फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Farrukhabad News ›   Embezzlement of 2.48 crores in HDB, report on 7 including sales manager

एचडीबी में 2.48 करोड़ का गबन, सेल्स प्रबंधक समेत 7 पर रिपोर्ट

Thu, 19 Aug 2021 08:41 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Thu, 19 Aug 2021 08:41 PM IST
विज्ञापन
Embezzlement of 2.48 crores in HDB, report on 7 including sales manager
फर्रुखाबाद। फर्जी पत्रावलियां तैयार करके 51 लोगों को 2.48 करोड़ रुपये का ऋण देने के मामले में सेल्स प्रबंधक समेत 7 लोगों पर मुकदमा दर्ज कराया गया है। इससे कर्मियों में हड़कंप मच गया है। नामजद अधिकारी व कर्मचारी भूमिगत हो गए हैं।
विज्ञापन

शहर के बढ़पुर स्थित बैंकिंग वित्तीय संस्था एचडीबी फाइनेंशियल सर्विसेज में 51 लोगों को ट्रैक्टर के लिए कर्ज दिया गया था। किस्त जमा न होने पर कलेक्शन मैनेजर ने कर्ज लेने वालों से संपर्क किया। इसमें पता चला कि जिनके नाम कर्ज लिया गया है उनके पास ट्रैक्टर ही नहीं है। जिनके पास ट्रैक्टर मिला, उन्होंने किसी दूसरी एजेंसी से काफी पहले कर्ज लिया था। जांच में यह भी खुलासा हुआ कि कुछ लोगों ने कर्ज के लिए केवल आवेदन किया था, उन्हें कर्ज दिया तो नहीं गया लेकिन उनके नाम दर्ज जरूर कर दिया गया।
विज्ञापन

कानपुर के किदवईनगर निवासी कलेक्शन मैनेजर सचिन मिश्रा ने मैनपुरी के बेवर थाने के गांव टोंडरपुर निवासी सेल्स प्रबंधक प्रशांत दुबे, फतेहगढ़ के मोहल्ला जाफरी निवासी शोभित सक्सेना, बसंतपुर संकिसा निवासी अनुज कुमार, आगरा के सिकंदरा स्थित आवास विकास कालोनी निवासी हिमांशु, कानपुर के सर्वोदयनगर निवासी ऋषि भट्ट, फतेहगढ़ के धर्मेंद्र, रविप्रताप समेत अज्ञात लोगों पर मुकदमा दर्ज कराया है।
विज्ञापन
विज्ञापन

तहरीर में आरोप है कि आरोपियों ने एक ट्रैक्टर एजेंसी का फर्जी तरीके से कोड बना लिया। ग्राहकों के आधार कार्ड भी गलत तरीके से बनवाए गए। जालसाजों ने ट्रैक्टर डीलर का खाता भी अलग-अलग बैंकों में बदलवा दिया। सचिन ने कहा कि जांच चल रही है। फर्जी लोन देने वालों की संख्या और रकम बढ़ सकती है।

फोटो- 11
जब होता घोटाला, तभी दफ्तर में लगती है आग
फर्रुखाबाद। बढ़पुर स्थित डीएचबी फाइनेंसियल सर्विसेज के दफ्तर में बुधवार रात तारों में स्पार्किंग से आग लग गई। इससे पंखा और नीचे रखी कुर्सी जल गई। गुरुवार सुबह गार्ड दिनेंद्र ने जब दफ्तर खोला, तो उसमें धुआं निकल रहा था। यसकरन सिंह मैनेजर को सूचना दी। आग को बुझा लिया गया। वर्ष 2020 में भी लोन का ऩोड्यूज दिखाकर एआरटीओ दफ्तर से कार ट्रांसफर कर दी गई थी। बाद में पता चला कि उस पर काफी रकम बकाया चल रही है। मगर स्थानीय कर्मियों की मिलीभगत से नोड्यूज बना दिया गया था। मामले को दबाने के चक्कर में दफ्तर में आग लग गई थी। उसमें कई पत्रावली जलने की बात सामने आई थी।(संवाद)
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed