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बायोमैट्रिक सिस्टम फेल, हाजिरी जीरो
अमर उजाला ब्यूरो। इटावा
Updated Mon, 03 Apr 2017 10:43 PM IST
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जिला अस्पताल के सीएमएस कक्ष में चिकित्सकों की हाजिरी के बारे में जानकारी करते डीएम शमीम
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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जिलाधिकारी शमीम अहमद ने सोमवार को जिला अस्पताल का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान अस्पताल के मैनेजर ही ड्यूटी से नदारद मिले। डाक्टर और कर्मचारियों की बायोमैट्रिक हाजिरी की व्यवस्था भी ध्वस्त मिली। इसमें किसी की हाजिरी दर्ज नहीं थी। मैनेजर को डीएम ने कारण बताओ नोटिस सौंपा है। डीएम शमीम अहमद सोमवार सुबह पौने 10 बजे सीएमओ राजेश यादव के साथ जिला अस्पताल पहुंचे। वह सबसे पहले अस्पताल के मैनेजर कक्ष में पहुंचे। यहां मैनेजर डा. निखलेश ड्यूटी पर नहीं मिले। स्टाफ ने बताया कि रविवार को अवकाश के दिन वह जनपद से बाहर गए थे।
किन्हीं कारणों के चलते वह अस्पताल नहीं पहुंच पाए। डीएम ने कक्ष में लगे बायोमैट्रिक सिस्टम के बारे में जानकारी की तो मैनेजर कार्यालय में मौजूद कर्मचारी कुछ नहीं बता सके। जिस पर डीएम श्री अहमद ने गहरी नाराजगी व्यक्त की और मैनेजर को कारण बताओ नोटिस देने को कहा। इसके बाद वह अस्पताल के मेडिसिन स्टोर पहुंचे। यहां रजिस्टर के रखरखाव को देखकर भड़क गए। उन्होंने स्टोर कीपर को फटकार लगाई। अल्ट्रासाउंड कक्ष में मरीजाें की भीड़ मिली। रजिस्ट्रेशन काउंटर पर जानकारी की तो मरीजों की संख्या ज्यादा होने पर अल्ट्रासाउंड में देरी होने की बात सामने आई। यहां पर कुछ मरीजों ने डीएम से शिकायत भी की।
नंबर डिसप्ले बोर्ड का प्रयोग करें
इटावा। जिलाधिकारी को निरीक्षण के दौरान डाक्टरों के कक्ष के बाहर लगे नंबर डिसप्ले बोर्ड बंद मिले। कक्ष के बाहर मरीजों की भीड़ दिखी। उन्होंने अस्पताल प्रशासन को निर्देश दिए कि सभी डाक्टर अस्पताल पहुंचने वाले मरीजों को नंबर से देखें। डाक्टर नंबर डिसप्ले बोर्ड का प्रयोग कर एक-एक मरीज को कक्ष में बुलाएं। ताकि मरीज का समय बर्बाद न हो।
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आठ बजे से देखें मरीज
इटावा। जिलाधिकारी श्री अहमद ने अस्पताल के डाक्टरों से कहा कि वह सुबह आठ बजे अस्पताल पहुंचें और नौ बजे तक वार्ड के मरीजों को देखने का कार्य निपटाएं। सभी डाक्टर नौ बजे से अपने कक्ष में मरीजों को देखें। सभी मरीजों को निपटाकर ही कक्ष छोडे़ं। डाक्टरों और कर्मचारियों को ड्रेस कोड का पालन करने के निर्देश दिए।
48 घंटे में सुधारें व्यवस्था, फिर आएंगे
इटावा। डीएम शमीम अहमद ने अस्पताल के डाक्टरों और कर्मचारियों को 48 घंटे का समय देते हुए कहा कि वह इसके बाद फिर अस्पताल का निरीक्षण करेंगे। अगर बताई गई कमियां दूर नहीं की जातीं तो लापरवाही बरतने वाले के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
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किन्हीं कारणों के चलते वह अस्पताल नहीं पहुंच पाए। डीएम ने कक्ष में लगे बायोमैट्रिक सिस्टम के बारे में जानकारी की तो मैनेजर कार्यालय में मौजूद कर्मचारी कुछ नहीं बता सके। जिस पर डीएम श्री अहमद ने गहरी नाराजगी व्यक्त की और मैनेजर को कारण बताओ नोटिस देने को कहा। इसके बाद वह अस्पताल के मेडिसिन स्टोर पहुंचे। यहां रजिस्टर के रखरखाव को देखकर भड़क गए। उन्होंने स्टोर कीपर को फटकार लगाई। अल्ट्रासाउंड कक्ष में मरीजाें की भीड़ मिली। रजिस्ट्रेशन काउंटर पर जानकारी की तो मरीजों की संख्या ज्यादा होने पर अल्ट्रासाउंड में देरी होने की बात सामने आई। यहां पर कुछ मरीजों ने डीएम से शिकायत भी की।
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नंबर डिसप्ले बोर्ड का प्रयोग करें
इटावा। जिलाधिकारी को निरीक्षण के दौरान डाक्टरों के कक्ष के बाहर लगे नंबर डिसप्ले बोर्ड बंद मिले। कक्ष के बाहर मरीजों की भीड़ दिखी। उन्होंने अस्पताल प्रशासन को निर्देश दिए कि सभी डाक्टर अस्पताल पहुंचने वाले मरीजों को नंबर से देखें। डाक्टर नंबर डिसप्ले बोर्ड का प्रयोग कर एक-एक मरीज को कक्ष में बुलाएं। ताकि मरीज का समय बर्बाद न हो।
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आठ बजे से देखें मरीज
इटावा। जिलाधिकारी श्री अहमद ने अस्पताल के डाक्टरों से कहा कि वह सुबह आठ बजे अस्पताल पहुंचें और नौ बजे तक वार्ड के मरीजों को देखने का कार्य निपटाएं। सभी डाक्टर नौ बजे से अपने कक्ष में मरीजों को देखें। सभी मरीजों को निपटाकर ही कक्ष छोडे़ं। डाक्टरों और कर्मचारियों को ड्रेस कोड का पालन करने के निर्देश दिए।
48 घंटे में सुधारें व्यवस्था, फिर आएंगे
इटावा। डीएम शमीम अहमद ने अस्पताल के डाक्टरों और कर्मचारियों को 48 घंटे का समय देते हुए कहा कि वह इसके बाद फिर अस्पताल का निरीक्षण करेंगे। अगर बताई गई कमियां दूर नहीं की जातीं तो लापरवाही बरतने वाले के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी।