दो और दूसरे हाथ से लो की तर्ज खड़े-खड़े पैसा मिल रहा है। बिंदकी, असोथर आदि प्रमुख मंडियों में धान की खरीद फरोख्त तेज हो गई है। बतादें कि शासनादेश के तहत 1अक्तूबर से समर्थन मूल्य योजना के तहत धान खरीद चालू हो चुकी है। जिलें में 43 सेंटर बनाए गए हैं। लेकिन अभी तक किसी भी सेंटर में खरीद के नाम पर बोहनी तक नहीं हुई। डिप्टी आरएमओ रवि गौतम कहते हैं। खुले बाजार में जो कीमत है उस रेट का धान विभागीय सेंटर पर नहीं लिया जा सकता। सेंटरों में तो मोटिया धान ही आता है। बताया कि अभी आवक नहीं शुरू हुई। सेंटरों में आवक प्रारंभ होते ही तौल कराई जाएगी।
इंसेट
विभागीय सेंटरों से प्राप्त
करें अनुदान का बीज
फतेहपुर। राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा मिशन के तहत रबी 2013-14 में गेहूं की 10 वर्ष की तक की अधिसूचित प्रजातियों के प्रमाणिक बीजों में किसानों को 5 सौ रुपए प्रति क्विंटल का अनुदान अनुमन्य है। 10 वर्ष से अधिक की प्रजातियों में मिशन के तहत कोई अनुदान देय नहीं है। राज्य सेक्टर के तहत 10 वर्ष की प्रजातियों में 4 सौ रुपए प्रति क्विंटल तथा पंद्रह वर्ष तक की अधिसूचित प्रजातियों पर 2 सौ रुपए प्रति क्विंटल की दर से अतिरिक्त अनुदान अनुमन्य होगा। इसी प्रकार दलहनी फसलों में 10 वर्ष तक की अधिसूचित प्रजातियों के प्रमाणिक बीज पर 22 सौ रुपए प्रति क्विंटल और 10 वर्ष से ऊपर वाली प्रजातियों पर 12 सौ रुपए प्रति क्विंटल का अनुदान किसानों के लिए निर्धारित किया गया है। राज्य सेक्टर के तहत 10 वर्ष तक वाली दलहनी प्रजातियों में 800 रुपए प्रति क्विंटल और 10 से 15 वर्ष तक की अधिसूचित प्रजातियों में 600 रुपए प्रति क्विंटल का अनुदान प्रमाणिक बीजों में किसानों को दिया जाएगा। तिलहनी फसलों के प्रमाणिक बीजों पर 12 सौ रुपए प्रति क्विंटल का अनुदान दिया जाएगा।
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करें अनुदान का बीज
फतेहपुर। राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा मिशन के तहत रबी 2013-14 में गेहूं की 10 वर्ष की तक की अधिसूचित प्रजातियों के प्रमाणिक बीजों में किसानों को 5 सौ रुपए प्रति क्विंटल का अनुदान अनुमन्य है। 10 वर्ष से अधिक की प्रजातियों में मिशन के तहत कोई अनुदान देय नहीं है। राज्य सेक्टर के तहत 10 वर्ष की प्रजातियों में 4 सौ रुपए प्रति क्विंटल तथा पंद्रह वर्ष तक की अधिसूचित प्रजातियों पर 2 सौ रुपए प्रति क्विंटल की दर से अतिरिक्त अनुदान अनुमन्य होगा। इसी प्रकार दलहनी फसलों में 10 वर्ष तक की अधिसूचित प्रजातियों के प्रमाणिक बीज पर 22 सौ रुपए प्रति क्विंटल और 10 वर्ष से ऊपर वाली प्रजातियों पर 12 सौ रुपए प्रति क्विंटल का अनुदान किसानों के लिए निर्धारित किया गया है। राज्य सेक्टर के तहत 10 वर्ष तक वाली दलहनी प्रजातियों में 800 रुपए प्रति क्विंटल और 10 से 15 वर्ष तक की अधिसूचित प्रजातियों में 600 रुपए प्रति क्विंटल का अनुदान प्रमाणिक बीजों में किसानों को दिया जाएगा। तिलहनी फसलों के प्रमाणिक बीजों पर 12 सौ रुपए प्रति क्विंटल का अनुदान दिया जाएगा।
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