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वसूली न कर पाने पर तहसीलदारों का रोका वेतन
Updated Wed, 10 Jan 2018 11:09 PM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
फतेहपुर। राजस्व वसूली की प्रगति से खफा डीएम कुमार प्रशांत ने बुधवार को सख्त रुख अख्तियार किया। उन्होंने तहसीलदार, नायब तहसीलदार और संग्रह अमीन के वेतन रोकने के निर्देश दिए। अवैध कब्जे से लेकर होटल और ढाबों में हो रहे बाल श्रम की रोकथाम करने की दिशा में और तेजी से काम करने की बात कही। कहा कि अगर कच्ची शराब से जनहानि का मामला सामने आया, तो संबंधित क्षेत्र के एसडीएम जिम्मेदार होंगे।
कलक्ट्रेट के गांधी सभागार में कर एवं करेत्तर की समीक्षा बैठक में डीएम ने सिंचाई विभाग के एक्सईएन को अवैध कब्जों का निस्तारण एसडीएम व सीओ की निगरानी में कराने का जिम्मा सौंपा। नगर क्षेत्र के लिए ईओ नगर पालिका को अवैध कब्जाधारकों के खिलाफ नोटिस जारी करने का आदेश दिया। एंटी भूमाफिया पोर्टल पर लंबित वादों का निस्तारण तत्काल करने को कहा। डीएम ने थाना व कोतवाली स्तर पर अवांछित तत्वों को चिह्नित कर रिपोर्ट तैयार कर प्रभावी कार्रवाई करने पर जोर दिया। श्रम प्रवर्तन अधिकारी को होटल और ढाबों की पड़ताल कर बाल श्रम की रोकथाम के प्रयास तेज करने के निर्देश दिए।
वाणिज्यकर अधिकारी को मोबाइल टीम लगाकर बकाए की वसूली करने और तहसीलस्तर पर जीएसटी कैंप लगवाने पर जोर दिया। अवैध शराब बनाए जाने के मामले में सख्त रुख अपनाते हुए कहा जिला आबकारी अधिकारी अवैध शराब की भट्ठियों की सूचना एसपी, एसडीएम व सीओ को दें।
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डीएम ने मामले में सीधे एसडीएम की जवाबदेही तय करते हुए कहा कि वह लेखपालों से एक प्रमाण पत्र लें कि उनके गांवों में अवैध शराब नहीं बन रही है। इस मौके पर एसपी श्रीपर्णा गांगुली, एडीएम वित्त एवं राजस्व जगदीश सिंह व एडीएम न्यायिक जेपी गुप्ता, एआरटीओ प्रशासन प्रशांत तिवारी भी मौजूद थे।
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फतेहपुर। राजस्व वसूली की प्रगति से खफा डीएम कुमार प्रशांत ने बुधवार को सख्त रुख अख्तियार किया। उन्होंने तहसीलदार, नायब तहसीलदार और संग्रह अमीन के वेतन रोकने के निर्देश दिए। अवैध कब्जे से लेकर होटल और ढाबों में हो रहे बाल श्रम की रोकथाम करने की दिशा में और तेजी से काम करने की बात कही। कहा कि अगर कच्ची शराब से जनहानि का मामला सामने आया, तो संबंधित क्षेत्र के एसडीएम जिम्मेदार होंगे।
कलक्ट्रेट के गांधी सभागार में कर एवं करेत्तर की समीक्षा बैठक में डीएम ने सिंचाई विभाग के एक्सईएन को अवैध कब्जों का निस्तारण एसडीएम व सीओ की निगरानी में कराने का जिम्मा सौंपा। नगर क्षेत्र के लिए ईओ नगर पालिका को अवैध कब्जाधारकों के खिलाफ नोटिस जारी करने का आदेश दिया। एंटी भूमाफिया पोर्टल पर लंबित वादों का निस्तारण तत्काल करने को कहा। डीएम ने थाना व कोतवाली स्तर पर अवांछित तत्वों को चिह्नित कर रिपोर्ट तैयार कर प्रभावी कार्रवाई करने पर जोर दिया। श्रम प्रवर्तन अधिकारी को होटल और ढाबों की पड़ताल कर बाल श्रम की रोकथाम के प्रयास तेज करने के निर्देश दिए।
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वाणिज्यकर अधिकारी को मोबाइल टीम लगाकर बकाए की वसूली करने और तहसीलस्तर पर जीएसटी कैंप लगवाने पर जोर दिया। अवैध शराब बनाए जाने के मामले में सख्त रुख अपनाते हुए कहा जिला आबकारी अधिकारी अवैध शराब की भट्ठियों की सूचना एसपी, एसडीएम व सीओ को दें।
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डीएम ने मामले में सीधे एसडीएम की जवाबदेही तय करते हुए कहा कि वह लेखपालों से एक प्रमाण पत्र लें कि उनके गांवों में अवैध शराब नहीं बन रही है। इस मौके पर एसपी श्रीपर्णा गांगुली, एडीएम वित्त एवं राजस्व जगदीश सिंह व एडीएम न्यायिक जेपी गुप्ता, एआरटीओ प्रशासन प्रशांत तिवारी भी मौजूद थे।