{"_id":"5b3bbde74f1c1b9a468b468f","slug":"15306418947-farrukhabad-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"हंगामे की गाज पदाधिकारियों पर गिरी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
हंगामे की गाज पदाधिकारियों पर गिरी
Updated Tue, 03 Jul 2018 11:48 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अमर उजाला ब्यूरो
फर्रुखाबाद। मुख्य जोन इंचार्ज नौशाद अली के विरोध को लेकर जिले के बसपाई दो खेमों में बंट गए हैं। हंगामे के दौरान विरोधी कार्यकर्ताओं ने नौशाद अली पर पैसे लेकर पद बांटने का आरोप लगाया तो मुख्य जोन इंचार्ज डॉ. भीमराव अंबेडकर के निर्देश पर जिलाध्यक्ष ने कई पदाधिकारियों को पदमुक्त कर दिया। पदमुक्त हुए पदाधिकारियों ने नौशाद अली को हटाए जाने के लिए सड़कों पर उतरने की चेतावनी दी है।
मुख्य जोन इंचार्ज नौशाद अली का विरोध अंदर ही अंदर करीब आठ-नौ माह से जिले के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं में था। नगर पालिका चुनाव के बाद पूर्व जिलाध्यक्ष सुभाष गौतम और पूर्व मंडल कोआर्डिनेटर रजनीकांत कुशवाह समेत तीन पदाधिकारियों को पार्टी से बाहर का रास्ता दिखा दिया गया। दूसरे गुट ने इसे गंभीरता से लिया और नौशाद अली के खास माने जाने वाले पूर्व जिलाध्यक्ष श्रीकृष्ण गौतम को पार्टी से बाहर निकलवा दिया। बसपा के दोनों गुटों में ज्वालामुखी अंदर ही अंदर धधक रहा था, जो प्रदेश अध्यक्ष आरएस कुशवाह के सामने फूट पड़ा।
सदर विधानसभा अध्यक्ष अवधेश गौतम और जिला प्रभारी नितिन गौतम के साथ ही सैकड़ों कार्यकर्ताओं ने बैठक के दौरान हंगामा करते हुए नौशाद अली पर पैसे देकर पद देने के आरोप लगाए। अवधेश गौतम ने कहा कि नौशाद अली को न हटाया गया तो सड़कों पर उतरकर आंदोलन करेंगे। उन्होंने आरोप लगाया कि पदाधिकारियों की बात मंडल के पदाधिकारी बहन जी तक पहुंचने ही नहीं देते हैं। हालांकि प्रदेश अध्यक्ष ने आश्वासन दिया है कि उनकी शिकायत राष्ट्रीय अध्यक्ष तक पहुंचाई जाएगी।
विज्ञापन
जिला प्रभारी नितिन गौतम ने कहा कि नौशाद अली पद देने के नाम पर धनउगाही कर बसपा को गर्त में ले जा रहे हैं। सेक्टर अध्यक्ष विजय जयंत और अनंत कुमार को भी बगैर कारण हटा दिया गया।
जिलाध्यक्ष विजय भाष्कर ने बताया कि पूर्व जिलाध्यक्ष नगेंद्र सिंह जाटव के बहकावे में आकर विधानसभा अध्यक्ष ने हंगामा किया है। अनुशासनहीनता के चलते विधानसभा अध्यक्ष व प्रभारी समेत कई लोगों को पदमुक्त किया गया है।
ये हुए पदमुक्त
विधानसभा सदर अध्यक्ष अवधेश गौतम को हटाकर मुकेश कुमार को इस पद की जिम्मेदारी दी गई। जहांगीर मंसूरी के स्थान पर आसिफ खां को जिला उपाध्यक्ष बनाया गया। जिला महासचिव अनिल कुमार टीटू और विधानसभा भोजपुर अध्यक्ष रामदत्त गौतम को बनाया गया।
विज्ञापन
फर्रुखाबाद। मुख्य जोन इंचार्ज नौशाद अली के विरोध को लेकर जिले के बसपाई दो खेमों में बंट गए हैं। हंगामे के दौरान विरोधी कार्यकर्ताओं ने नौशाद अली पर पैसे लेकर पद बांटने का आरोप लगाया तो मुख्य जोन इंचार्ज डॉ. भीमराव अंबेडकर के निर्देश पर जिलाध्यक्ष ने कई पदाधिकारियों को पदमुक्त कर दिया। पदमुक्त हुए पदाधिकारियों ने नौशाद अली को हटाए जाने के लिए सड़कों पर उतरने की चेतावनी दी है।
मुख्य जोन इंचार्ज नौशाद अली का विरोध अंदर ही अंदर करीब आठ-नौ माह से जिले के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं में था। नगर पालिका चुनाव के बाद पूर्व जिलाध्यक्ष सुभाष गौतम और पूर्व मंडल कोआर्डिनेटर रजनीकांत कुशवाह समेत तीन पदाधिकारियों को पार्टी से बाहर का रास्ता दिखा दिया गया। दूसरे गुट ने इसे गंभीरता से लिया और नौशाद अली के खास माने जाने वाले पूर्व जिलाध्यक्ष श्रीकृष्ण गौतम को पार्टी से बाहर निकलवा दिया। बसपा के दोनों गुटों में ज्वालामुखी अंदर ही अंदर धधक रहा था, जो प्रदेश अध्यक्ष आरएस कुशवाह के सामने फूट पड़ा।
विज्ञापन
सदर विधानसभा अध्यक्ष अवधेश गौतम और जिला प्रभारी नितिन गौतम के साथ ही सैकड़ों कार्यकर्ताओं ने बैठक के दौरान हंगामा करते हुए नौशाद अली पर पैसे देकर पद देने के आरोप लगाए। अवधेश गौतम ने कहा कि नौशाद अली को न हटाया गया तो सड़कों पर उतरकर आंदोलन करेंगे। उन्होंने आरोप लगाया कि पदाधिकारियों की बात मंडल के पदाधिकारी बहन जी तक पहुंचने ही नहीं देते हैं। हालांकि प्रदेश अध्यक्ष ने आश्वासन दिया है कि उनकी शिकायत राष्ट्रीय अध्यक्ष तक पहुंचाई जाएगी।
विज्ञापन
जिला प्रभारी नितिन गौतम ने कहा कि नौशाद अली पद देने के नाम पर धनउगाही कर बसपा को गर्त में ले जा रहे हैं। सेक्टर अध्यक्ष विजय जयंत और अनंत कुमार को भी बगैर कारण हटा दिया गया।
जिलाध्यक्ष विजय भाष्कर ने बताया कि पूर्व जिलाध्यक्ष नगेंद्र सिंह जाटव के बहकावे में आकर विधानसभा अध्यक्ष ने हंगामा किया है। अनुशासनहीनता के चलते विधानसभा अध्यक्ष व प्रभारी समेत कई लोगों को पदमुक्त किया गया है।
ये हुए पदमुक्त
विधानसभा सदर अध्यक्ष अवधेश गौतम को हटाकर मुकेश कुमार को इस पद की जिम्मेदारी दी गई। जहांगीर मंसूरी के स्थान पर आसिफ खां को जिला उपाध्यक्ष बनाया गया। जिला महासचिव अनिल कुमार टीटू और विधानसभा भोजपुर अध्यक्ष रामदत्त गौतम को बनाया गया।