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अब जिले में नहीं घूंमेंगे आवारा गोवंश
Updated Sat, 28 Jul 2018 11:32 PM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
फर्रुखाबाद। जनपद के लोगों के लिए अच्छी खबर है। उन्हें जल्द ही अन्ना गोवंश से निजात की उम्मीद है। अब जिले में एक गो संरक्षण केंद्र बनाया जाएगा। इसके लिए बजट की पहली किस्त शासन ने जारी कर दी है। जिलाधिकारी की देखरेख में पशुपालन विभाग इसका निर्माण कराएगा।
गांव में किसानों के लिए अन्ना गो वंश गंभीर समस्या बनते जा रहे हैं। इनके झुंड जिस खेत में घुस जाते हैं, उसकी फसल चट कर जाते हैं। इससे किसान बर्बाद हो रहे हैं। शहर में भी अन्ना गो वंश की वजह से सब्जी विक्रेता परेशान हैं। सड़क पर गो वंशों के झुंड के कारण आए दिन दुर्घटनाएं हो रही हैं। इसी के चलते सरकार ने जिले को एक गो संरक्षण केंद्र का तोहफा दिया है। इसके लिए विभाग ने धर्मपुर कटरी में 3.5 हेक्टेयर जमीन चिह्नित की है। इसमें पशुओं के चरने के लिए चारागाह की भी व्यवस्था होगी। पशु चिकित्साधिकारी डॉ. राजकिशोर सिंह ने बताया कि इसके लिए 50 लाख रुपये की पहली किस्त शासन ने जारी कर दी है। यह पैसा जिलाधिकारी के पास पहुंचेगा। इसके बाद दूसरी किस्त में पूरा पैसा आ जाएगा। इसका कुल बजट 1.20 करोड़ है।
नगर निकाय व प्रधान की होगी जिम्मेदारी
गो संरक्षण केंद्र तक जानवर पहुंचाने की जिम्मेदारी शहरी क्षेत्रों में नगर पालिका व नगर पंचायतों की होगी। जबकि ग्रामीण क्षेत्रों में प्रधानों को अन्ना जानवर पकड़वाकर गो संरक्षण केंद्र में पहुंचाने होंगे।
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यह होगा निर्माण
चार अलग-अलग गो वंश शेड, जिनका क्षेत्रफल 14000 वर्ग फीट होगा।
दो भूसा गोदाम जिसका क्षेत्रफल 2000 वर्ग फीट होगा।
छह कर्मचारी आवास, शौचालय एवं स्नानागार, जिसका कुल क्षेत्रफल 1100 वर्ग फीट होगा।
चारा-पानी के लिए चार चारागाह, जिनका क्षेत्रफल 800 वर्ग फीट होगा।
शेड के बाहर भी खुले क्षेत्र में कुछ चरनी, जिनका क्षेत्रफल 5400 वर्ग फीट होगा। इन पर बाद में आवश्यकतानुसार टीनशेड बनाया जाएगा।
पंप हाउस का निर्माण। इसमें सबमर्सिबल या सोलर वाटर पंप लगेगा। साथ ही 10,000 लीटर की पानी टंकी बनेगी।
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फर्रुखाबाद। जनपद के लोगों के लिए अच्छी खबर है। उन्हें जल्द ही अन्ना गोवंश से निजात की उम्मीद है। अब जिले में एक गो संरक्षण केंद्र बनाया जाएगा। इसके लिए बजट की पहली किस्त शासन ने जारी कर दी है। जिलाधिकारी की देखरेख में पशुपालन विभाग इसका निर्माण कराएगा।
गांव में किसानों के लिए अन्ना गो वंश गंभीर समस्या बनते जा रहे हैं। इनके झुंड जिस खेत में घुस जाते हैं, उसकी फसल चट कर जाते हैं। इससे किसान बर्बाद हो रहे हैं। शहर में भी अन्ना गो वंश की वजह से सब्जी विक्रेता परेशान हैं। सड़क पर गो वंशों के झुंड के कारण आए दिन दुर्घटनाएं हो रही हैं। इसी के चलते सरकार ने जिले को एक गो संरक्षण केंद्र का तोहफा दिया है। इसके लिए विभाग ने धर्मपुर कटरी में 3.5 हेक्टेयर जमीन चिह्नित की है। इसमें पशुओं के चरने के लिए चारागाह की भी व्यवस्था होगी। पशु चिकित्साधिकारी डॉ. राजकिशोर सिंह ने बताया कि इसके लिए 50 लाख रुपये की पहली किस्त शासन ने जारी कर दी है। यह पैसा जिलाधिकारी के पास पहुंचेगा। इसके बाद दूसरी किस्त में पूरा पैसा आ जाएगा। इसका कुल बजट 1.20 करोड़ है।
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नगर निकाय व प्रधान की होगी जिम्मेदारी
गो संरक्षण केंद्र तक जानवर पहुंचाने की जिम्मेदारी शहरी क्षेत्रों में नगर पालिका व नगर पंचायतों की होगी। जबकि ग्रामीण क्षेत्रों में प्रधानों को अन्ना जानवर पकड़वाकर गो संरक्षण केंद्र में पहुंचाने होंगे।
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यह होगा निर्माण
चार अलग-अलग गो वंश शेड, जिनका क्षेत्रफल 14000 वर्ग फीट होगा।
दो भूसा गोदाम जिसका क्षेत्रफल 2000 वर्ग फीट होगा।
छह कर्मचारी आवास, शौचालय एवं स्नानागार, जिसका कुल क्षेत्रफल 1100 वर्ग फीट होगा।
चारा-पानी के लिए चार चारागाह, जिनका क्षेत्रफल 800 वर्ग फीट होगा।
शेड के बाहर भी खुले क्षेत्र में कुछ चरनी, जिनका क्षेत्रफल 5400 वर्ग फीट होगा। इन पर बाद में आवश्यकतानुसार टीनशेड बनाया जाएगा।
पंप हाउस का निर्माण। इसमें सबमर्सिबल या सोलर वाटर पंप लगेगा। साथ ही 10,000 लीटर की पानी टंकी बनेगी।