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आरोग्य मेला : ताजपुर पीएचसी में ताले, कहीं जांच के लाले
Mon, 29 Sep 2025 12:16 AM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, फर्रूखाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, फर्रूखाबाद
Updated Mon, 29 Sep 2025 12:16 AM IST
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फोटो-18, ताजपुर पीएचसी में पड़ा ताला। संवाद
फर्रुखाबाद। प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर रविवार को लगे आरोग्य मेले में कहीं एलटी न होने से मरीजों की जांच नहीं हो सकी। कहीं पीएचसी पर समय से पहले ताले पड़ गए। जहां डॉक्टर व पूरा स्टाफ मौजूद रहा, वहां उन्हें दैनिक संसाधन भी नहीं मिल पा रहे हैं।
जनपद में शहर के छह व ग्रामीण क्षेत्र के 28 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर आरोग्य मेला। नगरीय पीएचसी नवदिया में डॉक्टर व फार्मासिस्ट ने मरीज देखकर दवाई दी। यहां एलटी न होने से बुखार के मरीजों की जांच नहीं हो सकी।
वहीं कमालगंज क्षेत्र के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र ताजपुर में दोपहर 3.10 बजे ताला लगा मिला। वहां कोई स्वास्थ्य कर्मी नहीं था। वहां मौजूद एक ग्रामीण ने बताया कि पीएचसी बंद होने या खुलने का कोई समय निर्धारित नहीं है।
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मरीजों की लगी रही भीड़, जांच नहीं
शमशाबाद। क्षेत्र के पीएचसी रोशनाबाद में मरीजों की भीड़ लगी रही। डॉ.स्मिता त्रिपाठी ने दोपहर तक 113 मरीज देखे व फार्मासिस्ट शैलेंद्र ने दवा वितरित की। एलटी न होने से किसी मरीज की जांच नहीं हो सकी।
पीएचसी फैजबाग में डॉ.विपिन कुमार ने 51 मरीज देखे और फॉर्मासिस्ट वीरेंद्र कुमार ने मरीजों को दवा दी। एलटी अलका ने 10 मरीज़ों की जांच की। पीएचसी कुआखेड़ा में डॉ.अमरेश प्रताप ने 47 मरीज देखे व फार्मासिस्ट अखिलेश कुमार ने दवा बांटी। यहां भी एलटी न होने से मरीजों की जांच नहीं हो पाई।
फॉर्मासिस्ट अखलेश कुमार ने बताया एलटी की बाढ़ शिविर में तैनाती कर दी गई है। जहानगंज प्रतिनिधि के अनुसार पीएचसी में डॉ.कल्पना राजपूत ने 115 मरीज देखे। फार्मासिस्ट विमलेश पाल ने दवाई दी। एलटी अमित कटियार, ज्योतिष्ना, स्टाफ नर्स शशि, मनोज दुबे आदि मौजूद रहे। (संवाद)
पीएचसी का शौचालय चोक, मरीजों को नहीं मिले आई ड्रॉप
नवाबगंज। क्षेत्र के पीएचसी अचरा खलवारा में मरीजों की भीड़ रही। डॉ.जसवीर सिंह ने 92 मरीज देखे तो फार्मासिस्ट ने दवाई दी। एलटी प्रेमरंजन ने बुखार के मरीजों की मलेरिया व डेंगू जांच की। आंख की बीमारी से संबंधित मरीजों को पीएचसी में आई ड्रॉप नहीं मिल सके।
व्यवस्थाओं पर नजर डालें तो अस्पताल भवन की दशकों से रंगाई-पुताई नहीं कराई गई। पानी की टंकी टूटी व शौचालय चोक पड़ा है। परिसर में गंदगी, घास व झाड़ियां खड़ी हैं। जबकि पीएचसी के रखरखाव पर हर वर्ष शासन से मिलने वाला बजट खर्च हो रहा है। (संवाद)
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जनपद में शहर के छह व ग्रामीण क्षेत्र के 28 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर आरोग्य मेला। नगरीय पीएचसी नवदिया में डॉक्टर व फार्मासिस्ट ने मरीज देखकर दवाई दी। यहां एलटी न होने से बुखार के मरीजों की जांच नहीं हो सकी।
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वहीं कमालगंज क्षेत्र के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र ताजपुर में दोपहर 3.10 बजे ताला लगा मिला। वहां कोई स्वास्थ्य कर्मी नहीं था। वहां मौजूद एक ग्रामीण ने बताया कि पीएचसी बंद होने या खुलने का कोई समय निर्धारित नहीं है।
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मरीजों की लगी रही भीड़, जांच नहीं
शमशाबाद। क्षेत्र के पीएचसी रोशनाबाद में मरीजों की भीड़ लगी रही। डॉ.स्मिता त्रिपाठी ने दोपहर तक 113 मरीज देखे व फार्मासिस्ट शैलेंद्र ने दवा वितरित की। एलटी न होने से किसी मरीज की जांच नहीं हो सकी।
पीएचसी फैजबाग में डॉ.विपिन कुमार ने 51 मरीज देखे और फॉर्मासिस्ट वीरेंद्र कुमार ने मरीजों को दवा दी। एलटी अलका ने 10 मरीज़ों की जांच की। पीएचसी कुआखेड़ा में डॉ.अमरेश प्रताप ने 47 मरीज देखे व फार्मासिस्ट अखिलेश कुमार ने दवा बांटी। यहां भी एलटी न होने से मरीजों की जांच नहीं हो पाई।
फॉर्मासिस्ट अखलेश कुमार ने बताया एलटी की बाढ़ शिविर में तैनाती कर दी गई है। जहानगंज प्रतिनिधि के अनुसार पीएचसी में डॉ.कल्पना राजपूत ने 115 मरीज देखे। फार्मासिस्ट विमलेश पाल ने दवाई दी। एलटी अमित कटियार, ज्योतिष्ना, स्टाफ नर्स शशि, मनोज दुबे आदि मौजूद रहे। (संवाद)
पीएचसी का शौचालय चोक, मरीजों को नहीं मिले आई ड्रॉप
नवाबगंज। क्षेत्र के पीएचसी अचरा खलवारा में मरीजों की भीड़ रही। डॉ.जसवीर सिंह ने 92 मरीज देखे तो फार्मासिस्ट ने दवाई दी। एलटी प्रेमरंजन ने बुखार के मरीजों की मलेरिया व डेंगू जांच की। आंख की बीमारी से संबंधित मरीजों को पीएचसी में आई ड्रॉप नहीं मिल सके।
व्यवस्थाओं पर नजर डालें तो अस्पताल भवन की दशकों से रंगाई-पुताई नहीं कराई गई। पानी की टंकी टूटी व शौचालय चोक पड़ा है। परिसर में गंदगी, घास व झाड़ियां खड़ी हैं। जबकि पीएचसी के रखरखाव पर हर वर्ष शासन से मिलने वाला बजट खर्च हो रहा है। (संवाद)