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Farrukhabad News: मानकों पर खरी उतरीं पांच सीएचसी, जीता कायाकल्प अवार्ड
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फर्रुखाबाद। कायाकल्प अवार्ड योजना में जिले के पांच सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र चयनित हुए हैं। शासन से इन्हें एक-एक लाख रुपये पुरस्कार दिया गया है। इस धनराशि से अधिकारी व कर्मचारी प्रोत्साहित होने के साथ व्यवस्थाएं भी और सुधरेंगी।
गत वित्तीय वर्ष 2023-24 में शासन से आई टीम ने कायाकल्प अवार्ड योजना के तहत सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों का निरीक्षण किया था। टीम ने अस्पताल में इंफेक्शन कंट्रोल ट्रेनिंग, रख रखाव, स्वच्छता आदि निर्धारित बिंदुओं पर गहनता से जांच की। इसके बाद शासन स्तर पूरे प्रदेश के सीएचसी की समीक्षा हुई। 70 प्रतिशत से अधिक अंक हासिल करने वाले अस्पतालों का योजना में चयन कर लिया गया। जिले के चयनित पांच अस्पतालों में सीएचसी बरौन को 84.14 प्रतिशत अंक मिलने से तीसरी बार पुरस्कार मिला।
सीएचसी कमालगंज को 80.14 प्रतिशत, सीएचसी राजेपुर को 74.43 प्रतिशत, सीएचसी मोहम्मदाबाद को 72.71 प्रतिशत व सीएचसी शमसाबाद को 72.14 प्रतिशत अंक हासिल हुए। सीएचसी राजेपुर काे इससे पहले भी एक बार अवार्ड मिल चुका है, जबकि सीएचसी कमालगंज, मोहम्मदाबाद व शमसाबाद को पहली बार पुरस्कार मिला है। एनएचएम की मिशन निदेशक डॉ. पिंकी जोवल ने जारी आदेश में कहा कि पुरस्कार के रूप में दी गई एक-एक लाख रुपये धनराशि में 75 प्रतिशत गैप क्लोजर, सुदृढ़ीकरण, रखरखाव, स्वच्छता व्यवस्था आदि पर खर्च की जाएगी। जबकि 25 प्रतिशत धनराशि अधिकारियों व कर्मचारियों को इंसेंटिव के रूप में सीधे उनके खाते में हस्तांतरित की जाएगी।
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क्वालिटी मैनेजर डॉ. शेखर यादव ने बताया कि कायाकल्प अवार्ड योजना में पांच सीएचसी को एक-एक लाख रुपये पुरस्कार दिया गया है। इससे व्यवस्थाएं और दुरुस्त होंगी।
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गत वित्तीय वर्ष 2023-24 में शासन से आई टीम ने कायाकल्प अवार्ड योजना के तहत सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों का निरीक्षण किया था। टीम ने अस्पताल में इंफेक्शन कंट्रोल ट्रेनिंग, रख रखाव, स्वच्छता आदि निर्धारित बिंदुओं पर गहनता से जांच की। इसके बाद शासन स्तर पूरे प्रदेश के सीएचसी की समीक्षा हुई। 70 प्रतिशत से अधिक अंक हासिल करने वाले अस्पतालों का योजना में चयन कर लिया गया। जिले के चयनित पांच अस्पतालों में सीएचसी बरौन को 84.14 प्रतिशत अंक मिलने से तीसरी बार पुरस्कार मिला।
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सीएचसी कमालगंज को 80.14 प्रतिशत, सीएचसी राजेपुर को 74.43 प्रतिशत, सीएचसी मोहम्मदाबाद को 72.71 प्रतिशत व सीएचसी शमसाबाद को 72.14 प्रतिशत अंक हासिल हुए। सीएचसी राजेपुर काे इससे पहले भी एक बार अवार्ड मिल चुका है, जबकि सीएचसी कमालगंज, मोहम्मदाबाद व शमसाबाद को पहली बार पुरस्कार मिला है। एनएचएम की मिशन निदेशक डॉ. पिंकी जोवल ने जारी आदेश में कहा कि पुरस्कार के रूप में दी गई एक-एक लाख रुपये धनराशि में 75 प्रतिशत गैप क्लोजर, सुदृढ़ीकरण, रखरखाव, स्वच्छता व्यवस्था आदि पर खर्च की जाएगी। जबकि 25 प्रतिशत धनराशि अधिकारियों व कर्मचारियों को इंसेंटिव के रूप में सीधे उनके खाते में हस्तांतरित की जाएगी।
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क्वालिटी मैनेजर डॉ. शेखर यादव ने बताया कि कायाकल्प अवार्ड योजना में पांच सीएचसी को एक-एक लाख रुपये पुरस्कार दिया गया है। इससे व्यवस्थाएं और दुरुस्त होंगी।