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रामनगरिया में जुटने लगे कल्पवासी

ब्यूरो, अमर उजाला फर्रुखाबाद Updated Fri, 02 Jan 2015 11:39 PM IST
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Were gathered in Ramangria Kalpwasi
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रिमझिम बारिश और ठिठुरन के बीच रामनगरिया में कल्पवासियों का डेरा पड़ने
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लगा है। तमाम लोग यहां कार एवं लग्जरी गाड़ियों से पहुंच रहे हैं और अपने कल्पवासी परिजन के लिए छप्पर आदि का इंतजाम कर रहे हैं।  विभिन्न स्थानों से आने वाले कल्पवासियों के हौसले बुलंद हैं। इनकी आस्था के आगे सर्दी बेअसर नजर आती है। रामनगरिया क्षेत्र में एक माह तक कल्पवास करने के लिए शुक्रवार को दिनभर ट्रैक्टरों से सामान ढोया जाता रहा।

सुरक्षा का नहीं हुआ इंतजाम
मेला क्षेत्र में आ रहे कल्पवासियों की सुरक्षा का अभी तक कोई इंतजाम नहीं किया गया है। इससे अराजक तत्वों के सक्रिय होने का अंदेशा बना रहता है। चूंकि यहां विभिन्न जिलों से आने वाले कल्पवासी तमाम चीखें खरीद कर खाते हैं। ऐसे में कल्पवासियों से रुपये छीनने की घटनाएं होती रहती है। मेला प्रभारी का कहना है कि पुलिस के लिए कोतवाली बनाकर तैयार कर दी गई है लेकिन जवानों की तैनाती न होने के कारण सुरक्षा रामभरोसे है।

तीन समुदाय का प्रभाव
रामनगरिया क्षेत्र में प्रवास करने वाले कल्पवासियों के साथ साधुसंतों के लिए स्थान आरक्षित कर दिए गए हैं। कल्पवास क्षेत्र में तीन समुदायों का विशेष प्रभाव रहता है। इसमें वैष्णव, दंडी और नागा प्रमुख हैं। मेला समिति प्रभारी संदीप दीक्षित ने बताया कि प्रथम सीढ़ी से पूरब की ओर का स्थान वैष्णव के लिए, तीन नंबर सीढ़ी से पांच नंबर सीढ़ी तक दंडी स्वामियों

के लिए और पांच नंबर से सात नंबर सीढ़ी तक नागा बाबाओं के लिए स्थान आवंटित कर दिया गया है। एक से दो नंबर सीढ़ी के बीच के क्षेत्र में फलाहारी बाबा, मचलेस बाबा, सुखई बाबा और कपिलदेव स्वामी का आश्रम रहेगा। वहीं दो से तीन नंबर सीढ़ी के बीच के क्षेत्र में बच्चाबाबा, कासगंज वाले बाबा, हरियाणा वाले बाबा, छाता वाले बाबाबा, पांडेय बाबा के आश्रम बनेंगे।

3 जनवरी से होगा दुकानों का आवंटन
मेला क्षेत्र में लगने वाली दुकानों के लिए 3 व 4 जनवरी को स्थान चिन्हींकरण कर आवंटन किया जाएगा। अभी मेला क्षेत्र में 50 से 60 दुकानदार ही आए हैं। कल से भीड़ बढ़ने की संभावना है।

पॅालीथिन की समस्या
मौसम खराबी के चलते कल्पवासियों को सबसे ज्यादा दिक्कत बारिश से हो रही है। फूस की झोपड़ियों पर पालीथिन डालने के लिए आसपास दुकान न होने के कारण लोगों को शहर की ओर रुख करना पड़ रहा है।

अलाव की समस्या
मेला क्षेत्र में आ रहे कल्पवासियों को ठंड व ठिठुरन से बचाने के लिए प्रशासन की ओर से अलाव का इंतजाम नहीं किया गया है। हालांकि मेला समिति प्रभारी का कहना है कि हवाएं तेज चल रही हैं। ऐसे में अलाव का प्रबंध नहीं किया जा सकता।
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